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वित्तमंत्री की कोठी में लूट और आगजनी ः फरार चल रहे 19 आरोपियों के गिरफ्तारी वारंट जारी
ब्यूरो/अमर उजाला, रोहतक
Updated Mon, 29 Aug 2016 02:23 AM IST
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जाट आरक्षण
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वित्तमंत्री कैप्टन अभिमन्यु की कोठी में लूट और आगजनी के आरोपियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की गई है। इस मामले में एसआईटी ने कोर्ट से 19 लोगों के गिरफ्तारी वारंट जारी करवाए हैं। ये वारंट आरोपियों के घर भेजे जा रहे हैं और उनसे कहा जा रहा है कि वह खुद अपनी गिरफ्तारी दें। ऐसा नहीं करने पर उनके घर दबिश डालकर गिरफ्तार किया जाएगा। एसआईटी ने इन सभी के खिलाफ सबूत होने की बात कही है।
जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान फरवरी में जमकर उपद्रव किया गया था। शहर में दुकानों, शोरूम, मॉल समेत काफी जगह लूटपाट, तोड़फोड़ और आगजनी की गई थी। उस दौरान ही वित्तमंत्री कैप्टन अभिमन्यु की सेक्टर-14 में स्थित कोठी पर उपद्रवियों ने हमला बोल दिया था। कोठी में पहले तोड़फोड़ और लूटपाट की गई और उसके बाद आगजनी कर दी गई थी। कोठी में सभी जगह आग लगा दी गई थी। जिस समय दंगाई आगजनी कर रहे थे, उस समय वित्तमंत्री का परिवार कोठी में मौजूद था, उनको भी जलाने की कोशिश की गई थी। हालांकि परिवार ने किसी तरह भागकर जान बचाई थी।
कोठी ही नहीं, दिल्ली रोड पर वित्तमंत्री का इंडस पब्लिक स्कूल भी जला दिया गया था। इस मामले मेें वित्तमंत्री के परिजनों की ओर से मुकदमे दर्ज कराए गए थे। इसकी जांच एसआईटी को सौंपी गई और डीएसपी सिद्धार्थ ढांडा को प्रभारी बनाया गया। एसआईटी इंचार्ज सिद्धार्थ ढांडा के अनुसार अभी तक इस मामले में 40 से ज्यादा आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। इसमें से कुछ की जमानत हो चुकी है तो कुछ की जमानत के प्रार्थना पत्र लगे हैं।
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40 किए थे नामजद, इसमें से 19 चल रहे फरार
एसआईटी प्रभारी ने बताया कि कोठी में लूट और आगजनी करने के मामले में 40 को नामजद किया गया था। जबकि अन्य के नाम बाद में सबूत के आधार पर मुकदमे में शामिल किए गए थे। जिनको नामजद किया गया था, उनमें से 19 आरोपी फरार चल रहे हैं। इन सभी फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कोर्ट से वारंट जारी करवाए गए हैं। इन आरोपियों के घरों पर नोटिस भेजे जा रहे हैं। नोटिस में कहा गया है कि वह अपनी गिरफ्तारी नहीं देते हैं तो उनके घर या अन्य ठिकानों पर दबिश देकर गिरफ्तार किया जाएगा।
इनके खिलाफ वारंट जारी
एसआईटी के अनुसार कोर्ट से मूलरूप से सुनारिया और इस समय सेक्टर-4 के गौरव बुधवार, जसिया के सोमबीर, जसिया के पवन उर्फ पौना, मूलरूप से किलोई और हाल में प्रेम नगर के देवेंद्र उर्फ देवा, सेक्टर-14 के रविकांत, खेड़ी साध के भौकल, मोहित, जोकर के खिलाफ वारंट जारी करवाए गए हैं। मूलरूप से सुंदरपुर और हाल में सेक्टर-1 के प्रवीण राठी, हाउसिंग बोर्ड के अनिल, गोहाना के अमित लठवाल, रैनकपुरा के सुमित उर्फ सोनू, देवेंद्र, किलोई के उदयवीर, कमल, नौनंद के योगेंद्र, मनोज, बिन्नू के वारंट कोर्ट से जारी करवाए गए हैं।
स्कूल में आगजनी करने वाले पांच दबोचे
