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Rohtak News: एएनएम, आशा और आंगनबाड़ी वर्कर्स को दी ब्रिज ट्रेनिंग
Fri, 12 Jan 2024 01:52 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
संवाद न्यूज एजेंसी, रोहतक
Updated Fri, 12 Jan 2024 01:52 AM IST
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ट्रेनिंग के बाद हस्पताल परिसर में उपस्थित डॉ व कर्मचारी स्टाफ।
कलानौर। उपमंडल नागरिक अस्पताल कलानौर में वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डॉ. कमला वर्मा के दिशा-निर्देश एवं अध्यक्षता में आशा वर्कर्स, आंगनबाड़ी वर्कर्स और एएनएम की एकदिवसीय ब्रिज ट्रेनिंग कराई गई। मास्टर ट्रेनर ब्लॉक एक्सटेंशन एजुकेटर जसवीर रंगा ने ब्रिज ट्रेनिंग (नियमित टीकाकरण की मांग में वृद्धि एवं विस्तार) फ्रंटलाइन वर्कर्स को देते हुए बताया कि किसी भी कार्य की सफलता आपके इंटर पर्सनल कम्युनिकेशन और बिहेवियर चेंज कम्युनिकेशन पर निर्भर करती है।
इसलिए समुदाय के लोगों से बात करते समय हमें सहज और सरल होना चाहिए। टीकाकरण के दौरान लेफ्ट आउट ड्रॉप आउट और रेजिस्टेंट वाले बच्चों पर विशेष ध्यान देना चाहिए। टीकाकरण साइट ऐसे स्थान पर होनी चाहिए जहां समुदाय के सभी लोगों की पहुंच हो सके।
टीकाकरण के उपरांत 6 मुख्य संदेश माता-पिता एवं अभिभावकों को अवश्य दें
1.कौन सा टीका लगाया गया तथा यह किन रोगों से बचाव करता है।
2. टीकाकरण उपरांत कौन सी मामूली विपरीत घटनाएं हो सकती हैं तथा उनसे किस प्रकार निपटा जा सकता है, जैसे बुखार सूजन बच्चों को बेचैनी या वह कुछ ऐसा मानता दिखाई दे।
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3. अगली बार कब और कहां आना है।
4. टीकाकरण कार्ड को संभाल कर रखें तथा अगली बार आते समय साथ लेकर आए।
5. छः माह तक शिशु को सिर्फ और सिर्फ मां का ही दूध पिलाएं। 6. शिशु को कुछ खिलाने से पहले हाथों को साफ पानी में साबुन से अवश्य धो लें। यदि किसी बच्चे में ए.ई.एफ. आई.(टीकाकरण उपरांत विपरीत घटना) हो तो तुरंत अपने चिकित्सा अधिकारी, वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी और जिला प्रतिरक्षण अधिकारी को सूचित करें। मां-बाप से संबंध बनाए रखें। समुदाय में पॉजिटिविटी बनाए रखें। प्रभावित लोगों का सहयोग लें।
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इसलिए समुदाय के लोगों से बात करते समय हमें सहज और सरल होना चाहिए। टीकाकरण के दौरान लेफ्ट आउट ड्रॉप आउट और रेजिस्टेंट वाले बच्चों पर विशेष ध्यान देना चाहिए। टीकाकरण साइट ऐसे स्थान पर होनी चाहिए जहां समुदाय के सभी लोगों की पहुंच हो सके।
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टीकाकरण के उपरांत 6 मुख्य संदेश माता-पिता एवं अभिभावकों को अवश्य दें
1.कौन सा टीका लगाया गया तथा यह किन रोगों से बचाव करता है।
2. टीकाकरण उपरांत कौन सी मामूली विपरीत घटनाएं हो सकती हैं तथा उनसे किस प्रकार निपटा जा सकता है, जैसे बुखार सूजन बच्चों को बेचैनी या वह कुछ ऐसा मानता दिखाई दे।
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4. टीकाकरण कार्ड को संभाल कर रखें तथा अगली बार आते समय साथ लेकर आए।
5. छः माह तक शिशु को सिर्फ और सिर्फ मां का ही दूध पिलाएं। 6. शिशु को कुछ खिलाने से पहले हाथों को साफ पानी में साबुन से अवश्य धो लें। यदि किसी बच्चे में ए.ई.एफ. आई.(टीकाकरण उपरांत विपरीत घटना) हो तो तुरंत अपने चिकित्सा अधिकारी, वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी और जिला प्रतिरक्षण अधिकारी को सूचित करें। मां-बाप से संबंध बनाए रखें। समुदाय में पॉजिटिविटी बनाए रखें। प्रभावित लोगों का सहयोग लें।