सिरसा: डेढ़ माह बाद ब्लाइंड मर्डर का खुलासा, रंजिशन की थी कोचिंग सेंटर संचालक की हत्या
6 दिसंबर को पंजाब सिंह की हत्या हुई थी। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। डीएसपी ऐलनाबाद के नेतृत्व में बनी विशेष टीम ने सुराग जुटा कर मामला सुलझाया है।
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हरियाणा के सिरसा जिले के ऐलनाबाद में हुए ब्लाइंड मर्डर की पुलिस ने डेढ़ माह बाद गुत्थी को सुलझाते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। हत्या का कारण आरोपी के ससुराल में मृतक का आना जाना बताया जा रहा है। जिससे रंजिशन आरोपी ने अपने साथी के साथ मिलकर कोचिंग सेंटर संचालक की हत्या कर दी थी। इसके लिए मुख्य आरोपी ने अपने साथी को उसकी फोटो देकर रैकी करवाई थी और छह दिसंबर को उन्होंने पंजाब सिंह को वापस घर जाते हुए बीच रास्ते में गोलियां मार उसकी हत्या कर दी थी।
मामले को सुलझाने के लिए पुलिस ने जांच टीमें बनाई थी। उप पुलिस अधीक्षक ऐलनाबाद जगत सिंह मोर के नेतृत्व में सीआईए प्रभारी इंस्पेक्टर प्रदीप कुमार, ऐलनाबाद थाना प्रभारी इंस्पेक्टर जितेंद्र सिंह तथा साइबर सेल की गठित टीम ने महत्वपूर्ण सुराग जुटाए और गांव तलवाड़ा खुर्द से दया सिंह थेहड़ क्षेत्र में कोंचिग सेंटर संचालक गांव करीवाला के एक युवक पंजाब सिंह के हत्या आरोपियों को काबू किया है।
इस संबंध में विस्तृत जानकारी देते हुए पुलिस अधीक्षक डॉ. अर्पित जैन ने बताया है कि पुलिस ने इस संबंध में घटना के दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए आरोपियों की पहचान रणबीर सिंह निवासी बाहिया थाना रानिया व गुरविंद्र सिंह निवासी गांव दमदमा जिला सिरसा के रूप में हुई है।
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि पकड़े गए दोनों आरोपियों को अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड हासिल करेंगी और इस अवधि के दौरान हत्या में प्रयुक्त हथियार तथा वाहन बरामद किया जाएगा। इस घटना में जो भी संलिप्त पाया गया उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि 6 दिसंबर को गांव करीवाला निवासी पंजाब सिंह की कार सवार दो व्यक्तियों ने ऐलनाबाद थाना के गांव दया सिंह थेहड़ क्षेत्र में गोली मार कर हत्या कर फरार हो गए थे।
इस ब्लाइंड मर्डर की घटना को सुलझाने के लिए कई पुलिस टीमों का गठन किया गया। उन्होंने बताया कि फिलहाल डीएसपी ऐलनाबाद जगत सिंह के नेतृत्व मे गठित विशेष टीम इस घटना की जांच कर रही थी। टीम ने महत्वपूर्ण सुराग जुटाते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। एसपी ने कहा कि मामले सुलझाने पर टीम को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया जाएगा।
यह रही हत्या की वजह
पूछताछ में सामने आया है कि मुख्य आरोपी रणबीर सिंह निवासी बाहिया गांव करीवाला में शादीशुदा है। मृतक पंजाब सिंह का रणबीर सिंह के ससुराल में आना जाना था। जिसको लेकर रणबीर उस से रंजिश रखने लगा। इसी को लेकर रणबीर सिंह ने पंजाब सिंह को ठिकाने लगाने के लिए अपने एक अन्य साथी गुरविंद्र सिंह निवासी दमदमा के साथ योजना बनाई और एक अवैध पिस्तौल भी खरीदा। मुख्य आरोपी रणबीर सिंह ने अपने साथी गुरविंद्र सिंह को पंजाब सिंह की फोटो दिखाई। जिसके बाद गुरविंद्र उसकी रैकी करने लगा।
घटना के दिन जैसे ही पंजाब सिंह बाइक पर सवार होकर अपने गांव करीवाला जाने के लिए निकला तो दोनों आरोपियों ने कार से पीछा किया। गांव तलवाड़ा से दया सिंह ने थेहड़ क्षेत्र में पंजाब सिंह की बाइक के आगे कार लगाकर उसे रोक लिया। इसके बाद ताबड़तोड़ फायरिंग कर उन्होंने पंजाब सिंह की हत्या कर दी और मौके से फरार हो गए। गिरफ्तार किया गया मुख्य आरोपी रणबीर सिंह 12वी कक्षा तक पढ़ा लिखा है और खेती बाड़ी का काम करता है। जबकि उसका साथी गुरविंद्र सिंह कम पढ़ा लिखा है और मजदूरी का कार्य करता है।