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ओमैक्स सिटी 15 मार्च तक होगा नगर निगम में शामिल, एचएसवीपी के ठेकेदार के खिलाफ होगी एफआईआर दर्ज
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जिला कष्ट निवारण समिति की मीटिंग में प्रशासनिक सचिव डॉ. राकेश गुप्ता को समस्या के बारे में बताते ?
एक साल बाद बुधवार को प्रदेश के गृहमंत्री अनिल विज की गैर मौजूदगी में सीएम सुशासन सहयोगी परियोजना के निदेशक डॉ. राकेश गुप्ता ने जिला परिवेदना समिति की मीटिंग ली। मीटिंग में न केवल नौकरशाही पर रिश्वत मांगने के आरोप लगे, बल्कि पानी, सीवरेज, हाईटेंशन से लेकर अधिकारियों द्वारा आम आदमी की सुनवाई न करने का आरोप भी लगा। अधिकारियों ने नियमों का हवाला देकर अपना पक्ष रखा। साथ ही मुख्य सचिव ने कहा कि वे 17 मार्च को दोबारा मीटिंग लेंगे। अगर गृहमंत्री आते हैं तो वे केवल अधिकारियों की मीटिंग लेंगे। उन्होंने ओमैक्स सिटी को 15 मार्च तक नगर निगम के हवाले करने के निर्देश दिए। साथ ही एचएसवीपी के ठेकेदार के खिलाफ गड़बड़ी करने पर केस दर्ज करने की मुख्य प्रशासक को हिदायत दी। वहीं, तीन घंटे चली मीटिंग में 22 शिकायतों में से पांच का डॉ. राकेश गुप्ता ने निपटारा किया, जबकि 17 की जांच रिपोर्ट मांगी। इसके अलावा 10 से ज्यादा नई शिकायत भी चेयरमैन के पास पहुंची।
बिल्डर आठ साल से कर रहा बहाने, मुख्य सचिव बोले डीसी व निगम आयुक्त खुद करें निरीक्षण
ओमैक्स सिटी निवासी आशीष, सोमबीर, सुमित व अन्य ने बताया कि आठ साल से बिल्डर सुविधाएं देने के नाम पर उन्हें आश्वासन दे रहा है। एक साल पहले गृहमंत्री अनिल विज ने भी अधिकारियों को सख्त आदेेेश दिए थे, लेकिन अब तक हालात बदहाल हैं। मुख्य सचिव को इस पर डीटीपी ने बताया कि एचएसवीपी ने पानी का कनेक्शन दे दिया है। बाकी समस्याएं पूरी तरह हल नहीं हुई हैं। इसी बीच विधायक बीबी बतरा ने कहा कि ओमैक्स सिटी को निगम के हवाले किया जाए, तभी समाधान होगा। निगम आयुक्त ने मुख्य सचिव को बताया कि सरकार ने इसके लिए आदेश कर दिए हैं। बिल्डर के प्रतिनिधि अनिल गुप्ता ने कहा कि वे 15 मार्च तक निगम को ओमैक्स सिटी सौंपने की कागजी कार्रवाई पूरी कर देंगे। मुख्य सचिव ने डीसी व निगम आयुक्त से कहा कि वे खुद 5 मार्च तक मौके के हालात का निरीक्षण करें। इसके बाद 17 मार्च की मीटिंग में पूरी रिपोर्ट से अवगत करवाएं।
बाजरा नहीं बिका तो किसान ने उठाए एसडीएम पर सवाल, एसडीएम बोले मिसमैच था रिकॉर्ड
बालंद के किसान ने शिकायत दी थी कि उसने उसने 3 एकड़ 3 कैनाल 11 मरले बाजरे का पंजीकरण करवाया था, लेकिन उसे मात्र 4 क्विंटल बाजरे का संदेश आया। उसके पास 35 से 40 क्विंटल बाजरा और है, उसे कहां लेकर जाऊं। पटवारी व कृषि विकास अधिकारी ने मौके का मुआयना किया। पाया कि किसान ने बताई गई जमीन में बाजरा लगाया था। शिकायतकर्ता का कहना था कि जब वे एसडीएम के पास गए तो एसडीएम ने कहा कि कहीं चले जाएं, कुछ नहीं हो सकता। वे एसडीएम के व्यवहार से आहत हैं। मीटिंग में मौजूद एसडीएम ने कहा कि फसल बिजाई की सरकार के नियमों के तहत तीन तरह से जांच की जाती है, लेकिन रिकॉर्ड मिसमैच कर रहा था। उन्होंने मौजूद तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की। जहां तक व्यवहार का सवाल है, उन्होंने ऐसा कुछ नहीं कहा।
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पूर्व फौजी एचएसवीपी के जेई से बोला, कितना पैसा चाहिए, जेई ने कहा-मैंने नहीं मांगे, कसम खाता हूं
तिलक नगर निवासी एक व्यक्ति ने शिकायत दी कि उसकी सेक्टर एक के साथ लगती 4 कनाल 13 मरले जमीन पर एचएसवीपी ने कब्जा किया है। वह लंबे समय से जमीन का कब्जा हटाने के लिए अधिकारियों के चक्कर काट रहा है। सुबह 10 बजे बुलाकर शाम 5 बजे मिला जाता है। उसकी बेशकीमती जमीन को लेकर रिश्वत मांगी जा रही है। एक जेई की तरफ इशारा करते हुए पूर्व फौजी ने कहा कि, कितना पैसा चाहिए। जेई ने पलटते हुए कहा कि मैंने पैसे नहीं मांगे, कसम खाने को तैयार हूं। सरेआम रिश्वत के आरोप से मीटिंग में सन्नाटा पसर गया। सीएम के मुख्य सचिव ने शिकायतकर्ता को सलाह दी कि वे सौदा तय करके डीसी के पास आ जाते और पैसे मांगने वाले को रंगे हाथों पकड़वा देते। अब वह तो कसम खाने की बात कर रहा है। मामले की राकेेश गुप्ता ने जांच के आदेश दिए।
दूबे का एनकाउंटर व सुखविंदर को 24 घंटे में पकड़ने वाली पुलिस एक कोचिंग संचालक को सामने नहीं ला रही
मॉडल टाउन निवासी एक व्यक्ति ने मुख्य सचिव को शिकायत दी कि उसका बेटा सेना में मेजर है। मेजर ने शिकायत दी है कि उसका मॉडल टाउन में मकान है। आधा मकान कोचिंग अकादमी के लिए एक व्यक्ति को दिया था। अकादमी संचालक बाकी किराया नहीं दे रहा है। कह रहा है कि उसे जो करना है कर ले। दो बार रोहतक पुलिस को शिकायत दे चुका है। मेजर के पिता ने कहा कि जो पुलिस विकास दूबे का एनकाउंटर कर सकती है और छह लोगों की हत्या के आरोपी सुखविंदर को 24 घंटे के अंदर पकड़ सकती है, वह पुलिस छह माह में एक कोचिंग संचालक को सामने नहीं ला सकी। मुख्य सचिव ने एसपी को मामले की जांच के निर्देश दिए।
विभाग काम में गड़बड़ी मान रहा है तो ठेकेदार के खिलाफ दर्ज करवाएं एफआईआर
लाढ़ौत रोड के एक युवक ने समिति को शिकायत दी थी कि ठेकेदार ने सेक्टर 21, 18, 18ए, सेक्टर 5 व 6 में पानी की पाइप लाइन बिछाने के काम में लाखों की गड़बड़ी की है। गड़बड़ी पकड़ी जाने के बावजूद अधिकारियों ने उचित कार्रवाई नहीं की। जब डॉ. राकेश गुप्ता ने विभाग के अधिकारियों से पूछा तो उन्होंने कहा कि ठेकेदार को ब्लैकलिस्ट करके उसकी पेमेंट रोक दी है। गुप्ता ने कहा कि जब विभाग मान रहा है कि गड़बड़ी हुई तो एफआईआर दर्ज क्यों नहीं की गई। इस पर एचएसवीपी के अधिकारी ने कहा कि नियमों के तहत एफआईआर नहीं करवा सकते। बीच में डीसी कैप्टन मनोज कुमार ने कहा कि ऐसा कोई नियम नहीं है कि ठेकेदार के खिलाफ केस दर्ज नहीं करवाया जा सकता। इसके बाद डॉ. गुप्ता ने ठेकेदार के खिलाफ केस दर्ज करवाने के निर्देश दिए।
हाईटेंशन लाइन के नीचे निर्धारित ऊंचाई तक बने मकान
शिव कॉलोनी निवासी एक युवक ने शिकायत दी कि कॉालोनी में ऊपर से 132केवी की लाइन गुजर रही हैं। करंट लगने से 2015 में एक युवक की मौत हो गई थी। लाइन को हटाया जाए। जवाब में बिजली निगम के अधिकारियों ने कहा कि लाइन पहले बिछाई गई थी जबकि मकान बाद में बने हैं। दूसरा बड़ी लाइन के नीचे निर्धारित ऊंचाई तक ही मकान बन सकते हैं, लेकिन कुछ लोगों की छत की दूरी लाइन से मात्र 8 फीट बची है। ऐसे में हादसा होना तय है। इस पर डॉ. राकेश गुप्ता ने कहा कि नगर निगम प्रशासन ऐसे एरिया में निर्धारित ऊंचाई तक ही मकान बनाने की अनुमति दे। ताकि कहीं इस तरह का फिर हादसा न हो।
सीवरेज व पेयजल समस्या का स्थायी समाधान करें अधिकारी
मीटिंग में जिला कष्ट निवारण समिति के सदस्य व लोगों ने शिकायत दी कि शहर में पेयजल व सीवरेज की हालत बदहाल है। लोग दूषित पानी पीने को मजबूर हैं। विधायक भारत भूषण बतरा व शकुंतला खटक और मेयर मनमोहन गोयल ने भी दोनों समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। बतरा ने कहा कि जब सरकार व प्रशासन आम आदमी को पीने का साफ पानी तक उपलब्ध नहीं करवा सकता, इससे बड़ा अन्याय क्या होगा। समिति के चेयरमैन डॉ. राकेेश गुप्ता ने डीसी, निगम आयुक्त व जन स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए किए दोनों समस्याओं का स्थायी समाधान किया जाए। अगली मीटिंग में वे खुद रिपोर्ट लेंगे।
ये भी दिए निर्देश
डॉ. राकेश गुप्ता ने आजादगढ़ निवासी करतार व अन्य की शिकायत की सुनवाई करते हुए जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे लोगों को स्वच्छ पेयजल सप्लाई करें तथा सीवरेज के मैनहोल की सफाई करवाए। उन्होंने गिझी ग्राम पंचायत एवं बालंद निवासी सुखलाल की शिकायत की सुनवाई करने के दौरान कहा कि मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल पर बाजरे के पंजीकरण की अनियमितता की जांच सांपला के उपमंडलाधीश, कृषि उपनिदेशक, जिला सूचना विज्ञान अधिकारी तथा बैठक के दो मनोनीत सदस्य जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत करें। उन्होंने गढ़ी बलभ निवासी लख्मी एवं अन्य की 100-100 वर्ग गज के प्लाट की रजिस्ट्री से संबंधित शिकायत की सुनवाई करते हुए रोहतक के उपमंडलाधीश को शेष रजिस्ट्रियां यथाशीघ्र करवाने को कहा। इसके लिए संबंधित व्यक्तियों को आवश्यक दस्तावेज जमा करवाने होंगे तथा अवैध कब्जे भी हटाने होंगे। डॉ. राकेश गुप्ता ने सुनारिया कला निवासी सतनारायण की मुआवजा संबंधित शिकायत के संदर्भ में भूमि अर्जन अधिकारी को निर्देश दिए कि शिकायतकर्ता को मार्च 2021 तक मुआवजे का भुगतान नियमानुसार किया जाए। उन्होंने विद्या गोयल व बिमला देवी की शिकायत के संदर्भ में निर्देश दिए कि इस संदर्भ में न्यायालय के आदेश की पालना सुनिश्चित करवाई जाए। शिकायतकर्ता द्वारा राजस्व रिकॉर्ड दुरुस्त करवाते हुए कब्जा हटवाकर भूमि का मालिकाना हक दिलवाने की मांग की गई है।
