उपायुक्त कैप्टन मनोज कुमार ने योग को जीवन जीने के तरीके में शामिल करने आह्वान किया है। वह राजीव गांधी खेल स्टेडियम में आयोजित डीपीई, पीटीआई व सामान्य अध्यापकों के योग प्रशिक्षण शिविर को संबोधित कर रहे थे। सात दिवसीय शिविर का आयोजन हरियाणा स्कूल शिक्षा परियोजना परिषद व हरियाणा योग परिषद के तत्वावधान में किया जा रहा है। सीएम मनोहर लाल ने शिविर का वर्चुअल उद्घाटन किया।
उपायुक्त ने कहा कि योग ऐसी विधा है जो हींग लगे न फिटकरी वाली कहावत को चरितार्थ करती है। योग क्रिया के लिए न तो खेल के मैदान की जरूरत है और न ही किसी मशीनरी की। हालांकि सुबह के समय योग करना सर्वोत्तम माना गया है। लेकिन कई ऐसी योग क्रियाएं हैं जिन्हें समय मिलने पर कभी भी किया जा सकता है। योग न तो कोई दवा है और न ही कोई उपचार। इसे खेल भी नहीं कहा जा सकता, लेकिन यह फिटनेस मंत्र अवश्य है। शरीर को स्वस्थ बनाए रखने का नुस्खा है। हिंदुस्तान की यह सदियों पुरानी विधा है, लेकिन बीच में एक अंतराल आ गया था। योग गुरु बाबा रामदेव ने योग के माध्यम से सोए हुए लोगों को जगाने का काम किया है। योग एक बार फिर से भारत ही नहीं, पूरी दुनिया में लोकप्रिय हो गया है। उन्होंने वहां मौजूद अध्यापकों का आह्वान किया कि वे प्रशिक्षण के बाद जहां भी जाएं बच्चों को योग सिखाएं ताकि इसका प्रचार-प्रसार हो और बच्चे सबल बन सकें। इस अवसर पर एडीसी महेंद्र पाल, एसडीएम राकेश सैनी, नगराधीश सुरेंद्र सिंह, भारत स्वाभिमान के जिला अध्यक्ष जगबीर आर्य, महिला पतंजलि योग समिति की दया आर्य, किसान सेवा समिति के अध्यक्ष हवा सिंह मलिक, समग्र शिक्षा के जिला परियोजना अधिकारी जितेंद्र सिंह, डीईओ डॉ. विजय लक्ष्मी नांदल, मौलिक शिक्षा अधिकारी सुनीता पंवार, डिप्टी डीईओ आदर्श सांगवान समेत कई अधिकारी मौजूद थे।