{"_id":"6179a8122a77950e372659b6","slug":"even-after-the-construction-of-eight-permanent-and-temporary-parking-the-situation-remains-the-same-rohtak-news-rtk6283039127","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्थायी और अस्थायी आठ पार्किंग बनने के बाद भी हालात जस के तस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
स्थायी और अस्थायी आठ पार्किंग बनने के बाद भी हालात जस के तस
विज्ञापन
मॉ टाउन में अस्थायी पार्किग का लगा बोर्ड। अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
त्योहारी सीजन में शहर के व्यस्त बाजारों को जाम से राहत के लिए भले ही प्रशासन ने स्थायी-अस्थायी आठ पार्किंग बना दी हैं, लेकिन हालात अभी भी जस के तस हैं। इसकी मुख्य वजह स्थायी पार्किंग में लोग वाहन तो खड़े कर रहे हैं, लेकिन व्यापारी व उनके यहां काम करने वाले कर्मी दुकानों के आगे ही वाहन खड़े कर रहे हैं। इससे अतिक्रमण हो रहा है। वहीं, अस्थायी पार्किंग में लोग असुरक्षा भी भावना के चलते अपनी गाड़ियों को खड़ी करने में हिचकिचाते हैं। यहां न तो पार्किंग का बोर्ड लगाया जाता है और न ही सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम रहते हैं।
शहर के किला बाजार रोड, रेलवे रोड, माल गोदाम रोड, शौरी मार्केट, डी-पार्क, मॉडल टाउन, गांधी कैंप बाजार सर्वाधिक व्यस्त बाजार हैं। इनमें शहर और देहात के लोग भी खरीदारी करने के लिए आते हैं। इसकी वजह से त्योहारी सीजन में सुबह से शाम तक जाम के हालात बने रहते हैं। जाम की वजह से लोगों को होने वाली परेशानी का निदान करने के लिए उपायुक्त ने स्थायी और अस्थायी आठ पार्किंग बनवाईं हैं। यहां लोग वाहनों को खड़ा करके सुविधानुसार खरीदारी कर सकें। अमर उजाला की टीम ने बुधवार को सभी आठ पार्किंग और प्रमुख बाजारों की हकीकत जांची। स्थायी पार्किंग पर तैनात कर्मियों ने बताया कि बाजार में आने वाले अधिकतर ग्राहक अपने वाहन पार्किंग में खड़ा कर रहे हैं, जबकि कुछ ग्राहकों के अलावा व्यापारी व उनके प्रतिष्ठान पर काम करने वाले कर्मचारी वाहन पार्किंग में खड़ा नहीं कर रहे हैं। वहीं, व्यस्ततम बाजारों में दुकानों के आगे अस्थायी अतिक्रमण और फिर वाहन खड़े होने की वजह से जाम के हालात दिखे।
पुराना सीनियर सेकेंडरी स्कूल पार्किंग
यहां सुरक्षा की कोई व्यवस्था नहीं है। गंदगी के अटे मैदान में कहीं भी अस्थायी पार्किंग का बोर्ड तक नहीं लगा है। ऐसे में तमाम लोग वाहन खड़े करने से कतरा रहे हैं। वहीं, पुराना बस अड्डा, कच्चा बेरी रोड, शौरी मार्केट में खरीदारी के लिए आने वाले कुछ लोग वाहन खड़े कर रहे हैं।
विज्ञापन
महाराजा अग्रसेन पार्किंग