समिति सदस्यों ने भी उठाई जनसमस्याएं
मीटिंग में समिति के सदस्यों ने भी रोहतक शहर में दूषित पानी की सप्लाई तथा सीवरेज व्यवस्था के संदर्भ में अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि शहरवासियों को विभाग द्वारा दूषित पानी की सप्लाई की जा रही है, जिसे सुधारा जाए। सीवरेज व्यवस्था में सुधार की आवश्यकता है। कलानौर क्षेत्र से संबंधित विभिन्न शिकायतों का मुद्दा उठाया गया। जिला परिषद के चेयरमैन सतीश भालौठ ने कहा कि मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल पर पंजीकरण करवाने वाले किसानों को हो रही असुविधा का संज्ञान लिया जाए।
ये रहे मीटिंग में मौजूद
मीटिंग में रोहतक के विधायक भारत भूषण बतरा, कलानौर की विधायक शकुंतला खटक, नगर निगम के मेयर मनमोहन गोयल, जिला परिषद के चेयरमैन सतीश भालौठ, उपायुक्त कैप्टन मनोज कुमार, नगर निगम आयुक्त प्रदीप गोदारा, हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण के प्रशासक वीरेंद्र हुड्डा, पुलिस अधीक्षक राहुल शर्मा, अतिरिक्त उपायुक्त महेंद्रपाल, उपमंडलाधीश राकेश कुमार सैनी, मेजर गायत्री अहलावत, नगराधीश ज्योति मित्तल, पीजीआईएमएस के अतिरिक्त निदेशक सुरेंद्र सिंह, भाजपा के जिला अध्यक्ष अजय बंसल, जिला राजस्व अधिकारी पूनम बब्बर, जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी नरेंद्र धनखड़, सिविल सर्जन डॉ. अनिल बिरला, मुख्यमंत्री सुशासन सहयोगी शैलेट जोस, डीटीपी मनदीप सिहाग, योगेश, समिति के मनोनीत सदस्यों में रमेश भाटिया, राजबीर आर्य, राजरानी शर्मा, मनीष शर्मा, कंवल सैनी, धर्मबीर शर्मा, कुलविंद्र सिंह सिक्का, सतीश आहुजा, सुनील कत्याल, अजय खुंडिया, सूरजमल किलोई व जय सिंह लाकड़ा भी मौजूद रहे।
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बिल्डर आठ साल से कर रहा बहाने, मुख्य सचिव बोले डीसी व निगम आयुक्त खुद करें निरीक्षण
ओमैक्स सिटी निवासी आशीष, सोमबीर, सुमित व अन्य ने बताया कि आठ साल से बिल्डर सुविधाएं देने के नाम पर उन्हें आश्वासन दे रहा है। एक साल पहले गृहमंत्री अनिल विज ने भी अधिकारियों को सख्त आदेेेश दिए थे, लेकिन अब तक हालात बदहाल हैं। मुख्य सचिव को इस पर डीटीपी ने बताया कि एचएसवीपी ने पानी का कनेक्शन दे दिया है। बाकी समस्याएं पूरी तरह हल नहीं हुई हैं। इसी बीच विधायक बीबी बतरा ने कहा कि ओमैक्स सिटी को निगम के हवाले किया जाए, तभी समाधान होगा। निगम आयुक्त ने मुख्य सचिव को बताया कि सरकार ने इसके लिए आदेश कर दिए हैं। बिल्डर के प्रतिनिधि अनिल गुप्ता ने कहा कि वे 15 मार्च तक निगम को ओमैक्स सिटी सौंपने की कागजी कार्रवाई पूरी कर देंगे। मुख्य सचिव ने डीसी व निगम आयुक्त से कहा कि वे खुद 5 मार्च तक मौके के हालात का निरीक्षण करें। इसके बाद 17 मार्च की मीटिंग में पूरी रिपोर्ट से अवगत करवाएं।
