फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Rohtak News ›   Use of antibiotics and oxygen without expert's advice is fatal: Dr. Dhruv

एक्सपर्ट की सलाह के बिना एंटीबॉयोटिक दवाओं व ऑक्सीजन का प्रयोग घातक : डॉ. ध्रुव

Thu, 22 Dec 2022 11:54 PM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Thu, 22 Dec 2022 11:54 PM IST
विज्ञापन
Use of antibiotics and oxygen without expert's advice is fatal: Dr. Dhruv
रोहतक। देश प्रदेश में कोरोना के नये वैरिएंट बीएफ.7 का अलर्ट जारी है। ऐसे में जरूरी है कि बगैर जरूरत कोई एंटीबॉयोटिक दवाएं व ऑक्सीजन न लें। क्योंकि बिना मतलब इनका प्रयोग घातक साबित होगा। वायरल संक्रमण में एंटीबॉयोटिक दवाएं काम नहीं करती और बगैर साफ-सफाई ऑक्सीजन लेने से ब्लैक फंगस प्रमुख समस्या बन जाती है। कोरोना की पिछली लहर समाप्त होने के बाद अधिकांश मरीजों को ब्लैक फंगस से बचाना मुश्किल हो गया था। यह जानकारी पीजीआईएमएस रोहतक में पल्मोनरी क्रिटिकल केयर मेडिसिन विभाग के सीनियर प्रोफेसर डॉ. ध्रुव चौधरी ने दी है।
विज्ञापन

डॉ. चौधरी ने बताया कि वर्तमान में इन्फ्लूएंजा, रेस्पिरेटरी सिंक्राइटियल (सिन-सिश-उहल) वायरस, नॉन कोविड वायरल इंफेक्शन से मरीज ग्रस्त हैं। ऐसे में कोरोना का नया वैरिएंट बीएफ.7 भी आ रहा है। देश में कोरोना के सात केस हैं और संभव है कि कई लक्षणों के अभाव में सामने नहीं आ रहे। ऐसे में मरीजों व खासकर सभी डॉक्टरों के लिए जरूरी है कि बिना वजह एंटीबॉयोटिक दवाएं न दें। इससे दवा का असर धीरे-धीरे कम हो रहा है जोकि भविष्य के लिए घातक है। मरीज के स्वयं के स्तर पर ऑक्सीजन लेने का विपरीत प्रभाव सभी देख चुके हैं। बगैर एक्सपर्ट की सलाह इसका प्रयोग न करें। कोरोना की जांच आरटीपीसीआर से ही होगी और वैरिएंट का पता लगाने के लिए जीन सिक्वेंसिंग विधि अपनाई जाएगी। इस वायरस को लेकर डरने की नहीं, जागरूक होने की जरूरत है। देश में अधिकांश लोग संक्रमित हो चुके हैं और टीकाकरण भी हो चुका है। इसलिए हमें अधिक घबराने की जरूरत नहीं है। यह ओमिक्रॉन वायरस की तरह अपना हल्का प्रभाव दिखा कर चला जाएगा। पांच से दस फीसदी गंभीर बीमारियों से ग्रस्त व कम रोग प्रतिरोधक क्षमता वाले मरीजों पर अधिक ध्यान देने की जरूरत होगी। अब खास यह है कि हमारे पास दवा, ऑक्सीजन, वेंटीलेटर आदि की कमी नहीं है। जरूरी है कि वेंटीलेशन सही रखों और भीड़भाड़ से बचते हुए मास्क, सैनिटाइजर का प्रयोग करें।
विज्ञापन

कौन संभालेगा नोडल अधिकारी की कमान
पीजीआईएमएस में कोरोना संक्रमण काल के दौरान कौन प्रदेश व पीजीआईएमएस के नोडल अधिकारी की कमान संभालेगा, इसका तय होना बाकी है। क्योंकि पहले डॉ. ध्रुव चौधरी व डॉ. वीके कत्याल के पास यह जिम्मेदारी थी। डॉ. वीके कत्याल सेवानिवृत्त हो चुके हैं और डॉ. ध्रुव चौधरी को यह जिम्मेदारी फिर दी जा सकती है। इसके अलावा डॉ. सुरेश सिंघल को भी कोविड काल में अहम जिम्मेदारी दी जा सकती है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed