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Sonipat News: खरखौदा और गोहाना में बंद तो गन्नौर में खुले रहे मेडिकल स्टोर

Wed, 20 May 2026 07:39 PM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत Updated Wed, 20 May 2026 07:39 PM IST
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Medical stores remained open in Gannaur while they were closed in Kharkhoda and Gohana.
फोटो : सोनीपत में गुड़ मंडी के पास एक​त्रित होकर विरोध जाते मेडिकल स्टोर संचालक। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
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सोनीपत/गोहाना/खरखौदा। दवाइयों की ऑनलाइन बिक्री के विरोध में बुधवार को 70 फीसदी संचालकों ने मेडिकल स्टोर बंद रखे। ऑल इंडिया ऑर्गेनाइजेशन ऑफ केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट के आह्वान पर मेडिकल संचालकों ने दवाइयों की ऑनलाइन बिक्री का विरोध किया।
सोनीपत शहर में चुनिंदा दुकानें खुली हुई थी तो गन्नौर शहर में विरोध का असर दिखाई नहीं दिया। वहीं, खरखौदा व गोहाना शहर में पूर्ण रूप से मेडिकल स्टोरों पर ताला लटका रहा। केमिस्टों का कहना है कि ऑनलाइन फार्मेसी कंपनियां भारी छूट देकर छोटे दुकानदारों के कारोबार को प्रभावित कर रही हैं।
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मेडिकल स्टोर संचालकों ने गुड़ मंडी और जिला अस्पताल के बाहर एकत्रित होकर विरोध जताया। साथ ही लोगों से भी ऑनलाइन फार्मेसी से दवाएं न मंगवाने का अनुरोध किया। जिला सोनीपत दवा एसोसिएशन के अध्यक्ष सुरेश कादियान ने बताया कि ऑनलाइन दवाओं की गुणवत्ता की कोई प्रमाणिकता नहीं है।
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उन्होंने कहा कि ऑनलाइन फार्मेसी कंपनियों की ओर से बेची गई वैक्सीन, इंसुलिन इत्यादि दवाओं का तापमान भी नियंत्रित नहीं होता लेकिन फिर भी अधिक डिस्काउंट का लालच देकर यह लोग मरीजों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं। मेडिकल स्टोर बंद करने का उद्देश्य ऑनलाइन दवाओं की बिक्री का विरोध करना है।
गोहाना केमिस्ट एसोसिएशन के प्रधान प्रदीप चहल ने कहा कि ऑनलाइन कंपनियों की वजह से स्थानीय मेडिकल स्टोर संचालकों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो रहा है। उन्होंने कहा कि दवाइयों की बिक्री केवल पंजीकृत फार्मासिस्ट की निगरानी में ही होनी चाहिए।
बिना उचित चिकित्सकीय सलाह के ऑनलाइन दवाइयां उपलब्ध कराना लोगों के स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक साबित हो सकता है। खरखौदा दवा विक्रेता एसोसिएशन का आरोप है कि कई ऑनलाइन कंपनियां प्रतिबंधित और बिना डॉक्टर की पर्ची वाली दवाएं भी उपलब्ध करा रही हैं।
स्थानीय दवा विक्रेताओं को सरकार की गाइडलाइन का सख्ती से पालन करना पड़ता है। नियमों के उल्लंघन पर उनके खिलाफ कार्रवाई भी की जाती है। दवा विक्रेताओं ने कहा कि मरीजों की सुरक्षा को देखते हुए दवाओं की बिक्री नियंत्रित व्यवस्था के तहत होनी चाहिए। एसोसिएशन ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द ध्यान नहीं दिया गया तो आंदोलन को आगे बढ़ाते हुए भविष्य में अनिश्चितकालीन हड़ताल पर भी विचार किया जाएगा।
इस दौरान गोहाना में हरी प्रकाश, दीपक अरोड़ा व सोनीपत में सत्यव्रत दहिया, राजकुमार भारद्वाज, आशीष दुआ, फकीर चंद, प्रदीप कुमार, राजन वर्मा, राजेश धवन, निखिल आनंद, राजेश गुप्ता, पवन अग्रवाल, प्रवेश शर्मा, आकाश गुप्ता, ललित कथूरिया मौजूद रहे।

उन्होंने केंद्र सरकार से ऑनलाइन दवा बिक्री पर सख्त नियम लागू करने और स्थानीय दवा विक्रेताओं के हितों की रक्षा करने की मांग की।

फोटो : सोनीपत में गुड़ मंडी के पास एकत्रित होकर विरोध जाते मेडिकल स्टोर संचालक। संवाद

फोटो : सोनीपत में गुड़ मंडी के पास एकत्रित होकर विरोध जाते मेडिकल स्टोर संचालक। संवाद

फोटो : सोनीपत में गुड़ मंडी के पास एकत्रित होकर विरोध जाते मेडिकल स्टोर संचालक। संवाद

फोटो : सोनीपत में गुड़ मंडी के पास एकत्रित होकर विरोध जाते मेडिकल स्टोर संचालक। संवाद

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