फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Bilaspur News ›   वाल्मीकि परिवारों ने मांगा मालिकाना हक

वाल्मीकि परिवारों ने मांगा मालिकाना हक

Mon, 05 Feb 2018 10:47 PM IST
Updated Mon, 05 Feb 2018 10:47 PM IST
विज्ञापन
वाल्मीकि परिवारों ने मांगा मालिकाना हक
- फोटो : amarujala
बिलासपुर। बिलासपुर के लोअर निहाल सेक्टर में रहने वाले वाल्मीकि परिवारों ने सोमवार को बिटिया फाउंडेशन की प्रदेशाध्यक्ष सीमा सांख्यान की अगुवाई में एडीएम विनय कुमार के माध्यम से मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर को ज्ञापन भेजा। इस अवसर पर अर्द्धनारीश्वर समाज सेवा समिति की अध्यक्ष बिजली महंत भी मौजूद रहीं।
विज्ञापन

ज्ञापन में मांग की गई कि प्रदेश सरकार बिलासपुर के वाल्मीकि समुदाय को सही तरीके से निवास की सुविधा उपलब्ध करवाए। 60 के दशक में नए बिलासपुर के निर्माण के साथ ही वाल्मीकि समुदाय के परिवार शहर में आकर बसे और शहर की साफ-सफाई का जिम्मा यही वाल्मीकि समुदाय संभालते आ रहा है। वाल्मीकि समुदाय 55-60 वर्षों से यहां के निवासी नहीं माने जा रहे व वर्तमान में सरकारी भूमि पर ही अपने छोटे-मोटे घर बनाकर रहते हैं। न तो वाल्मीकि समुदाय के नाम कोई जमीन है और न ही मकानों का मालिकाना हक है। इन लोगों की समस्या यह है कि मकान इनके नाम न होने के चलते इन्हें बिजली व पानी के कनेक्शन नहीं मिल पा रहे। बिजली के अस्थायी कनेक्शन मिले हैं। जिन पर बिजली का बिल शहर के अन्य घरों की तुलना में दोगना से तिगुना आ रहा है। जबकि ये लोग आर्थिक रूप से संपन्न नहीं हैं। इन लोगों के यहां के निवासी होने के प्रमाण पत्र भी इनके नाम जमीन न होने के चलते नहीं बन पा रहे। इस कारण आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को मिलने वाली सरकारी सुविधाएं भी वाल्मीकि समुदाय को नहीं मिल रहीं। ज्ञापन में मांग की गई कि बिलासपुर में वाल्मीकि समुदाय के लोगों को इनके घरों का मालिकाना हक दिया जाए ताकि ये लोग भी अन्य लोगों के समान ही बिजली, पानी, शिक्षा व स्वास्थ्य सहित अन्य क्षेत्रों में मिल रही सरकारी सुविधाओं का लाभ उठा सकें। ज्ञापन में यह भी कहा गया कि यदि सरकार ने इस समुदाय की समस्या को दूर करने के लिए सकारात्मक कदम नहीं उठाए तो मजबूर होकर समुदाय के लोगों को आंदोलन करने पर मजबूर होना पड़ेगा।
विज्ञापन

प्रतिनिधिमंडल में आरती, कश्मीरी, कमलेश, संतोष, शीला, आशीष, विपिन, ममता, सुंदरा देवी, परमजीत, लक्ष्मी, दीक्षा, सन्नी, बबीता, कृश, सुनीता, रूपी, सत्या, प्रीति, दीपा, सुमन, प्रवीण, किरण, कुसुम सहित अन्य लोग शामिल रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed