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Rohtak News: पूजा सामग्री नहर में न डालें, करें संस्था के हवाले
Tue, 16 Apr 2024 05:46 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
Updated Tue, 16 Apr 2024 05:46 AM IST
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15सीटीके09... दिल्ली बाईपास पर नहर में कचरा ना डालने को लेकर जागरूक करते सुनों नहरों की पुकार
रोहतक। सुनो नहरों की पुकार मिशन के मुख्य संरक्षक डॉ. जसमेर सिंह ने बताया नहरों के जल को स्वच्छ रखने के लिए नहरों के पुलों पर नवरात्रों के अंतिम तीन दिन 16,17 व 18 अप्रैल को नहरों पर खड़े होकर लोगों को जागरूक किया जाएगा कि वे इनमें पूजा पाठ की सामग्री व अन्य सामान न डालें। कहा कि यही पानी पीने के लिए, सिंचाई के लिए और पशुओं के पीने के लिए प्रयोग होता है।
नवरात्रों में पूजा पाठ के सामान में कई प्रकार का प्लास्टिक व अन्य सामान भी लोग नहरों में डाल देते हैं। इसकी वजह से कई प्रकार की बीमारियां हमारे घरों में फैल रही हैं। उन्होंने कहा कि पूजा पाठ के बाद इस सामग्री को कहीं उचित व साफ जगह देखकर निष्पादन कर दें। इससे हमारी आस्था भी बनी रहेगी और पानी भी प्रदूषित नहीं होगा। तीन दिनों तक विद्यार्थी व अन्य सामाजिक लोग जेएलएन नहर व बीएसबी नहर के सभी पुलों पर खड़े होकर लोगों को जागरूक करेंगे कि जो भी पूजा के बाद का सामान हैं वह मिशन के सदस्यों को सौंप दें, जिससे नहर की सफाई करने पर सही तरीके से उसका भूमि विसर्जन कर सकें। उन्होंने कहा माता रानी से संबंधित किसी भी प्रकार की सामग्री का निरादर नहीं होने दिया जाएगा, सम्मान के साथ उसका निष्पादन किया जाएगा। मिशन के संरक्षक शिक्षक दीपक छारा ने कहा सदस्यों ने 2 साल 7 महीने में किसी भी प्रकार के सामान या व्यक्ति का कोई निरादर नहीं किया।
मिशन संरक्षक अजय हुड्डा ने बताया पिछले नवरात्रों में भी 15 ट्रॉली पूजा सामग्री और मूर्तियां नहरों से निकाली गई थी। इससे पानी खराब होता है और पशु ये पानी पीते हैे तो कई बार वो प्लास्टिक निगल जाते हैं। इस वजह से उनकी मृत्यु भी हो जाती है।
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नवरात्रों में पूजा पाठ के सामान में कई प्रकार का प्लास्टिक व अन्य सामान भी लोग नहरों में डाल देते हैं। इसकी वजह से कई प्रकार की बीमारियां हमारे घरों में फैल रही हैं। उन्होंने कहा कि पूजा पाठ के बाद इस सामग्री को कहीं उचित व साफ जगह देखकर निष्पादन कर दें। इससे हमारी आस्था भी बनी रहेगी और पानी भी प्रदूषित नहीं होगा। तीन दिनों तक विद्यार्थी व अन्य सामाजिक लोग जेएलएन नहर व बीएसबी नहर के सभी पुलों पर खड़े होकर लोगों को जागरूक करेंगे कि जो भी पूजा के बाद का सामान हैं वह मिशन के सदस्यों को सौंप दें, जिससे नहर की सफाई करने पर सही तरीके से उसका भूमि विसर्जन कर सकें। उन्होंने कहा माता रानी से संबंधित किसी भी प्रकार की सामग्री का निरादर नहीं होने दिया जाएगा, सम्मान के साथ उसका निष्पादन किया जाएगा। मिशन के संरक्षक शिक्षक दीपक छारा ने कहा सदस्यों ने 2 साल 7 महीने में किसी भी प्रकार के सामान या व्यक्ति का कोई निरादर नहीं किया।
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मिशन संरक्षक अजय हुड्डा ने बताया पिछले नवरात्रों में भी 15 ट्रॉली पूजा सामग्री और मूर्तियां नहरों से निकाली गई थी। इससे पानी खराब होता है और पशु ये पानी पीते हैे तो कई बार वो प्लास्टिक निगल जाते हैं। इस वजह से उनकी मृत्यु भी हो जाती है।
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