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बाजरा नहीं बिका तो किसान ने उठाए एसडीएम पर सवाल, एसडीएम बोले मिसमैच था रिकॉर्ड
बालंद के किसान ने शिकायत दी थी कि उसने उसने 3 एकड़ 3 कैनाल 11 मरले बाजरे का पंजीकरण करवाया था, लेकिन उसे मात्र 4 क्विंटल बाजरे का संदेश आया। उसके पास 35 से 40 क्विंटल बाजरा और है, उसे कहां लेकर जाऊं। पटवारी व कृषि विकास अधिकारी ने मौके का मुआयना किया। पाया कि किसान ने बताई गई जमीन में बाजरा लगाया था। शिकायतकर्ता का कहना था कि जब वे एसडीएम के पास गए तो एसडीएम ने कहा कि कहीं चले जाएं, कुछ नहीं हो सकता। वे एसडीएम के व्यवहार से आहत हैं। मीटिंग में मौजूद एसडीएम ने कहा कि फसल बिजाई की सरकार के नियमों के तहत तीन तरह से जांच की जाती है, लेकिन रिकॉर्ड मिसमैच कर रहा था। उन्होंने मौजूद तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की। जहां तक व्यवहार का सवाल है, उन्होंने ऐसा कुछ नहीं कहा।
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तिलक नगर निवासी एक व्यक्ति ने शिकायत दी कि उसकी सेक्टर एक के साथ लगती 4 कनाल 13 मरले जमीन पर एचएसवीपी ने कब्जा किया है। वह लंबे समय से जमीन का कब्जा हटाने के लिए अधिकारियों के चक्कर काट रहा है। सुबह 10 बजे बुलाकर शाम 5 बजे मिला जाता है। उसकी बेशकीमती जमीन को लेकर रिश्वत मांगी जा रही है। एक जेई की तरफ इशारा करते हुए पूर्व फौजी ने कहा कि, कितना पैसा चाहिए। जेई ने पलटते हुए कहा कि मैंने पैसे नहीं मांगे, कसम खाने को तैयार हूं। सरेआम रिश्वत के आरोप से मीटिंग में सन्नाटा पसर गया। सीएम के मुख्य सचिव ने शिकायतकर्ता को सलाह दी कि वे सौदा तय करके डीसी के पास आ जाते और पैसे मांगने वाले को रंगे हाथों पकड़वा देते। अब वह तो कसम खाने की बात कर रहा है। मामले की राकेेश गुप्ता ने जांच के आदेश दिए।
दूबे का एनकाउंटर व सुखविंदर को 24 घंटे में पकड़ने वाली पुलिस एक कोचिंग संचालक को सामने नहीं ला रही
मॉडल टाउन निवासी एक व्यक्ति ने मुख्य सचिव को शिकायत दी कि उसका बेटा सेना में मेजर है। मेजर ने शिकायत दी है कि उसका मॉडल टाउन में मकान है। आधा मकान कोचिंग अकादमी के लिए एक व्यक्ति को दिया था। अकादमी संचालक बाकी किराया नहीं दे रहा है। कह रहा है कि उसे जो करना है कर ले। दो बार रोहतक पुलिस को शिकायत दे चुका है। मेजर के पिता ने कहा कि जो पुलिस विकास दूबे का एनकाउंटर कर सकती है और छह लोगों की हत्या के आरोपी सुखविंदर को 24 घंटे के अंदर पकड़ सकती है, वह पुलिस छह माह में एक कोचिंग संचालक को सामने नहीं ला सकी। मुख्य सचिव ने एसपी को मामले की जांच के निर्देश दिए।