एसआईटी ने वित्तमंत्री कैप्टन अभिमन्यु के स्कूल में आगजनी करने वाले पांच आरोपियों को अभी तक गिरफ्तार किया है। इसमें प्रदीप उर्फ टिंडा निवासी खेड़ी साध, नसीब उर्फ ढिल्ला निवासी खेड़ी साध, नवीन निवासी खेड़ी साध, योगानंद निवासी बलियाना, हरदीप निवासी खेड़ी साध को गिरफ्तार किया जा चुका है। सोनू, संजय, जितेंद्र, प्रोमी, संजय, अनिल और सोनू भी इसमें नामजद किए गए थे।
सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गए थे आरोपी
वित्तमंत्री की कोठी में जिस समय आग लगाई गई, वहां सीसीटीवी कैमरे चल रहे थे। आग लगाने वाले अधिकतर आरोपी सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गए थे। इसमें साफ दिखाई दे रहा था कि वहां बोतलों में आरोपी पेट्रोल लेकर पहुंचे थे और उसे डालकर आग लगाई गई। इसके लिए कोठी को जलाने में बर्निंग कॉल का इस्तेमाल करने की बात भी सामने आई थी और यह खुद वित्तमंत्री ने कही थी। सीसीटीवी कैमरे की फुटेज में यह भी सामने आया था कि आग लगाने के बाद वहां लड्डू बांटकर खुशी मनाई गई थी। हालांकि इस मामले में आरोपियों की गिरफ्तारी करने पर कई बार हंगामा भी हुआ। केस में जिसको भी पकड़ा जाता था, उसके परिजन उनकी फर्जी गिरफ्तारी का आरोप लगा देते थे। ऐसे में एसआईटी को उनके खिलाफ सबूत दिखाने पड़ते थे।
कोठी को लेकर आरोप-प्रत्यारोप भी खूब लगे
वित्तमंत्री की कोठी जलाने के मामले में राजनीतिक पार्टियों में आरोप-प्रत्यारोप का दौर भी लंबा चला। भाजपा के नेताओं ने कोठी जलाने में कांग्रेस के नेताओं का हाथ बताया और जिनकी फोटो सीसीटीवी फुटेज में आई थी, उनको कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेताओं का रिश्तेदार और करीबी भी बताया गया। हालांकि कांग्रेस के नेता उसको नकारते रहे और इस तरह यह मामला काफी चला।
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एक मुकदमे में 19 आरोपी फरार चल रहे हैं, जिनके कोर्ट से गिरफ्तारी वारंट जारी करवाए गए हैं। उनको वारंट पहुंचाए जा रहे हैं, जिससे उनकी जल्द गिरफ्तारी की जा सके।
- सिद्धार्थ ढांडा, डीएसपी।
जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान फरवरी में जमकर उपद्रव किया गया था। शहर में दुकानों, शोरूम, मॉल समेत काफी जगह लूटपाट, तोड़फोड़ और आगजनी की गई थी। उस दौरान ही वित्तमंत्री कैप्टन अभिमन्यु की सेक्टर-14 में स्थित कोठी पर उपद्रवियों ने हमला बोल दिया था। कोठी में पहले तोड़फोड़ और लूटपाट की गई और उसके बाद आगजनी कर दी गई थी। कोठी में सभी जगह आग लगा दी गई थी। जिस समय दंगाई आगजनी कर रहे थे, उस समय वित्तमंत्री का परिवार कोठी में मौजूद था, उनको भी जलाने की कोशिश की गई थी। हालांकि परिवार ने किसी तरह भागकर जान बचाई थी।
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कोठी ही नहीं, दिल्ली रोड पर वित्तमंत्री का इंडस पब्लिक स्कूल भी जला दिया गया था। इस मामले मेें वित्तमंत्री के परिजनों की ओर से मुकदमे दर्ज कराए गए थे। इसकी जांच एसआईटी को सौंपी गई और डीएसपी सिद्धार्थ ढांडा को प्रभारी बनाया गया। एसआईटी इंचार्ज सिद्धार्थ ढांडा के अनुसार अभी तक इस मामले में 40 से ज्यादा आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। इसमें से कुछ की जमानत हो चुकी है तो कुछ की जमानत के प्रार्थना पत्र लगे हैं।
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40 किए थे नामजद, इसमें से 19 चल रहे फरार
