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Sirsa News: सीडीएलयू में चार वर्षीय इंटीग्रेटेड टीचर एजुकेशन प्रोग्राम का दाखिला शेड्यूल जल्द होगा जारी
Sat, 02 Sep 2023 12:12 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Sat, 02 Sep 2023 12:12 AM IST
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सिरसा। चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय सिरसा के नेशनल काउंसिल फॉर टीचर एजुकेशन से चार वर्षीय इंटीग्रेटेड टीचर एजुकेशन प्रोग्राम की 100 सीटों के लिए मान्यता पत्र प्राप्त हो चुकी है और दाखिला प्रक्रिया शीघ्र शुरू होगी। सीडीएलयू प्रदेश का पहला विश्वविद्यालय है, जहां पर विज्ञान संकाय के 50 सीटों का प्रावधान इंटीग्रेटेड टीचर एजुकेशन प्रोग्राम के तहत रखा गया है।
शिक्षा संकाय की अधिष्ठाता प्रोफेसर निवेदिता तथा डॉ राजकुमार ने वीरवार को इस संबंध में नेशनल काउंसिल फॉर टीचर एजुकेशन नई दिल्ली में आयोजित ओरिएंटेशन कार्यक्रम में शिरकत करने के उपरांत शुक्रवार को यह जानकारी विश्वविद्यालय कुलपति प्रोफेसर अजमेर सिंह मलिक को दी।
कुलपति ने कहा कि इस पाठ्यक्रम में दाखिला लेकर विद्यार्थी अच्छे शिक्षक बनेंगे और राष्ट्र निर्माण में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करेंगे। एक अच्छा शिक्षक राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है और विश्वविद्यालय में यह इंटीग्रेटेड प्रोग्राम शुरू होने से 10 जमा 2 पास विद्यार्थी सीधा विश्वविद्यालय का छात्र बन सकेगा।
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प्रो. निवेदिता तथा डॉ राजकुमार ने कुलपति को बताया कि 100 सीटों में से 50 सीटें कला संकाय के विद्यार्थियों के लिए तथा 50 सीटें विज्ञान संकाय के विद्यार्थियों के लिए आरक्षित होंगी। शैक्षणिक सत्र 2023-24 से प्रारंभ होने वाले यह प्रोग्राम पूर्णतया एनईपी-2020 के अनुरूप होगा। इस कार्यक्रम से टीचिंग में रोजगार बनाने वाले युवाओं को स्पेशलाइज्ड प्रशिक्षण विश्वविद्यालय द्वारा प्रदान किया जाएगा। इस प्रोग्राम में दाखिला लेने वाले विद्यार्थी बीए बीएड तथा बीएससी बीएड की डिग्री मात्र चार वर्ष में कर पाएंगे। सही मायने में विद्यार्थी पांच वर्ष में बीएड डिग्री पाने के बजाय अब केवल चार वर्ष में कर पाएंगे। चार वर्षीय बीए बीएड व बीएससी बीएड पाठ्यक्रम में दाखिला नेशनल टेस्टिंग एजेंसी की ओर से आयोजित प्रवेश परीक्षा के आधार पर होगा। यह प्रवेश परीक्षा हो चुकी है और परिणाम भी आ चुका है। उन्होंने बताया कि दाखिला शेड्यूल जल्द ही जारी कर दिया जाएगा और वेबसाइट पर अपलोड कर दिया जाएगा।
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शिक्षा संकाय की अधिष्ठाता प्रोफेसर निवेदिता तथा डॉ राजकुमार ने वीरवार को इस संबंध में नेशनल काउंसिल फॉर टीचर एजुकेशन नई दिल्ली में आयोजित ओरिएंटेशन कार्यक्रम में शिरकत करने के उपरांत शुक्रवार को यह जानकारी विश्वविद्यालय कुलपति प्रोफेसर अजमेर सिंह मलिक को दी।
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कुलपति ने कहा कि इस पाठ्यक्रम में दाखिला लेकर विद्यार्थी अच्छे शिक्षक बनेंगे और राष्ट्र निर्माण में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करेंगे। एक अच्छा शिक्षक राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है और विश्वविद्यालय में यह इंटीग्रेटेड प्रोग्राम शुरू होने से 10 जमा 2 पास विद्यार्थी सीधा विश्वविद्यालय का छात्र बन सकेगा।
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प्रो. निवेदिता तथा डॉ राजकुमार ने कुलपति को बताया कि 100 सीटों में से 50 सीटें कला संकाय के विद्यार्थियों के लिए तथा 50 सीटें विज्ञान संकाय के विद्यार्थियों के लिए आरक्षित होंगी। शैक्षणिक सत्र 2023-24 से प्रारंभ होने वाले यह प्रोग्राम पूर्णतया एनईपी-2020 के अनुरूप होगा। इस कार्यक्रम से टीचिंग में रोजगार बनाने वाले युवाओं को स्पेशलाइज्ड प्रशिक्षण विश्वविद्यालय द्वारा प्रदान किया जाएगा। इस प्रोग्राम में दाखिला लेने वाले विद्यार्थी बीए बीएड तथा बीएससी बीएड की डिग्री मात्र चार वर्ष में कर पाएंगे। सही मायने में विद्यार्थी पांच वर्ष में बीएड डिग्री पाने के बजाय अब केवल चार वर्ष में कर पाएंगे। चार वर्षीय बीए बीएड व बीएससी बीएड पाठ्यक्रम में दाखिला नेशनल टेस्टिंग एजेंसी की ओर से आयोजित प्रवेश परीक्षा के आधार पर होगा। यह प्रवेश परीक्षा हो चुकी है और परिणाम भी आ चुका है। उन्होंने बताया कि दाखिला शेड्यूल जल्द ही जारी कर दिया जाएगा और वेबसाइट पर अपलोड कर दिया जाएगा।