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चुनावी रंजिश में बदला लेने के लिए नाबालिग को किया अगवा

Sat, 16 Jul 2016 01:18 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, सिरसा
ब्यूरो/अमर उजाला, सिरसा Updated Sat, 16 Jul 2016 01:18 AM IST
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एमएमएस - फोटो : Desk
चुनावी रंजिश में नाबालिग का अपहरण करके तीन लोगों की ओर से उसकी शादी अज्ञात व्यक्ति से करवाने का मामला सामने आया है। शुक्रवार को पीड़िता ने जिला बाल कल्याण अधिकारी समक्ष सारी आपबीती सुनाई। नाबालिग का कहना है कि पुलिस ने भी उसे डराया था जिस वजह से अदालत समक्ष सच्चाई नहीं बता सकी। बाल कल्याण विभाग का कहना है कि नाबालिग के मजिस्ट्रेट समक्ष दोबारा बयान करवाने जरूरी है क्योंकि डर के मारे वह सच्चाई नहीं बता पाई थी। पीड़िता ने कहना है कि जो लोग उसे उठाकर ले गए थे, उन लोगों से दो पुलिस वालों ने नोटों की दो गड्डियां ली थी। पूरा मामला चुनावी रंजिश का बदला लेने से जुड़ा है।
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जानकारी के अनुसार गांव अबूतगढ़ निवासी गुरुमुख सिंह पंजाब के जीरकपुर में मजदूरी करता है। गुरुमुख सिंह का कहना है कि पंचायती चुनाव में प्रत्याशी चानन सिंह की हार हुई थी। चानन सिंह को ऐसा लगा कि उसके परिवार ने उसे वोट नहीं डाला, जिससे उसे हार का मुंह देखना पड़ा। गुरुमुख सिंह की 15 वर्षीय बेटी गांव में ही दादी के पास रहती है। पांच जुलाई को उसकी बेटी उससे मिलने जीरकपुर आ गई। छह जुलाई सुबह गुरुमुख सिंह काम पर चला गया और पीछे से चानन सिंह का बेटा अजय कुमार, अपने साथी लवदीप व बलविंद्र सिंह को लेकर जीरकपुर आया। आरोप है कि तीनों उसकी बेटी को उठाकर ले गए और तीन दिन बाद उसे रानियां बस अड्डे के पास छोड़कर चले गए। घटना के बाद परिजनों ने पुलिस को शिकायत दर्ज करवाई और पुलिस ने तीन नामजद व दो अन्य लोगों के खिलाफ साजिश रचने व अपहरण का केस दर्ज कर लिया।
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चंडीगढ़, हिसार व सोलन ले गए थे
नाबालिग का कहना है कि तीन लोग उसे उठाकर गाड़ी में ले गए। ये लोग पिता से बदला लेने के लिए उसकी अंजान व्यक्ति से शादी करवाना चाहते थे। उक्त लोगों ने उसे हाथ में मेहंदी लगाने को बोला, डर के मारे उसने मेहंदी लगा ली और हाथ में चूड़ियां पहन ली। ये लोग उसे तीन दिनों तक कभी चंडीगढ़, सोलन व हिसार में घुमाते रहे और आठ जुलाई को बस में बैठाकर रानियां भेज दिया। आरोप है कि दो पुलिस वालों ने उसे डराया और डर के मारे उन्होंने जो बोला वही बात अदालत में बोल दी। बाल संरक्षण अधिकारी ने पीड़िता का पूरा बयान दर्ज कर लिया है। परिजनों का कहना है कि वे पुलिस अधीक्षक सतेंद्र गुप्ता से मिले थे, उन्होंने भरोसा दिया है कि नाबालिग के अदालत समक्ष दोबारा बयान दर्ज करवाएंगे जाएंगे।
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