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कोरोना की तीसरी लहर की आशंका से पीजीआईएमएस अलर्ट
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कोरोना के केस बढ़ने के साथ पीजीआईएमएस में अलर्ट शुरू हो गया है। मंगलवार को पीजीआईएमएस के निदेशक डॉ. रोहतास कंवर यादव ने कुलपति कार्यालय के स्वर्ण जयंती सभागार में कोरोना से जुड़े सभी विभागों के चिकित्सकों के साथ आपात बैठक बुलाई और जरूरी दिशा-निर्देश दिए।
निदेशक डॉ. रोहतास कंवर यादव ने कहा कि अचानक से कोरोना के केस एक बार फिर से आने लग गए हैं। ऐसे में प्रदेश का इतना बड़ा स्वास्थ्य संस्थान होने के नाते हमें किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पहले ही तैयार होना होगा। इसके चलते आपात बैठक बुलाकर सभी अधिकारियों की ड्यूटी तय कर सभी जरूरी दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। डॉ. यादव ने कहा कि पिछले अनुभवों को देखते हुए सभी कमियों को तत्परता के साथ दूर किया जाए। उन्होंने कहा कि मरीजों को प्रथम चरण में सी-ब्लॉक को कोविड ट्रॉयज एरिया के तौर पर रखा गया है और जरूरत पड़ने पर ट्रॉमा सेंटर को फिर से पूर्ण रूप से कोविड अस्पताल दूसरे चरण में बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रयास रहेगा कि मरीजों को किसी प्रकार की कोई कमी नहीं आने दी जाए। मरीजों के परिजनों को बाद में किसी प्रकार की कोई परेशानी ना आए, इसके लिए इस बार फाइल मैनेजमेंट की जिम्मेदारी नर्सिंग सिस्टर को दी जाएगी। जल्द ही कोविड जांच सैंपलिंग का समय भी बढ़ाया जाएगा। इस अवसर पर कुलसचिव डॉ. एचके अग्रवाल, चिकित्सा अधीक्षक डॉ. पुष्पा दहिया, पीजीआईडीएस प्राचार्य डॉ. संजय तिवारी, डॉ. राजीव गुप्ता, डॉ. वीके कत्याल, डॉ. ध्रुव चौधरी, डॉ. कुंदन मित्तल, डॉ. वरुण अरोड़ा सहित कई विभागों के अध्यक्ष उपस्थित रहे।
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निदेशक डॉ. रोहतास कंवर यादव ने कहा कि अचानक से कोरोना के केस एक बार फिर से आने लग गए हैं। ऐसे में प्रदेश का इतना बड़ा स्वास्थ्य संस्थान होने के नाते हमें किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पहले ही तैयार होना होगा। इसके चलते आपात बैठक बुलाकर सभी अधिकारियों की ड्यूटी तय कर सभी जरूरी दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। डॉ. यादव ने कहा कि पिछले अनुभवों को देखते हुए सभी कमियों को तत्परता के साथ दूर किया जाए। उन्होंने कहा कि मरीजों को प्रथम चरण में सी-ब्लॉक को कोविड ट्रॉयज एरिया के तौर पर रखा गया है और जरूरत पड़ने पर ट्रॉमा सेंटर को फिर से पूर्ण रूप से कोविड अस्पताल दूसरे चरण में बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रयास रहेगा कि मरीजों को किसी प्रकार की कोई कमी नहीं आने दी जाए। मरीजों के परिजनों को बाद में किसी प्रकार की कोई परेशानी ना आए, इसके लिए इस बार फाइल मैनेजमेंट की जिम्मेदारी नर्सिंग सिस्टर को दी जाएगी। जल्द ही कोविड जांच सैंपलिंग का समय भी बढ़ाया जाएगा। इस अवसर पर कुलसचिव डॉ. एचके अग्रवाल, चिकित्सा अधीक्षक डॉ. पुष्पा दहिया, पीजीआईडीएस प्राचार्य डॉ. संजय तिवारी, डॉ. राजीव गुप्ता, डॉ. वीके कत्याल, डॉ. ध्रुव चौधरी, डॉ. कुंदन मित्तल, डॉ. वरुण अरोड़ा सहित कई विभागों के अध्यक्ष उपस्थित रहे।
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