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Rohtak News: बारदाना खत्म, नहीं हुई गेहूं की खरीद

Sat, 20 Apr 2024 06:21 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक Updated Sat, 20 Apr 2024 06:21 AM IST
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Gunny bags finished, wheat not procured
सांपला। अनाज मंडी गेहूं से अटी पड़ी है। जिम्मेदार अधिकारियों की लापरवाही से मंडी में चारों तरफ या तो गेहूं की बोरियां हैं या फिर गेहूं के ढेर नजर आ रहे हैं। क्योंकि ट्रांसपोर्ट टेंडर में दिखाएं ट्रैकों की संख्या ग्राउंड पर नहीं दिखाई दे रही। अधिकारी खरीद एजेंसी व ट्रांसपोर्ट पर लगाम कसने में भी नरमी दिखा रहे है।
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गेहूं की आवक दिन-रात जारी है। इस वजह से मार्केट कमेटी के मुख्य गेट तक गेहूं के ढेर लगे हैं। इस वजह से मंडी में जाम की स्थिति बन गई है। वाहनों का निकलना तो दूर पैदल भी लोग गेहूं की बिक्री ढेरी से जा रहे हैं। जिस कारण गेहूं लेकर आए किसानों को भी परेशानी हो रही है। प्रशासन की तरफ से दावे किए जा रहे थे कि मंडियों में फसल की खरीद समुचित की जाएगी और किसानों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं आएगी।
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सांपला अनाज मंडी में खरीद और उठान दोनों धीमी गति से चल रहा है। समय पर खरीद न होने के कारण किसानों को समय पर पेमेंट नहीं मिल पा रही है। जिन किसानों ने एक सप्ताह पहले फसल डाली थी उनकी पेमेंट भी अभी जारी नहीं हुई ,क्योंकि खरीद और लिफ्टिंग दोनों धीमी गति से चल रही है। हालांकि 72 घंटे के अंदर पेमेंट करने का नियम है, लेकिन जब तक अनाज गोदाम तक नहीं पहुंचा, तब तक पेमेंट जारी नहीं हो सकती।
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बारिश हुई तो फसल भीगने का डर
सांपला मंडी में फसल खरीद के लिए दो एजेंसी अलर्ट की हुई है। हैफेड ने अब तक एक भी दान गेहूं नहीं खरीदा। जबकि वेयर हाउस भी बीच में खरीद रोक रही है। शुक्रवार को वेयरहाउस द्वारा खरीद की जानी थी। बताया गया बारदाना खत्म होने की वजह से खरीद नहीं हो पाई। उधर मौसम बार-बार करवट बदल रहा है। अगर बारिश हुई तो पहले की तरह इस बार भी मंडी में खुले आसमान के नीचे पड़ा हजारों क्विंटल गेहूं बारिश की भेंट चढ़ना संभव है।
20 प्रतिशत फसल का ही उठान
टेंडर के अनुसार मंडी में जितनी फसल आवक का अनुमान होता है उतने ही ट्रक और लेबर ठेकेदार को प्रबंध करने होते हैं। जब सीजन शुरू होता है तो हकीकत कुछ और होती है। ट्रैकों की संख्या कम हो जाती है। इस कारण उठान में देरी होती है। मजदूरों की संख्या कम होने के कारण उठान नहीं हो रहा। एजेंसी की ओर से अब तक करीब तीन लाख बैग गेहूं खरीदा है। यानी डेढ़ लाख क्विंटल गेहूं की खरीद की है। इसमें से 20 प्रतिशत ही गेहूं का उठान हुआ है। इस वजह से मंडी में गेहूं का ढेर लगा हुआ। इस पर कोई भी जिम्मेदार अधिकारी ध्यान नहीं दे रहा। नियमों के अनुसार उठान करने वाले ठेकेदार एजेंसी को ब्लैक लिस्ट किया जा सकता है लेकिन जाम की स्थिति के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं की जा रही। इस लापरवाही का खामियां किसानों को भुगतना पड़ रहा है, क्योंकि जब तक फसल का उठा नहीं होता, तब तक किसान को पेमेंट नहीं मिलेगी। खरीद के 72 घंटे बाद पेमेंट किसान के खाते में होनी चाहिए, लेकिन यहां जिम्मेदारों की लापरवाही सरकार के दावों को खोखला साबित कर रही है।
अब तक सवा तीन लाख क्विंटल गेहूं की आवक
सांपला अनाज मंडी में अब तक करीब सवा तीन लाख क्विंटल गेहूं की आवक हो चुकी है। इसमें से डेढ़ लाख क्विंटल की खरीद की गई। आवक लगातार बढ़ रही हैं। मंडी में गेहूं डालने की अव्यवस्था बन चुकी है।

क्या कहते अधिकारी
वेयर हाउस एजेंसी का बारदाना खत्म हो गया। इस वजह से शुक्रवार को खरीद नहीं हो पाई। जल्द बारदाना पहुंच जाएगा। खरीद शुरू कर दी जाएगी। लेबर की कमी होने की वजह से भी उठान में देरी हो रही है। एजेंसियों को को निर्देश जारी कर दिए गए हैं कि तुरंत खरीद और उठान करें , ताकि किसानों को समय पर भुगतान किया जा सके और मंडी में भी व्यवस्था बनी रहे।
दीपक कुमार, सचिव, मार्केट कमेटी
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