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Sonipat News: चिंता-रोहणा माइनर में 10 वर्ष से नहीं आ रहा पानी
Mon, 14 Oct 2024 06:02 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Mon, 14 Oct 2024 06:02 AM IST
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खरखौदा। गांव रोहणा में भारतीय किसान यूनियन (अंबावता) ग्रुप के किसानों की बैठक हुई।
प्रदेशाध्यक्ष दिलबाग हुड्डा ने बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि किसानों की फसलों का न्यूनतम समर्थन मूल्य (एसएसपी) लिखित में लागू किया जाए, ताकि उन्हें अपनी उपज का सही मूल्य मिल सके। उन्होंने रोहणा माइनर में 10 वर्ष से पानी की आपूर्ति न होने की समस्या पर भी चिंता जताई।
प्रदेशाध्यक्ष दिलबाग हुड्डा ने कहा कि पानी की कमी के कारण किसान खेतों की सिंचाई नहीं कर पा रहे हैं। जिससे उनकी फसलें प्रभावित हो रही हैं। डीएपी खाद की कमी ने भी गेहूं व सरसों की बिजाई पर बुरा असर डाला है। गांव के जिन किसानों के पास पशुधन है, वह अपने पशुओं को तालाब का दूषित पानी पिलाने के लिए विवश हैं। तालाबों के दूषित पानी से पशु बीमार हो रहे हैं। किसानों ने तालाबों की सफाई व स्वच्छ पानी की व्यवस्था करने की मांग की।
आरोप है कि किसानों की फसलें खरीदी नहीं जाती हैं और खाद की कमी के कारण समय पर बुवाई नहीं हो पाती, जिससे उत्पादन प्रभावित होता है। किसानों ने सरकार से मांग की है कि फसलों की बुवाई के लिए समय पर खाद व अन्य संसाधन उपलब्ध कराए जाएं, ताकि उन्हें आर्थिक नुकसान न झेलना पड़े।
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अन्य समस्याओं का भी जल्द समाधान किया जाए। बैठक में जिला के उप प्रधान संजय रोहणा, खरखौदा ब्लाॅक के अध्यक्ष धर्म सिंह, वेद आंतिल राई, बलजीत गन्नौर, धर्मवीर, प्रताप, रामधन, रोहतास बेनीवाल शेखपुरा, नफे सिंह, ठरू, महेंद्र, वीरेंद्र बसौदी व कृष्ण मौजूद रहे।
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प्रदेशाध्यक्ष दिलबाग हुड्डा ने बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि किसानों की फसलों का न्यूनतम समर्थन मूल्य (एसएसपी) लिखित में लागू किया जाए, ताकि उन्हें अपनी उपज का सही मूल्य मिल सके। उन्होंने रोहणा माइनर में 10 वर्ष से पानी की आपूर्ति न होने की समस्या पर भी चिंता जताई।
प्रदेशाध्यक्ष दिलबाग हुड्डा ने कहा कि पानी की कमी के कारण किसान खेतों की सिंचाई नहीं कर पा रहे हैं। जिससे उनकी फसलें प्रभावित हो रही हैं। डीएपी खाद की कमी ने भी गेहूं व सरसों की बिजाई पर बुरा असर डाला है। गांव के जिन किसानों के पास पशुधन है, वह अपने पशुओं को तालाब का दूषित पानी पिलाने के लिए विवश हैं। तालाबों के दूषित पानी से पशु बीमार हो रहे हैं। किसानों ने तालाबों की सफाई व स्वच्छ पानी की व्यवस्था करने की मांग की।
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आरोप है कि किसानों की फसलें खरीदी नहीं जाती हैं और खाद की कमी के कारण समय पर बुवाई नहीं हो पाती, जिससे उत्पादन प्रभावित होता है। किसानों ने सरकार से मांग की है कि फसलों की बुवाई के लिए समय पर खाद व अन्य संसाधन उपलब्ध कराए जाएं, ताकि उन्हें आर्थिक नुकसान न झेलना पड़े।
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अन्य समस्याओं का भी जल्द समाधान किया जाए। बैठक में जिला के उप प्रधान संजय रोहणा, खरखौदा ब्लाॅक के अध्यक्ष धर्म सिंह, वेद आंतिल राई, बलजीत गन्नौर, धर्मवीर, प्रताप, रामधन, रोहतास बेनीवाल शेखपुरा, नफे सिंह, ठरू, महेंद्र, वीरेंद्र बसौदी व कृष्ण मौजूद रहे।