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युवक की गोली मारकर हत्या करने के दोषी को उम्रकैद
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युवक की गोली मारकर हत्या करने के दोषी को उम्रकैद
पत्नी की सड़क हादसे में मौत के लिए सन्नी को जिम्मेदार मानता था दोषी
इसी रंजिश के चलते युवक की बहालगढ़ रोड पर फिम्स अस्पताल के पास कर दी हत्या
अदालत ने दोषी पर 32500 रुपये जुर्माना भी किया
संवाद न्यूज एजेंसी
सोनीपत। जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रमोद गोयल की अदालत ने युवक की गोली मारकर हत्या करने के दोषी को उम्रकैद की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी पर 32500 रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना नहीं भरने पर 19 माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। दोषी अपनी पत्नी की सड़क हादसे में मौत के लिए युवक को जिम्मेदार मानता था।
गांव बुसाना निवासी रूपराम ने 2 सितंबर, 2017 को सदर थाना सोनीपत पुलिस को बताया था कि वह दिल्ली एयरपोर्ट में नौकरी करते हैं। वह घटना के दिन अपने साले व साथी कर्मी बुटाना निवासी सन्नी व बुटाना के सुनील के साथ कार में सवार होकर गांव से दिल्ली एयरपोर्ट जा रहा थे। वे रात करीब साढ़े आठ बजे फिम्स अस्पताल के पास राठधना मोड़ पर पहुंचे तो एक अन्य कार सवार ने अपनी कार उनकी कार के आगे अड़ा दिया था। कार के रुकते ही दूसरी कार से हमलावर नीचे उतरा और सन्नी के सिर में दो गोलियां मार दी थीं, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई थी। सन्नी अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था। सन्नी के साथी कर्मियों ने मामले की सूचना पुलिस को दी थी। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी थी। मामले में हत्या का आरोप राठधना के सुरेश पर लगा था।
पुलिस के अनुसार जांच में पता लगा था कि राठधना के सुरेश की पत्नी की पिनाना-बिधल के पास सड़क हादसे में मौत हो गई थी। जिसके लिए वह सन्नी को जिम्मेदार मानता था। पुलिस ने मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी थी। तत्कालीन जांच अधिकारी रणबीर सिंह की टीम ने आरोपी सुरेश को गिरफ्तार कर लिया था। उसे अदालत में पेश कर जेल भेज दिया गया था। मामले की सुनवाई के बाद जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रमोद गोयल की अदालत ने आरोपी सुरेश को दोषी करार दिया है। अदालत ने सुरेश को भादंसं की धारा 302 में उम्रकैद व 25 हजार रुपये जुर्माना, अवैध शस्त्र अधिनियम में दो साल की कैद व 2500 रुपये जुर्माना तथा शस्त्र अधिनियम में पांच साल की कैद व 5 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना अदा न करने पर 19 माह अतिरिक्त कैद की सजा भुगतनी होगी।
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पत्नी की सड़क हादसे में मौत के लिए सन्नी को जिम्मेदार मानता था दोषी
इसी रंजिश के चलते युवक की बहालगढ़ रोड पर फिम्स अस्पताल के पास कर दी हत्या
अदालत ने दोषी पर 32500 रुपये जुर्माना भी किया
संवाद न्यूज एजेंसी
सोनीपत। जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रमोद गोयल की अदालत ने युवक की गोली मारकर हत्या करने के दोषी को उम्रकैद की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी पर 32500 रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना नहीं भरने पर 19 माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। दोषी अपनी पत्नी की सड़क हादसे में मौत के लिए युवक को जिम्मेदार मानता था।
गांव बुसाना निवासी रूपराम ने 2 सितंबर, 2017 को सदर थाना सोनीपत पुलिस को बताया था कि वह दिल्ली एयरपोर्ट में नौकरी करते हैं। वह घटना के दिन अपने साले व साथी कर्मी बुटाना निवासी सन्नी व बुटाना के सुनील के साथ कार में सवार होकर गांव से दिल्ली एयरपोर्ट जा रहा थे। वे रात करीब साढ़े आठ बजे फिम्स अस्पताल के पास राठधना मोड़ पर पहुंचे तो एक अन्य कार सवार ने अपनी कार उनकी कार के आगे अड़ा दिया था। कार के रुकते ही दूसरी कार से हमलावर नीचे उतरा और सन्नी के सिर में दो गोलियां मार दी थीं, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई थी। सन्नी अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था। सन्नी के साथी कर्मियों ने मामले की सूचना पुलिस को दी थी। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी थी। मामले में हत्या का आरोप राठधना के सुरेश पर लगा था।
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पुलिस के अनुसार जांच में पता लगा था कि राठधना के सुरेश की पत्नी की पिनाना-बिधल के पास सड़क हादसे में मौत हो गई थी। जिसके लिए वह सन्नी को जिम्मेदार मानता था। पुलिस ने मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी थी। तत्कालीन जांच अधिकारी रणबीर सिंह की टीम ने आरोपी सुरेश को गिरफ्तार कर लिया था। उसे अदालत में पेश कर जेल भेज दिया गया था। मामले की सुनवाई के बाद जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रमोद गोयल की अदालत ने आरोपी सुरेश को दोषी करार दिया है। अदालत ने सुरेश को भादंसं की धारा 302 में उम्रकैद व 25 हजार रुपये जुर्माना, अवैध शस्त्र अधिनियम में दो साल की कैद व 2500 रुपये जुर्माना तथा शस्त्र अधिनियम में पांच साल की कैद व 5 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना अदा न करने पर 19 माह अतिरिक्त कैद की सजा भुगतनी होगी।
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