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चेयरपर्सन की कांग्रेस के पूर्व विधायक से सांठगांठ : जितेंद्र
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बहादुरगढ़। नगर परिषद की कार्यप्रणाली को लेकर इनेलो प्रदेश युवा महासचिव जितेंद्र नफे सिंह राठी ने भाजपा और कांग्रेस पर निशाना साधते हुए राजनीतिक मिलीभगत के आरोप लगाए हैं। राठी का कहना है कि नगर परिषद में भाजपा के कई पार्षद होने के बावजूद राजनीतिक परिस्थितियां लगातार सवालों के घेरे में हैं। उन्होंने कहा कि अविश्वास प्रस्ताव के चलते तत्कालीन उपप्रधान को पद से हटाया गया लेकिन इसके बाद भी लंबे समय से उपप्रधान पद का चुनाव नहीं कराया जा रहा है।
नगर परिषद में कांग्रेस और भाजपा के बीच कथित सांठ-गांठ के कारण चेयरपर्सन को राजनीतिक संरक्षण मिल रहा है। यदि अविश्वास प्रस्ताव के माध्यम से उपप्रधान को पद से हटाया जा सकता है तो फिर नगर परिषद की मौजूदा राजनीतिक स्थिति को स्पष्ट करते हुए उपप्रधान पद का चुनाव समय पर क्यों नहीं कराया जा रहा।
राठी ने कहा कि नगर परिषद की कार्यप्रणाली को लेकर शहर के लोगों में भी सवाल उठ रहे हैं। उनके अनुसार प्रॉपर्टी आईडी, विकास कार्यों, प्रशासनिक निर्णयों और अन्य मामलों को लेकर लगातार शिकायतें सामने आ रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि परिषद में भ्रष्टाचार के कारण जनता के हित प्रभावित हो रहे हैं और विकास कार्यों की गति पर भी इसका असर पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि नगर परिषद जनता के टैक्स से चलती है और यहां होने वाले प्रत्येक कार्य में पारदर्शिता और जवाबदेही जरूरी है। यदि किसी अधिकारी, जनप्रतिनिधि या अन्य व्यक्ति पर भ्रष्टाचार अथवा नियमों की अनदेखी के आरोप लगते हैं तो उनकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
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नगर परिषद में कांग्रेस और भाजपा के बीच कथित सांठ-गांठ के कारण चेयरपर्सन को राजनीतिक संरक्षण मिल रहा है। यदि अविश्वास प्रस्ताव के माध्यम से उपप्रधान को पद से हटाया जा सकता है तो फिर नगर परिषद की मौजूदा राजनीतिक स्थिति को स्पष्ट करते हुए उपप्रधान पद का चुनाव समय पर क्यों नहीं कराया जा रहा।
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राठी ने कहा कि नगर परिषद की कार्यप्रणाली को लेकर शहर के लोगों में भी सवाल उठ रहे हैं। उनके अनुसार प्रॉपर्टी आईडी, विकास कार्यों, प्रशासनिक निर्णयों और अन्य मामलों को लेकर लगातार शिकायतें सामने आ रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि परिषद में भ्रष्टाचार के कारण जनता के हित प्रभावित हो रहे हैं और विकास कार्यों की गति पर भी इसका असर पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि नगर परिषद जनता के टैक्स से चलती है और यहां होने वाले प्रत्येक कार्य में पारदर्शिता और जवाबदेही जरूरी है। यदि किसी अधिकारी, जनप्रतिनिधि या अन्य व्यक्ति पर भ्रष्टाचार अथवा नियमों की अनदेखी के आरोप लगते हैं तो उनकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
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