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केबल संचालक की गोली मारकर हत्या करने के मामले में कुख्यात देवेंद्र उर्फ लीलू को भी उम्रकैद

Sat, 02 Feb 2019 12:54 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Sat, 02 Feb 2019 12:54 AM IST
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केबल संचालक की गोली मारकर हत्या करने के मामले में कुख्यात देवेंद्र उर्फ लीलू को भी उम्रकैद

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केबल संचालक की हत्या करने वाले कुख्यात देवेंद्र उर्फ लीलू को उम्रकैद
अमर उजाला ब्यूरो
सोनीपत। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश राजेश शर्मा की अदालत ने केबल संचालक की हत्या के मामले में आरोपी कुख्यात देवेंद्र उर्फ लीलू को दोषी करार दिया है। दोषी को उम्रकैद की सजा सुनाई गई है। मामले में पांच आरोपियों को पहले ही दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा दी जा चुकी है।
विदित रहे कि 21 जून 2011 को मूलरूप से झज्जर के गांव रोहट व घटना के समय मॉडल टाउन निवासी अनिल ने पुलिस को बताया कि वह अपने भाई सुनील के साथ कार में सवार होकर सेक्टर-15 गुरुद्वारे के नजदीक से गुजर रहा था। इसी दौरान बाइक सवार युवकों ने गाड़ी रुकवाकर गोली चला दी थी। गोली सुनील के कंधे में लगी थी। इसके बाद कार की खिड़की खोलकर एक युवक ने सुनील के सिर में गोली मार दी थी। जिससे उसके भाई की मौके पर ही मौत हो गई थी। मामले में अनिल की शिकायत पर पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर लिया था। अनिल ने बताया था कि 10 दिसंबर, 2007 को उनकी भठगांव निवासी कुलदीप के साले बीरसेन के साथ लड़ाई हुई थी। जिसमें कुलदीप के साले की मौत हो गई थी। उसी की हत्या का बदला लेने के लिए उसके भाई की हत्या करवाई गई। मामले में कुलदीप के साथ ही हरसाना के नवीन, मूलरूप से जटवाड़ा व घटना के समय राजीव कालोनी निवासी प्रवीन, कथूरा के बिजेंद्र, कामी का देवेंद्र उर्फ लीलू भी शामिल रहा था। जांच मेें सामने आया था कि कुलदीप ने हत्या की साजिश रची थी। मामले में कामी के देवेंद्र उर्फ लीलू की गिरफ्तारी हुई तो उसने हत्या में शामिल रहने की बात कही थी। पुलिस ने मामले में कुलदीप, नवीन, प्रवीन, बिजेंद्र, दिल्ली के नरेंद्र उर्फ नंदू, कामी के पवन को काबू किया था। बाद में देवेंद्र उर्फ कामी जमानत पर फरार हो गया था। मामले में फरवरी, 2016 में तत्कालीन एएसजे प्रवीण कुमार की अदालत ने कुलदीप, प्रवीन, नरेंद्र, पवन और नवीन को दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई थी।
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बाद में गाजियाबाद पुलिस ने देवेंद्र उर्फ लीलू को गिरफ्तार कर लिया था। सोनीपत पुलिस उसे प्रोडक्शन वारंट पर लाई थी। अब मामले में एएसजे राजेश शर्मा की अदालत ने सुनवाई करते हुए सुनील हत्याकांड में देवेंद्र उर्फ लीलू को उम्रकैद की सजा सुनाई।
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एक साल पहले हत्या के एक अन्य मामले में हो चुकी है उम्रकैद
कुख्यात देवेंद्र उर्फ लीलू को करीब एक साल पहले पुरखास के अजीत पहलवान हत्याकांड में भी उम्रकैद की सजा सुनाई जा चुकी है। जिसमें उस पर पहलवान की हत्या करने के मामले में दोष साबित हो गया था।

गाजियाबाद की स्नेपडिल इंजीनियर के अपहरण के बाद सुर्खियों में आया
सुनील की हत्या में जमानत के बाद से देवेंद्र उर्फ लीलू फरार चल रहा था। बाद में फरवरी, 2016 में गाजियाबाद में स्नेपडिल की इंजीनियर दीप्ति सरन अपहरण कांड में उसका नाम आया था। जिसमेें गाजियाबाद पुलिस ने देवेंद्र उर्फ लीलू को गिरफ्तार किया था। देवेंद्र को सोनीपत पुलिस प्रोडक्शन वारंट पर लेकर आई थी।
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