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जिला में लिंगानुपात में सुधार,1000 के मुकाबले 1022 बेटियां

Fri, 30 Nov 2018 11:08 PM IST
Updated Fri, 30 Nov 2018 11:08 PM IST
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जिला में लिंगानुपात में सुधार,1000 के मुकाबले 1022 बेटियां

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जिला में लिंगानुपात में सुधार,1000 के मुकाबले 1022 बेटियां
‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ अभियान के तहत बेटियों को करेंगे सम्मानित : भाटिया
जिला प्रशासन की मुस्कान योजना ने भी जिला में दिखाया अपना असर
अमर उजाला ब्यूरो
बिलासपुर। जिला में लिंगानुपात में बेहतर सुधार हुआ है। ताजा आंकड़ों की बात करें तो जिला में अब लिंगानुपात में 1000 लड़कों के मुकाबले 1022 बेटियों तक पहुंचा है। यह सब जिला प्रशासन की ओर से पूर्व में चलाई गई मुस्कान योजना का भी असर है।
उपायुक्त विवेक भाटिया ने ‘बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ’ अभियान के तहत आयोजित टास्क फोर्स की बैठक की अध्यक्षता करते कहा कि पिछले कुछ अर्से से प्रशासन द्वारा लिंगानुपात में समानता लाने के लिए किए जा रहे प्रयासों का प्रतिफल यह है कि लोगों में लड़का-लड़की एक समान की विचारधारा पनपने लगी है।
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‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ अभियान में बेहतरीन कार्य करने वाली आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं व पंचायतों को प्रशासन की ओर से सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रशासन द्वारा जिला में शतप्रतिशत परिणाम व शिक्षा में गुणवत्ता बढ़ाने के उद्देश्य से आयोजित की जाने वाली प्री-बोर्ड की परीक्षाओं में ब्लॉक स्तर पर 10वीं व 12वीं की कक्षाओं में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली बेटियों को प्रशासन की ओर से सम्मानित किया जाएगा।
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जबकि आगामी बोर्ड की जमा दो की परीक्षाओं में जिला में प्रथम स्थान पर आने वाली बेटी को प्रशासन द्वारा 21 हजार देकर पुरस्कृत किया जाएगा। उन्होंने विभाग को दिशा-निर्देश देते हुए कहा कि जिला में ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ अभियान को गति देने के लिए जनमंच कार्यक्रम के तहत आयोजित की जाने वाली प्री-जनमंच गतिविधियों में भी ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ के बारे में लोगों को जागरूक करें तथा अन्य गतिविधियों के साथ नुक्कड़ नाटकों का आयोजन करके भी जागरूकता का संदेश दें।
उन्होंने बताया कि हर माह के प्रथम शुक्रवार को मातृ-शिशु बैठकों का आयोजन किया जा रहा है जिसके माध्यम से लोगों में बेटा-बेटी एक समान धारणा का संदेश दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि लोगों को घरद्वार पर ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ के बारे में जागरूक करने के लिए आशा वर्कर और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को जागरूकता किटें उपलब्ध करवाई जाएंगी ताकि वे सप्ताह में दो बार मिलकर फील्ड में प्रचार प्रसार कर लोगों को जागरूक करें।

उन्होंने सीडीपीओ को भी निर्देश दिए कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का मनोबल बढ़ाने के लिए वे भी फील्ड में जाएं। इस अवसर पर जिला कार्यक्रम अधिकारी अंजू बाला,एसडीएम प्रियंका वर्मा, एसडीएम शशिपाल शर्मा, एएसपी भागमल, पीओ डीआरडीए संजीत सिंह, डॉ.ऋषि टंडन मौजूद रहे।
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...ब्यूरो
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