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कोई नेता गांव में घुसे तो सबक सिखा देना : चढ़ूनी

Tue, 19 Jan 2021 11:20 PM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Tue, 19 Jan 2021 11:20 PM IST
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कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों के आंदोलन को और मजबूत करने के उद्देश्य से मंगलवार को भारतीय किसान यूनियन के प्रधान गुरनाम सिंह चढ़ूनी रोड़ी की अनाज मंडी में पहुंचे। इस दौरान किसानों ने उनका स्वागत किया। वहीं, आढ़ती एसोसिएशन ने भी उन्हें सम्मानित किया।
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गुरनाम सिंह चंढूनी ने कहा कि पूंजीपति लोग एक घंटे में 90 करोड़ की कमाई करते हैं और एक आम आदमी को 9 घंटे कार्य करने पर मात्र 300 रुपये दिए जाते हैं। आजाद भारत सोने की चिड़िया था और आज भूखमरी की वजह से 194वें स्थान पर पहुंच गया है। आज देश में 45 प्रतिशत बच्चे कुपोषण का शिकार हो रहे हैं। देश में 3.30 से चार लाख तक किसान कर्ज से मर चुके हैं और मोदी सरकार पूंजीपतियों का घर भरने में लगी हुई है। उन्होंने कहा कि किसान तो वैसे ही कर्ज के नीचे दबकर आत्महत्या जैसे कदम उठाने को मजबूर हैं और ऊपर से सरकार उन्हें खत्म करने पर उतारू है।
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चढ़ूनी ने कहा कि जैसे बिहार में धान एक हजार रुपये क्विंटल है वैसे ही सरकार हरियाणा-पंजाब में भी करना चाहती है, लेकिन किसान अपना हक लेकर रहेंगे चाहे गोली क्यों न खानी पड़े। गठबंधन सरकार पर निशाना साधते हुए चढ़ूनी ने कहा कि अगर इनका कोई नेता गांव में घुसता है तो उन्हें सबक सिखा देना। चढ़ूनी ने कहा कि पूंजीपतियों का बहिष्कार कर दो और इनके उत्पादों को भी नहीं खरीदना। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन नहीं अपितु एक धर्म युद्ध है, यदि करोड़ों लोगों की जान भूखमरी से मरने से बचानी है तो सभी लोग एकजुट होकर कृषि कानूनों के खिलाफ सरकार का विरोध करें।
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