विभाग काम में गड़बड़ी मान रहा है तो ठेकेदार के खिलाफ दर्ज करवाएं एफआईआर
लाढ़ौत रोड के एक युवक ने समिति को शिकायत दी थी कि ठेकेदार ने सेक्टर 21, 18, 18ए, सेक्टर 5 व 6 में पानी की पाइप लाइन बिछाने के काम में लाखों की गड़बड़ी की है। गड़बड़ी पकड़ी जाने के बावजूद अधिकारियों ने उचित कार्रवाई नहीं की। जब डॉ. राकेश गुप्ता ने विभाग के अधिकारियों से पूछा तो उन्होंने कहा कि ठेकेदार को ब्लैकलिस्ट करके उसकी पेमेंट रोक दी है। गुप्ता ने कहा कि जब विभाग मान रहा है कि गड़बड़ी हुई तो एफआईआर दर्ज क्यों नहीं की गई। इस पर एचएसवीपी के अधिकारी ने कहा कि नियमों के तहत एफआईआर नहीं करवा सकते। बीच में डीसी कैप्टन मनोज कुमार ने कहा कि ऐसा कोई नियम नहीं है कि ठेकेदार के खिलाफ केस दर्ज नहीं करवाया जा सकता। इसके बाद डॉ. गुप्ता ने ठेकेदार के खिलाफ केस दर्ज करवाने के निर्देश दिए।
हाईटेंशन लाइन के नीचे निर्धारित ऊंचाई तक बने मकान
शिव कॉलोनी निवासी एक युवक ने शिकायत दी कि कॉालोनी में ऊपर से 132केवी की लाइन गुजर रही हैं। करंट लगने से 2015 में एक युवक की मौत हो गई थी। लाइन को हटाया जाए। जवाब में बिजली निगम के अधिकारियों ने कहा कि लाइन पहले बिछाई गई थी जबकि मकान बाद में बने हैं। दूसरा बड़ी लाइन के नीचे निर्धारित ऊंचाई तक ही मकान बन सकते हैं, लेकिन कुछ लोगों की छत की दूरी लाइन से मात्र 8 फीट बची है। ऐसे में हादसा होना तय है। इस पर डॉ. राकेश गुप्ता ने कहा कि नगर निगम प्रशासन ऐसे एरिया में निर्धारित ऊंचाई तक ही मकान बनाने की अनुमति दे। ताकि कहीं इस तरह का फिर हादसा न हो।
सीवरेज व पेयजल समस्या का स्थायी समाधान करें अधिकारी
मीटिंग में जिला कष्ट निवारण समिति के सदस्य व लोगों ने शिकायत दी कि शहर में पेयजल व सीवरेज की हालत बदहाल है। लोग दूषित पानी पीने को मजबूर हैं। विधायक भारत भूषण बतरा व शकुंतला खटक और मेयर मनमोहन गोयल ने भी दोनों समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। बतरा ने कहा कि जब सरकार व प्रशासन आम आदमी को पीने का साफ पानी तक उपलब्ध नहीं करवा सकता, इससे बड़ा अन्याय क्या होगा। समिति के चेयरमैन डॉ. राकेेश गुप्ता ने डीसी, निगम आयुक्त व जन स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए किए दोनों समस्याओं का स्थायी समाधान किया जाए। अगली मीटिंग में वे खुद रिपोर्ट लेंगे।
ये भी दिए निर्देश
