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प्रॉपर्टी टैक्स : एक लाख से ज्यादा का बिल जॉइंट कमिश्नर की अनुमति से होगा कम

Mon, 22 Apr 2024 05:10 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Mon, 22 Apr 2024 05:10 AM IST
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Property tax: Bill of more than one lakh will be reduced with the permission of Joint Commissioner.
रोहतक। नगर निगम में एक लाख से ज्यादा का रुपये का प्रॉपर्टी टैक्स का बिल कम करने के लिए संयुक्त आयुक्त व 50 हजार से एक लाख रुपये तक का बिल कम करने के लिए डीएमसी से अनुमति लेनी होगी। अगर बिल 50 हजार तक कम होता है तो मेकर की रिपोर्ट पर चेकर फैसला ले सकता है। इस आशय के आदेश डीसी एवं निगम आयुक्त अजय कुमार ने जारी कर दिए हैं, साथ ही इंजीनियरिंग व बिल्डिंग ब्रांच के अधिकारियों के साथ-साथ विवाह पंजीकरण अधिकारी को भी प्रॉपर्टी टैक्स ब्रांच की फाइल की जांच करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
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शहर में 2 लाख 17 हजार के करीब प्रॉपर्टी आईडी हैं, जिसको लेकर आम नागरिक परेशान रहते हैं, क्योंकि 2021 में निजी एजेंसी ने जो सर्वे किया, उसमें अनियमितताएं बरतीं। किसी का नाम व मोबाइल नंबर गलत कर दिया तो किसी का क्षेत्र बदल दिया गया। पिछले दो साल से लोग प्रॉपर्टी आईडी ठीक कराने के लिए निगम के चक्कर काटते रहते हैं। इतना ही नहीं, प्रॉपर्टी टैक्स ब्रांच में गड़बड़ी भी सामने आ चुकी है। ऐसे में ब्रांच से पुराने क्लर्क और अधिकारियों को बदला जा चुका है।
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टैक्स की यूं दी गई वार्डवाइज जिम्मेदारी
अधिकारी वार्ड
विकास शर्मा, जेई 1 से 5, 8 व 9
सत्यव्रत एमई 10 से 15
जगबीर सिंह एसओ कम जेडटीओ 16 से 22
सुरेंद्र गोयल, सहायक 6 व 7

विकास शुल्क की यूं दी गई जिम्मेदारी वार्ड
सन्नी देव, बिल्डिंग इंस्पेक्टर 6 पार्ट, 7, 8 पार्ट, 09, 10 पार्ट, 11 व 13 में विकास शुल्क अपडेट करने का कार्य
राजीव कुमार, बिल्डिंग इंस्पेक्टर 10 पार्ट, 12 पार्ट, 14, 15, 16 पार्ट, 19, 20, 21 व 22 का पार्ट में अवैध से वैध करने का कार्य
राजीव विज, बिल्डिंग इंस्पेक्टर 1, 2, 3, 4, 5, 6, 17, 18, 21 पार्ट व 22 में नई व स्पलिट पीआईडी बनाने का कार्य

बकाया टैक्स में यूं दिए गए अधिकारी
मेकर व चेकर 50 हजार तक के बिल में संशोधन कर सकता है।
डीएमसी 50 हजार से एक लाख तक का के बिल में संशोधन कर सकता है।
संयुक्त आयुक्त एक लाख या इससे ज्यादा के बिल में संशोधन कर सकता है।
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