यहां लोग वाहन खड़े करते हैं। पार्किंग कर्मियों के अनुसार त्योहारी सीजन होने की वजह से पार्किंग में काफी वाहन आ रहे हैं। अधिकतर वाहनों को बाजार में खरीदारी करने के लिए आने वाले लोग कर रहे हैं।
शहीद भगत सिंह पार्किंग
यह पार्किंग किला बाजार रोड से नजदीक है, जहां सुबह से शाम तक जाम के हालात बने रहते हैं। पार्किंगकर्मी ने बताया कि बाजार में सैकड़ों दुकानदार हैं। उनमें से सिर्फ 10-12 ही अपने वाहन पार्किंग में खड़ा करते हैं। ग्राहक तो पार्किंग कर रहे हैं, लेकिन दुकानदार व उनके कर्मी नहीं खड़ा करते। भीड़भाड़ के बीच से वाहन गुजरने पर जाम लगता है।
रेलवे स्टेशन की पार्किंग
बाजार में आने वाले ग्राहकों के दोपहिया वाहनों से अटी चल रही है। सर्कुलेटिंग एरिया में चौपहिया वाहन की पार्किंग में सुरक्षा के कोई इंतजाम नहीं है। पार्किंग संचालक ने बताया कि बाजार में आने वाले लोग वाहन खड़े कर रहे हैं। व्यापारी और उनके कर्मियों के वाहन नहीं खड़े हो रहे हैं।
पुरानी आईटीआई मैदान
यहां पार्किंग किस जगह बनाई गई है, इसका किसी को पता तक नहीं है। कहीं पर भी पार्किंग का बोर्ड नहीं लगा है। ऐसे में लोग अपने वाहन खुले में छोड़कर जाने के लिए तैयार नहीं है। जिसकी वजह से लोग अपने वाहनों को गांधी कैंप बाजार और मॉडल टाउन तक ले जाने को मजबूर हैं।
मॉडल टाउन पार्किंग
यहां बनाई गई पार्किंग पर प्रवेश द्वार तक नहीं है। पार्किंग के दोनों तरफ स्टाल लगे हुए हैं। इसके चलते वाहन चालक सड़क पर ही वाहन खड़ा कर रहे हैं। इससे मॉडल टाउन और डी-पार्क के आसपास हमेशा जाम की स्थिति बनी रहती है।
अशोका चौक अस्थायी पार्किंग
यहां निजी दफ्तरों में काम करने वाले ही वाहनों को खड़ा कर रहे हैं। बाजार में आने वाले लोग मार्केट तक वाहन ले जाने की कोशिश कर करते हैं। लोगों का कहना है कि सामान ज्यादा होने के कारण पैदल लेकर आवागमन करने में दिक्कत होती है। इसकी वजह से वाहन साथ ले जा रहे हैं।
मेडिकल मोड़ पार्किंग
यहां के लिए निजी अस्पतालों के डॉक्टर ही वाहनों को खड़ा करते हैं। शाम के समय मेडिकल मोड़ पर काफी भीड़ होती है। शहर और गांव से आने वाले लोग भी अपने वाहनों को पार्किंग में खड़ा नहीं कर रहे है। इसके चलते जाम की स्थिति मेडिकल मोड़ पर बनी रहती है।
प्रशासनिक व्यवस्था मेें सहयोग करें दुकानदार
दुकानदार प्रशासनिक व्यवस्था मेें सहयोग करें। बाजार में खरीदारी करने के लिए आने वाले ग्राहकों को असुविधा नहीं हो और सुरक्षित माहौल मिले।
-हेमंत बख्शी, प्रधान, रेलवे रोड
अब दुकानदार भी अपने वाहन पार्किंग में खड़े कर रहे
पहले तो दुकानदार अपने वाहन दुकान के सामने खड़े कर रहे थे, लेकिन वर्तमान समय में ऐसा नहीं कर रहे हैं। हो सकता है कि कभी किसी ग्राहक ने वाहन खड़े कर दिए हो।
-बिट्टू सचदेवा, प्रधान किला रोड बाजार
बाजार से सटे मोहल्लों के लोग रहते हैं परेशान
