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हिंदू शिक्षण संस्था का कॉलेजियम चुनाव दो ड्रॉ के साथ संपन्न
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हिंदू शिक्षण संस्था के चुनाव में मतदान करती महिला। अमर उजाला
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हिंदू शिक्षण संस्था की नई कार्यकारिणी का कॉलेजियम चुनाव रविवार को हंगामे व विवाद के साथ पूरा हुआ। कॉलेजियम सदस्यों में से दो के नाम ड्रॉ के जरिये घोषित किए गए। चुनाव में 12 उम्मीदवारों को 5-5 वोट मिले थे, जबकि एक को छह वोट मिले। कॉलेजियम के अंतिम दो वोटों को लेकर खासा बवाल मचा। दो पक्षों में कहासुनी के साथ हाथापाई तक की नौबत आ गई। इसके चलते पुलिस भी बुलानी पड़ी। संस्था के एक सदस्य ने अपना बोगस वोट डाले जाने को लेकर आपत्ति जताते हुए टेंडर वोट डाला। अब कॉलेज के सौ सदस्यों में कार्यकारिणी के गठन के लिए चुनाव होगा।
रविवार सुबह संस्था के कॉलेजियम चुनाव के लिए मतदान शुरू हुआ। संस्था के सदस्यों ने शाम चार बजे तक प्रक्रिया में हिस्सा लिया। मतदान दोपहर बाद तक शांतिपूर्वक चला। शाम को एक सदस्य ने अपना बोगस वोट डाले जाने का मुद्दा उठाया। सदस्य ने आरोप लगाया कि संस्था में एक वोट कोई दूसरा कैसे डाल सकता है। यह सवाल गड़बड़ी की ओर संकेत करता है। उसके आपत्ति उठाने के बाद चुनाव अधिकारी ने टेंडर वोट डालने की अनुमति दी। संस्था के 80 पार उम्र के सदस्यों ने भी वोट डाला। इसमें 80 वर्षीय एमएल छाबड़ा, 85 वर्षीय हरबंस लाल मलिक, 89 वर्षीय नर सिंह लाल चुघ व अन्य बुजुर्ग शामिल हैं।
इसके बाद मतगणना शुरू हुई। मतगणना के बाद चुनाव अधिकारी की ओर से परिणाम घोषित करने से पहले ही एक पक्ष ने अपने वोट कम करने का आरोप लगाते सवाल खड़े कर दिए। इसके बाद वहां हंगामा हो गया। दो पक्षों में गाली-गलौज भी हुई। नौबत हाथापाई तक पहुंची तो पुलिस बुलाई गई। इसके बाद देर रात पुलिस व दोनों पक्षों में विवाद हल करने को लेकर बहस जारी रही।
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999 में से 117 वोट डिफॉल्टर : चुनाव अधिकारी
चुनाव अधिकारी नरेंद्र नाथ गिरोत्रा ने बताया कि कुल 999 में से 117 वोट डिफॉल्टर हैं। ऐसे में कॉलेजियम के सौ सदस्यों को 882 वोटों में अपनी जीत के लिए वोट लेने थे। इसके लिए सभी ने पुरजोर प्रयास किया। इन 882 में से एक को छह व 12 को पांच-पांच वोट मिले। मतगणना में 6 वोटों तक 98 उम्मीदवारों की जीत तय हो चुकी थी। शेष दो उम्मीदवारों के लिए पांच वोट वाले 12 उम्मीदवारों के बीच ड्रॉ हुआ। साथ ही कॉलेजियम के सौ सदस्यों की चुनावी प्रक्रिया संपन्न हुई। अब कार्यकारिणी के गठन के लिए जल्दी चुनावी शेड्यूल जारी किया जाएगा।
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रविवार सुबह संस्था के कॉलेजियम चुनाव के लिए मतदान शुरू हुआ। संस्था के सदस्यों ने शाम चार बजे तक प्रक्रिया में हिस्सा लिया। मतदान दोपहर बाद तक शांतिपूर्वक चला। शाम को एक सदस्य ने अपना बोगस वोट डाले जाने का मुद्दा उठाया। सदस्य ने आरोप लगाया कि संस्था में एक वोट कोई दूसरा कैसे डाल सकता है। यह सवाल गड़बड़ी की ओर संकेत करता है। उसके आपत्ति उठाने के बाद चुनाव अधिकारी ने टेंडर वोट डालने की अनुमति दी। संस्था के 80 पार उम्र के सदस्यों ने भी वोट डाला। इसमें 80 वर्षीय एमएल छाबड़ा, 85 वर्षीय हरबंस लाल मलिक, 89 वर्षीय नर सिंह लाल चुघ व अन्य बुजुर्ग शामिल हैं।
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इसके बाद मतगणना शुरू हुई। मतगणना के बाद चुनाव अधिकारी की ओर से परिणाम घोषित करने से पहले ही एक पक्ष ने अपने वोट कम करने का आरोप लगाते सवाल खड़े कर दिए। इसके बाद वहां हंगामा हो गया। दो पक्षों में गाली-गलौज भी हुई। नौबत हाथापाई तक पहुंची तो पुलिस बुलाई गई। इसके बाद देर रात पुलिस व दोनों पक्षों में विवाद हल करने को लेकर बहस जारी रही।
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999 में से 117 वोट डिफॉल्टर : चुनाव अधिकारी
चुनाव अधिकारी नरेंद्र नाथ गिरोत्रा ने बताया कि कुल 999 में से 117 वोट डिफॉल्टर हैं। ऐसे में कॉलेजियम के सौ सदस्यों को 882 वोटों में अपनी जीत के लिए वोट लेने थे। इसके लिए सभी ने पुरजोर प्रयास किया। इन 882 में से एक को छह व 12 को पांच-पांच वोट मिले। मतगणना में 6 वोटों तक 98 उम्मीदवारों की जीत तय हो चुकी थी। शेष दो उम्मीदवारों के लिए पांच वोट वाले 12 उम्मीदवारों के बीच ड्रॉ हुआ। साथ ही कॉलेजियम के सौ सदस्यों की चुनावी प्रक्रिया संपन्न हुई। अब कार्यकारिणी के गठन के लिए जल्दी चुनावी शेड्यूल जारी किया जाएगा।

हिंदू शिक्षण संस्था के चुनाव में मतदान के दौरान गडबड़ी और परिणाम में देरी होने पर हंगामा करता व्?