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Bilaspur News: पुराने हाईवे पर मिट्टी डंपिंग की मनमानी, निगरानी पर सवाल

Wed, 21 Oct 2026 12:26 AM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Wed, 21 Oct 2026 12:26 AM IST
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Arbitrary soil dumping on the old highway; questions raised over oversight
पुराने चंडीगढ़ मनाली हाईवे किनारे डंप की गई मिट्टी। संवाद
बामटा से बागी तक छह किलोमीटर में 20 जगह लगे ढेर, नालों के पास भी डाली मिट्टी
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संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। कीरतपुर-मनाली फोरलेन बनने के बाद पुराने चंडीगढ़-मनाली राष्ट्रीय राजमार्ग पर मिट्टी डंप करने का सिलसिला जारी है। बामटा से बागी तक करीब छह किलोमीटर के दायरे में 20 स्थानों पर मिट्टी के ढेर लगे हैं। कई जगह नालों के पास भी मिट्टी डाली गई है। इसके बावजूद इस गतिविधि पर रोक लगाने के लिए प्रभावी कार्रवाई होती नजर नहीं आ रही है। सड़क किनारे जगह-जगह लगे मिट्टी के ढेर संबंधित विभागों की निगरानी पर सवाल खड़े कर रहे हैं।
फोरलेन बनने के बाद पुराने राष्ट्रीय राजमार्ग की स्थिति बदल गई है। बागी से बिलासपुर की ओर, पल्यानीघाट से सुंगल और फिर बामटा तक सड़क किनारे मिट्टी और मलबे के ढेर दिखाई दे रहे हैं। बामटा से बागी तक महज छह किलोमीटर के हिस्से में 20 स्थानों पर डंपिंग होना समस्या की गंभीरता को उजागर करता है। मिट्टी को निर्धारित स्थान पर ले जाने के बजाय सड़क किनारे ही छोड़ा जा रहा है।
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सड़क किनारे इतनी बड़ी संख्या में मिट्टी के ढेर लगने से सवाल उठ रहे हैं कि आखिर इसे कौन डाल रहा है और क्या इसके लिए संबंधित विभाग से अनुमति ली गई है। हालांकि, मिट्टी डंप करने वालों की पहचान और उनके पास अनुमति होने या न होने की स्थिति अभी स्पष्ट नहीं है। ऐसे में संबंधित विभाग को मौके का निरीक्षण कर जिम्मेदार लोगों की पहचान करनी चाहिए। साथ ही यह भी स्पष्ट होना चाहिए कि मिट्टी डालने के लिए निर्धारित नियमों का पालन किया जा रहा है या नहीं। मामला केवल सड़क किनारे मिट्टी के ढेर लगने तक सीमित नहीं है। कई स्थानों पर नालों के पास भी मिट्टी डाली गई है। इससे पानी की निकासी प्रभावित होने की आशंका है। बरसात के दौरान मिट्टी बहकर नालों में पहुंच सकती है, जिससे पानी के प्राकृतिक बहाव में बाधा आ सकती है। ऐसी स्थिति में आसपास के क्षेत्रों में जल निकासी की समस्या पैदा हो सकती है। संबंधित अधिकारियों को मौके का निरीक्षण कर नालों के आसपास डाली गई मिट्टी की स्थिति का आकलन करना चाहिए, ताकि पानी के बहाव पर प्रतिकूल असर पड़ने से रोका जा सके।
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पहचान कर जारी किए जाएंगे नोटिस
लोक निर्माण विभाग बिलासपुर के अधिशासी अभियंता रोहित गुप्ता ने कहा कि पुराने राष्ट्रीय राजमार्ग पर मिट्टी डंप करने वालों का पता लगाया जाएगा। इसके बाद संबंधित लोगों को नोटिस जारी किए जाएंगे। अब देखना होगा कि विभाग की ओर से पहचान और नोटिस जारी करने की प्रक्रिया कितनी जल्दी पूरी होती है। साथ ही सड़क किनारे जगह-जगह लगे मिट्टी के ढेर हटाने के लिए क्या कदम उठाए जाते हैं।

पुराने चंडीगढ़ मनाली हाईवे किनारे डंप की गई मिट्टी। संवाद

पुराने चंडीगढ़ मनाली हाईवे किनारे डंप की गई मिट्टी। संवाद

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