बाजार में कोई व्यवस्था नहीं है। न कोई पूछने वाला है और न समझाने वाला। बाजार से सटे मोहल्लों के लोग अव्यवस्था से परेशान हैं। प्रशासन व्यवस्था संभाले, यदि कोई दिक्कत आ रही है तो व्यापारियों से बात करे।
- हैप्पी अनेजा, प्रधान, किला रोड बाजार
अस्थायी पार्किंग में लगवा दिया है बोर्ड
एसपी से यातायात व्यवस्था बनाने के लिए मुलाकात की है। अस्थायी पार्किंग में आज बोर्ड लगवा दिया है। दुकानदारों से कहा है कि वह अपने वाहनों को पार्किंग में भी खड़े करें ताकि जाम नहीं लगे।
-अजय धनखड़, प्रधान डी-पार्क बाजार
विज्ञापन
शहर के किला बाजार रोड, रेलवे रोड, माल गोदाम रोड, शौरी मार्केट, डी-पार्क, मॉडल टाउन, गांधी कैंप बाजार सर्वाधिक व्यस्त बाजार हैं। इनमें शहर और देहात के लोग भी खरीदारी करने के लिए आते हैं। इसकी वजह से त्योहारी सीजन में सुबह से शाम तक जाम के हालात बने रहते हैं। जाम की वजह से लोगों को होने वाली परेशानी का निदान करने के लिए उपायुक्त ने स्थायी और अस्थायी आठ पार्किंग बनवाईं हैं। यहां लोग वाहनों को खड़ा करके सुविधानुसार खरीदारी कर सकें। अमर उजाला की टीम ने बुधवार को सभी आठ पार्किंग और प्रमुख बाजारों की हकीकत जांची। स्थायी पार्किंग पर तैनात कर्मियों ने बताया कि बाजार में आने वाले अधिकतर ग्राहक अपने वाहन पार्किंग में खड़ा कर रहे हैं, जबकि कुछ ग्राहकों के अलावा व्यापारी व उनके प्रतिष्ठान पर काम करने वाले कर्मचारी वाहन पार्किंग में खड़ा नहीं कर रहे हैं। वहीं, व्यस्ततम बाजारों में दुकानों के आगे अस्थायी अतिक्रमण और फिर वाहन खड़े होने की वजह से जाम के हालात दिखे।
विज्ञापन
पुराना सीनियर सेकेंडरी स्कूल पार्किंग
यहां सुरक्षा की कोई व्यवस्था नहीं है। गंदगी के अटे मैदान में कहीं भी अस्थायी पार्किंग का बोर्ड तक नहीं लगा है। ऐसे में तमाम लोग वाहन खड़े करने से कतरा रहे हैं। वहीं, पुराना बस अड्डा, कच्चा बेरी रोड, शौरी मार्केट में खरीदारी के लिए आने वाले कुछ लोग वाहन खड़े कर रहे हैं।
विज्ञापन
महाराजा अग्रसेन पार्किंग
यहां लोग वाहन खड़े करते हैं। पार्किंग कर्मियों के अनुसार त्योहारी सीजन होने की वजह से पार्किंग में काफी वाहन आ रहे हैं। अधिकतर वाहनों को बाजार में खरीदारी करने के लिए आने वाले लोग कर रहे हैं।
शहीद भगत सिंह पार्किंग
यह पार्किंग किला बाजार रोड से नजदीक है, जहां सुबह से शाम तक जाम के हालात बने रहते हैं। पार्किंगकर्मी ने बताया कि बाजार में सैकड़ों दुकानदार हैं। उनमें से सिर्फ 10-12 ही अपने वाहन पार्किंग में खड़ा करते हैं। ग्राहक तो पार्किंग कर रहे हैं, लेकिन दुकानदार व उनके कर्मी नहीं खड़ा करते। भीड़भाड़ के बीच से वाहन गुजरने पर जाम लगता है।
रेलवे स्टेशन की पार्किंग
