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लौकी का जूस पीने से महिला की तबीयत बिगड़ी
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स्वारघाट(बिलासपुर)। स्वारघाट क्षेत्र की एक महिला की तबियत वीरवार को लौकी के जूस के सेवन करने से काफी बिगड़ गई। परिजनों ने आनन-फानन में महिला को स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया। डॉक्टरों ने गंभीर हालत में देखकर उसे नालागढ़ अस्पताल रेफर कर दिया।
उधर, डॉक्टरों का कहना है कि अत्यधिक रसायन का छिड़काव होने से लौकी काफी जहरीली हो जाती है। ऐसे में लोगों को खून तक की उल्टियां भी होने लगती हैं। ऐसे में सेवन करने वाले व्यक्ति की जान भी जा सकती है।
मिली जानकारी के अनुसार स्वारघाट गांव निवासी मीरा देवी इन दिनों से स्वास्थ्य कारणों के चलते लौकी के जूस का सेवन करती हैं। वीरवार को स्वारघाट बाजार से ही लौकी को खरीदकर लाई। इसके बाद उन्होंने लौकी का जूस निकालकर सेवन कर लिया। हालांकि, उसका पहले की लौकियों की तुलना में स्वाद कुछ अलग था। ऐसे में जूस पीते ही महिला की स्थिति बिगड़ गई और उसे खून की उल्टियां आनी शुरू हो गई।परिजन प्राथमिक उपचार के लिए उसे स्वास्थ्य केंद्र स्वारघाट ले गए, लेकिन महिला की तबीयत ज्यादा खराब होने के चलते उसे सिविल अस्पताल नालागढ़ रेफर कर दिया गया है। बताया जा रहा है कि महिला द्वारा जिस लौकी का जूस बनाया गया है वह फूड प्वाइजनिंग हो गया था।
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कृषि विकास अधिकारी स्वारघाट प्रताप चंदेल ने बताया कि सब्जियों पर स्प्रे करने के 5 दिन बाद इन्हें इस्तेमाल में लाया जाना चाहिए। इसके प्रयोग से पूर्व स्प्रे युक्त सब्जी को नमक मिले पानी से अच्छी तरह धो लेना चाहिए। अन्यथा इससे फूड प्वाइजनिंग का खतरा बना रहता है।
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उधर, डॉक्टरों का कहना है कि अत्यधिक रसायन का छिड़काव होने से लौकी काफी जहरीली हो जाती है। ऐसे में लोगों को खून तक की उल्टियां भी होने लगती हैं। ऐसे में सेवन करने वाले व्यक्ति की जान भी जा सकती है।
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मिली जानकारी के अनुसार स्वारघाट गांव निवासी मीरा देवी इन दिनों से स्वास्थ्य कारणों के चलते लौकी के जूस का सेवन करती हैं। वीरवार को स्वारघाट बाजार से ही लौकी को खरीदकर लाई। इसके बाद उन्होंने लौकी का जूस निकालकर सेवन कर लिया। हालांकि, उसका पहले की लौकियों की तुलना में स्वाद कुछ अलग था। ऐसे में जूस पीते ही महिला की स्थिति बिगड़ गई और उसे खून की उल्टियां आनी शुरू हो गई।परिजन प्राथमिक उपचार के लिए उसे स्वास्थ्य केंद्र स्वारघाट ले गए, लेकिन महिला की तबीयत ज्यादा खराब होने के चलते उसे सिविल अस्पताल नालागढ़ रेफर कर दिया गया है। बताया जा रहा है कि महिला द्वारा जिस लौकी का जूस बनाया गया है वह फूड प्वाइजनिंग हो गया था।
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कृषि विकास अधिकारी स्वारघाट प्रताप चंदेल ने बताया कि सब्जियों पर स्प्रे करने के 5 दिन बाद इन्हें इस्तेमाल में लाया जाना चाहिए। इसके प्रयोग से पूर्व स्प्रे युक्त सब्जी को नमक मिले पानी से अच्छी तरह धो लेना चाहिए। अन्यथा इससे फूड प्वाइजनिंग का खतरा बना रहता है।