एसआईटी प्रभारी ने बताया कि कोठी में लूट और आगजनी करने के मामले में 40 को नामजद किया गया था। जबकि अन्य के नाम बाद में सबूत के आधार पर मुकदमे में शामिल किए गए थे। जिनको नामजद किया गया था, उनमें से 19 आरोपी फरार चल रहे हैं। इन सभी फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कोर्ट से वारंट जारी करवाए गए हैं। इन आरोपियों के घरों पर नोटिस भेजे जा रहे हैं। नोटिस में कहा गया है कि वह अपनी गिरफ्तारी नहीं देते हैं तो उनके घर या अन्य ठिकानों पर दबिश देकर गिरफ्तार किया जाएगा।
इनके खिलाफ वारंट जारी
एसआईटी के अनुसार कोर्ट से मूलरूप से सुनारिया और इस समय सेक्टर-4 के गौरव बुधवार, जसिया के सोमबीर, जसिया के पवन उर्फ पौना, मूलरूप से किलोई और हाल में प्रेम नगर के देवेंद्र उर्फ देवा, सेक्टर-14 के रविकांत, खेड़ी साध के भौकल, मोहित, जोकर के खिलाफ वारंट जारी करवाए गए हैं। मूलरूप से सुंदरपुर और हाल में सेक्टर-1 के प्रवीण राठी, हाउसिंग बोर्ड के अनिल, गोहाना के अमित लठवाल, रैनकपुरा के सुमित उर्फ सोनू, देवेंद्र, किलोई के उदयवीर, कमल, नौनंद के योगेंद्र, मनोज, बिन्नू के वारंट कोर्ट से जारी करवाए गए हैं।
स्कूल में आगजनी करने वाले पांच दबोचे
एसआईटी ने वित्तमंत्री कैप्टन अभिमन्यु के स्कूल में आगजनी करने वाले पांच आरोपियों को अभी तक गिरफ्तार किया है। इसमें प्रदीप उर्फ टिंडा निवासी खेड़ी साध, नसीब उर्फ ढिल्ला निवासी खेड़ी साध, नवीन निवासी खेड़ी साध, योगानंद निवासी बलियाना, हरदीप निवासी खेड़ी साध को गिरफ्तार किया जा चुका है। सोनू, संजय, जितेंद्र, प्रोमी, संजय, अनिल और सोनू भी इसमें नामजद किए गए थे।
सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गए थे आरोपी
वित्तमंत्री की कोठी में जिस समय आग लगाई गई, वहां सीसीटीवी कैमरे चल रहे थे। आग लगाने वाले अधिकतर आरोपी सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गए थे। इसमें साफ दिखाई दे रहा था कि वहां बोतलों में आरोपी पेट्रोल लेकर पहुंचे थे और उसे डालकर आग लगाई गई। इसके लिए कोठी को जलाने में बर्निंग कॉल का इस्तेमाल करने की बात भी सामने आई थी और यह खुद वित्तमंत्री ने कही थी। सीसीटीवी कैमरे की फुटेज में यह भी सामने आया था कि आग लगाने के बाद वहां लड्डू बांटकर खुशी मनाई गई थी। हालांकि इस मामले में आरोपियों की गिरफ्तारी करने पर कई बार हंगामा भी हुआ। केस में जिसको भी पकड़ा जाता था, उसके परिजन उनकी फर्जी गिरफ्तारी का आरोप लगा देते थे। ऐसे में एसआईटी को उनके खिलाफ सबूत दिखाने पड़ते थे।
कोठी को लेकर आरोप-प्रत्यारोप भी खूब लगे
वित्तमंत्री की कोठी जलाने के मामले में राजनीतिक पार्टियों में आरोप-प्रत्यारोप का दौर भी लंबा चला। भाजपा के नेताओं ने कोठी जलाने में कांग्रेस के नेताओं का हाथ बताया और जिनकी फोटो सीसीटीवी फुटेज में आई थी, उनको कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेताओं का रिश्तेदार और करीबी भी बताया गया। हालांकि कांग्रेस के नेता उसको नकारते रहे और इस तरह यह मामला काफी चला।
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एक मुकदमे में 19 आरोपी फरार चल रहे हैं, जिनके कोर्ट से गिरफ्तारी वारंट जारी करवाए गए हैं। उनको वारंट पहुंचाए जा रहे हैं, जिससे उनकी जल्द गिरफ्तारी की जा सके।
- सिद्धार्थ ढांडा, डीएसपी।