बाजार में आने वाले ग्राहकों के दोपहिया वाहनों से अटी चल रही है। सर्कुलेटिंग एरिया में चौपहिया वाहन की पार्किंग में सुरक्षा के कोई इंतजाम नहीं है। पार्किंग संचालक ने बताया कि बाजार में आने वाले लोग वाहन खड़े कर रहे हैं। व्यापारी और उनके कर्मियों के वाहन नहीं खड़े हो रहे हैं।
पुरानी आईटीआई मैदान
यहां पार्किंग किस जगह बनाई गई है, इसका किसी को पता तक नहीं है। कहीं पर भी पार्किंग का बोर्ड नहीं लगा है। ऐसे में लोग अपने वाहन खुले में छोड़कर जाने के लिए तैयार नहीं है। जिसकी वजह से लोग अपने वाहनों को गांधी कैंप बाजार और मॉडल टाउन तक ले जाने को मजबूर हैं।
मॉडल टाउन पार्किंग
यहां बनाई गई पार्किंग पर प्रवेश द्वार तक नहीं है। पार्किंग के दोनों तरफ स्टाल लगे हुए हैं। इसके चलते वाहन चालक सड़क पर ही वाहन खड़ा कर रहे हैं। इससे मॉडल टाउन और डी-पार्क के आसपास हमेशा जाम की स्थिति बनी रहती है।
अशोका चौक अस्थायी पार्किंग
यहां निजी दफ्तरों में काम करने वाले ही वाहनों को खड़ा कर रहे हैं। बाजार में आने वाले लोग मार्केट तक वाहन ले जाने की कोशिश कर करते हैं। लोगों का कहना है कि सामान ज्यादा होने के कारण पैदल लेकर आवागमन करने में दिक्कत होती है। इसकी वजह से वाहन साथ ले जा रहे हैं।
मेडिकल मोड़ पार्किंग
यहां के लिए निजी अस्पतालों के डॉक्टर ही वाहनों को खड़ा करते हैं। शाम के समय मेडिकल मोड़ पर काफी भीड़ होती है। शहर और गांव से आने वाले लोग भी अपने वाहनों को पार्किंग में खड़ा नहीं कर रहे है। इसके चलते जाम की स्थिति मेडिकल मोड़ पर बनी रहती है।
प्रशासनिक व्यवस्था मेें सहयोग करें दुकानदार
दुकानदार प्रशासनिक व्यवस्था मेें सहयोग करें। बाजार में खरीदारी करने के लिए आने वाले ग्राहकों को असुविधा नहीं हो और सुरक्षित माहौल मिले।
-हेमंत बख्शी, प्रधान, रेलवे रोड
अब दुकानदार भी अपने वाहन पार्किंग में खड़े कर रहे
पहले तो दुकानदार अपने वाहन दुकान के सामने खड़े कर रहे थे, लेकिन वर्तमान समय में ऐसा नहीं कर रहे हैं। हो सकता है कि कभी किसी ग्राहक ने वाहन खड़े कर दिए हो।
-बिट्टू सचदेवा, प्रधान किला रोड बाजार
बाजार से सटे मोहल्लों के लोग रहते हैं परेशान
बाजार में कोई व्यवस्था नहीं है। न कोई पूछने वाला है और न समझाने वाला। बाजार से सटे मोहल्लों के लोग अव्यवस्था से परेशान हैं। प्रशासन व्यवस्था संभाले, यदि कोई दिक्कत आ रही है तो व्यापारियों से बात करे।
- हैप्पी अनेजा, प्रधान, किला रोड बाजार
अस्थायी पार्किंग में लगवा दिया है बोर्ड
एसपी से यातायात व्यवस्था बनाने के लिए मुलाकात की है। अस्थायी पार्किंग में आज बोर्ड लगवा दिया है। दुकानदारों से कहा है कि वह अपने वाहनों को पार्किंग में भी खड़े करें ताकि जाम नहीं लगे।
-अजय धनखड़, प्रधान डी-पार्क बाजार