डॉ. राकेश गुप्ता ने आजादगढ़ निवासी करतार व अन्य की शिकायत की सुनवाई करते हुए जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे लोगों को स्वच्छ पेयजल सप्लाई करें तथा सीवरेज के मैनहोल की सफाई करवाए। उन्होंने गिझी ग्राम पंचायत एवं बालंद निवासी सुखलाल की शिकायत की सुनवाई करने के दौरान कहा कि मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल पर बाजरे के पंजीकरण की अनियमितता की जांच सांपला के उपमंडलाधीश, कृषि उपनिदेशक, जिला सूचना विज्ञान अधिकारी तथा बैठक के दो मनोनीत सदस्य जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत करें। उन्होंने गढ़ी बलभ निवासी लख्मी एवं अन्य की 100-100 वर्ग गज के प्लाट की रजिस्ट्री से संबंधित शिकायत की सुनवाई करते हुए रोहतक के उपमंडलाधीश को शेष रजिस्ट्रियां यथाशीघ्र करवाने को कहा। इसके लिए संबंधित व्यक्तियों को आवश्यक दस्तावेज जमा करवाने होंगे तथा अवैध कब्जे भी हटाने होंगे। डॉ. राकेश गुप्ता ने सुनारिया कला निवासी सतनारायण की मुआवजा संबंधित शिकायत के संदर्भ में भूमि अर्जन अधिकारी को निर्देश दिए कि शिकायतकर्ता को मार्च 2021 तक मुआवजे का भुगतान नियमानुसार किया जाए। उन्होंने विद्या गोयल व बिमला देवी की शिकायत के संदर्भ में निर्देश दिए कि इस संदर्भ में न्यायालय के आदेश की पालना सुनिश्चित करवाई जाए। शिकायतकर्ता द्वारा राजस्व रिकॉर्ड दुरुस्त करवाते हुए कब्जा हटवाकर भूमि का मालिकाना हक दिलवाने की मांग की गई है।
समिति सदस्यों ने भी उठाई जनसमस्याएं
मीटिंग में समिति के सदस्यों ने भी रोहतक शहर में दूषित पानी की सप्लाई तथा सीवरेज व्यवस्था के संदर्भ में अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि शहरवासियों को विभाग द्वारा दूषित पानी की सप्लाई की जा रही है, जिसे सुधारा जाए। सीवरेज व्यवस्था में सुधार की आवश्यकता है। कलानौर क्षेत्र से संबंधित विभिन्न शिकायतों का मुद्दा उठाया गया। जिला परिषद के चेयरमैन सतीश भालौठ ने कहा कि मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल पर पंजीकरण करवाने वाले किसानों को हो रही असुविधा का संज्ञान लिया जाए।
ये रहे मीटिंग में मौजूद
मीटिंग में रोहतक के विधायक भारत भूषण बतरा, कलानौर की विधायक शकुंतला खटक, नगर निगम के मेयर मनमोहन गोयल, जिला परिषद के चेयरमैन सतीश भालौठ, उपायुक्त कैप्टन मनोज कुमार, नगर निगम आयुक्त प्रदीप गोदारा, हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण के प्रशासक वीरेंद्र हुड्डा, पुलिस अधीक्षक राहुल शर्मा, अतिरिक्त उपायुक्त महेंद्रपाल, उपमंडलाधीश राकेश कुमार सैनी, मेजर गायत्री अहलावत, नगराधीश ज्योति मित्तल, पीजीआईएमएस के अतिरिक्त निदेशक सुरेंद्र सिंह, भाजपा के जिला अध्यक्ष अजय बंसल, जिला राजस्व अधिकारी पूनम बब्बर, जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी नरेंद्र धनखड़, सिविल सर्जन डॉ. अनिल बिरला, मुख्यमंत्री सुशासन सहयोगी शैलेट जोस, डीटीपी मनदीप सिहाग, योगेश, समिति के मनोनीत सदस्यों में रमेश भाटिया, राजबीर आर्य, राजरानी शर्मा, मनीष शर्मा, कंवल सैनी, धर्मबीर शर्मा, कुलविंद्र सिंह सिक्का, सतीश आहुजा, सुनील कत्याल, अजय खुंडिया, सूरजमल किलोई व जय सिंह लाकड़ा भी मौजूद रहे।