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Sonipat News: मारपीट और धमकी देने के आरोपी मिली नियमित जमानत
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सोनीपत। जिला एवं सत्र न्यायाधीश जगजीत सिंह की अदालत ने सदर थाना सोनीपत में दर्ज मारपीट और धमकी के मामले में आरोपी हिमांशु को नियमित जमानत दे दी। अदालत ने एक लाख रुपये के जमानती बांड और इतनी ही राशि के एक जमानती की शर्त पर जमानत मंजूर की।
मामले में हिमांशु के खिलाफ 18 जुलाई 2024 को प्राथमिकी दर्ज हुई थी। शिकायतकर्ता मनोज ने आरोप लगाया था कि आरोपियों ने उसके साथ मारपीट कर गंभीर चोट पहुंचाई और धमकी दी।
हिमांशु की ओर से अधिवक्ता ने अदालत में दलील दी कि नौ जुलाई 2026 को तारीख को लेकर गलतफहमी के कारण वह पेश नहीं हो सका। उसकी अनुपस्थिति जानबूझकर नहीं थी। इसके बाद अदालत ने उसके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किए। वह सात अगस्त को भी पेश नहीं हुआ और बाद में सात सितंबर को स्वयं अदालत में समर्पण कर दिया। इसके बाद से वह न्यायिक हिरासत में था।
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सरकारी पक्ष ने जमानत का विरोध करते हुए कहा कि आरोपी दोबारा जमानत मिलने पर इसका दुरुपयोग कर सकता है। अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद कहा कि आरोपी पहले जमानत पर था और बाद में उसने स्वयं अदालत में समर्पण किया। इन परिस्थितियों में उसे अपने आचरण में सुधार का एक अवसर दिया जाना उचित है। इसी आधार पर अदालत ने जमानत आवेदन मंजूर कर लिया।
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मामले में हिमांशु के खिलाफ 18 जुलाई 2024 को प्राथमिकी दर्ज हुई थी। शिकायतकर्ता मनोज ने आरोप लगाया था कि आरोपियों ने उसके साथ मारपीट कर गंभीर चोट पहुंचाई और धमकी दी।
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हिमांशु की ओर से अधिवक्ता ने अदालत में दलील दी कि नौ जुलाई 2026 को तारीख को लेकर गलतफहमी के कारण वह पेश नहीं हो सका। उसकी अनुपस्थिति जानबूझकर नहीं थी। इसके बाद अदालत ने उसके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किए। वह सात अगस्त को भी पेश नहीं हुआ और बाद में सात सितंबर को स्वयं अदालत में समर्पण कर दिया। इसके बाद से वह न्यायिक हिरासत में था।
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सरकारी पक्ष ने जमानत का विरोध करते हुए कहा कि आरोपी दोबारा जमानत मिलने पर इसका दुरुपयोग कर सकता है। अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद कहा कि आरोपी पहले जमानत पर था और बाद में उसने स्वयं अदालत में समर्पण किया। इन परिस्थितियों में उसे अपने आचरण में सुधार का एक अवसर दिया जाना उचित है। इसी आधार पर अदालत ने जमानत आवेदन मंजूर कर लिया।