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Sirsa News: आठ गांवों में गहराया जल संकट
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गांव मम्मड़ के ग्रामीण लघु सचिवालय में डीसी को ज्ञापन देने के लिए जाते हुए।
सिरसा। माइनर की टेल तक पानी न पहुंचने से परेशान आठ गांवों के किसान मंगलवार को लघु सचिवालय पहुंचे और अपनी मांग के लिए डीसी शांतनु शर्मा को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में किसानों ने बताया कि एमएमके व नथोर माइनर की टेल तक पानी पूरा नहीं आ रहा है। दो माह नहर बंदी चली, इसके बाद जो पानी दिया गया वह टेल तक नहीं पहुंचा।
तीन बार बीच में ही नहर बंद कर दी गई। सिंचाई विभाग के अधिकारी 11 जून को पानी देने की बात कह रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि नहर की पटरी कमजोर है और सफाई भी नहीं की गई है। अब नरमे बिजाई का सीजन जा चुका है और ग्वार-बाजरे का समय चल रहा है। अगर सिंचाई के लिए पूरा पानी दो सप्ताह नहीं मिला तो किसान के पास कोई विकल्प नहीं होगा, सिवाय भूख मरने के।
इसलिए किसानों को जल्द पानी दिया जाए। ऐसा न किया गया तो किसानों को मजबूरन आंदोलन करना पड़ेगा। किसानों ने डीसी से मांग की कि गोलेवाला हेड से बुर्जी नंबर 134400 तक नहर की री मॉडलिंग जल्द से जल्द कराई जाए ताकि नहर में पानी पूरा चल सके। इस मौके पर गांव केहरवाला, मम्मड़ खेड़ा, सेनपाल, सेनपाल कोठा, नथोर, कालुआना, अहमदपुर दारेवाला व मतुवाला के सैकड़ों ग्रामीण मौजूद थे।
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तीन बार बीच में ही नहर बंद कर दी गई। सिंचाई विभाग के अधिकारी 11 जून को पानी देने की बात कह रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि नहर की पटरी कमजोर है और सफाई भी नहीं की गई है। अब नरमे बिजाई का सीजन जा चुका है और ग्वार-बाजरे का समय चल रहा है। अगर सिंचाई के लिए पूरा पानी दो सप्ताह नहीं मिला तो किसान के पास कोई विकल्प नहीं होगा, सिवाय भूख मरने के।
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इसलिए किसानों को जल्द पानी दिया जाए। ऐसा न किया गया तो किसानों को मजबूरन आंदोलन करना पड़ेगा। किसानों ने डीसी से मांग की कि गोलेवाला हेड से बुर्जी नंबर 134400 तक नहर की री मॉडलिंग जल्द से जल्द कराई जाए ताकि नहर में पानी पूरा चल सके। इस मौके पर गांव केहरवाला, मम्मड़ खेड़ा, सेनपाल, सेनपाल कोठा, नथोर, कालुआना, अहमदपुर दारेवाला व मतुवाला के सैकड़ों ग्रामीण मौजूद थे।

गांव मम्मड़ के ग्रामीण लघु सचिवालय में डीसी को ज्ञापन देने के लिए जाते हुए।
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