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Sonipat News: सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा के शुभारंभ पर निकाली कलश यात्रा
Mon, 11 Aug 2025 12:45 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Mon, 11 Aug 2025 12:45 AM IST
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फोटो 15: सोनीपत के गन्नौर स्थित गढ़ी केसरी में श्रीमद्भागवत सप्ताह कथा के शुभारंभ से पहले कलश य
- फोटो : mathura
गन्नौर। गढ़ी केसरी स्थित राधे कृष्ण मंदिर में कंठी माता सेवा समिति की ओर से रविवार को सात दिवसीय श्रीमद्भागवत सप्ताह कथा का शुभारंभ हुआ। इससे पूर्व महिलाओं ने कलश यात्रा निकाली। इसका पूरे गांव में महिलाओं व पुरुषों ने स्वागत किया। पूजन के बाद वेद मंत्रों के साथ कलश स्थापित कर श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ हुआ।
कथावाचक कार्ष्णि पं. राधारमण शास्त्री ने कहा कि सभी जीव ईश्वर का स्वरूप होते हैं, फिर भी जीव ईश्वर को पहचानने का प्रयत्न नहीं करता है। इसी कारण उसे आनंद की प्राप्ति नहीं होती है। उन्होंने कहा कि भागवत जीवन दर्शन का ग्रंथ है। यह जीवन जीने की कला का मार्ग दर्शन कराता है। सभी कथाओं में श्रीमद्भागवत कथा श्रेष्ठ है।
जिस स्थान पर भागवत कथा का आयोजन होता है, वह तीर्थ स्थल कहलाता है। इसे सुनने और आयोजन करने का सौभाग्य प्रभु प्रेमियों को ही मिलता है। इसके सुनने से मनुष्य बुराई त्याग कर धर्म के रास्ते पर चलने के साथ-साथ मोक्ष को प्राप्त करता है।
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कथावाचक कार्ष्णि पं. राधारमण शास्त्री ने कहा कि सभी जीव ईश्वर का स्वरूप होते हैं, फिर भी जीव ईश्वर को पहचानने का प्रयत्न नहीं करता है। इसी कारण उसे आनंद की प्राप्ति नहीं होती है। उन्होंने कहा कि भागवत जीवन दर्शन का ग्रंथ है। यह जीवन जीने की कला का मार्ग दर्शन कराता है। सभी कथाओं में श्रीमद्भागवत कथा श्रेष्ठ है।
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जिस स्थान पर भागवत कथा का आयोजन होता है, वह तीर्थ स्थल कहलाता है। इसे सुनने और आयोजन करने का सौभाग्य प्रभु प्रेमियों को ही मिलता है। इसके सुनने से मनुष्य बुराई त्याग कर धर्म के रास्ते पर चलने के साथ-साथ मोक्ष को प्राप्त करता है।
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