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जसिया में तैयार हुआ जाटों के आर्थिक परिवर्तन का खाका
Updated Mon, 04 Dec 2017 03:05 AM IST
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फ्लैग : जाट आरक्षण संघर्ष समिति ने तैयार किया आर्थिक परिवर्तन का खाका
हेडिंग : जसिया में तैयार होंगे जाट दुकानदार से लेकर कारोबारी
- होनहार युवाओं को जसिया के प्रतियोगी परीक्षा एवं कौशल विकास केंद्र में दिया जाएगा मुफ्त प्रशिक्षण
- विदेशों में बसे जाट युवाओं से पूछा जाएगा, कैसे विदेश भेजे युवाओं को
- 22 प्रतियोगी परीक्षाओं की दी जाएगी कोचिंग, आठ श्रेणियों में बांटा दान दाताओं को
- राजनीतिक दल का सदस्य नहीं बनेगा ट्रस्ट का सदस्य
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक।
जाट समाज के आर्थिक स्तर को ऊंचा उठाने के लिए जसिया में रविवार को गहन मंथन हुआ। साथ किस तरह जाट समाज के अंदर आर्थिक बदलाव लाया जाएगा, इसका जाट नेता यशपाल मलिक ने पूरा खाका जाट आरक्षण संघर्ष समिति की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की मीटिंग में रखा।
मलिक ने बताया कि जाट हर धर्म व पंथ से जुड़ा रहा है, लेकिन सबसे बड़ा रिश्ता खून का है, जिसके माध्यम से जाट एक-दूसरे से जुड़े हुए हैं। जाट समाज खासकर ग्रामीण एरिया के युवाओं को ऊपर उठाने के लिए विशेष खाका तैयार किया गया है। गांव-गांव सर्वे किया जाएगा। किस गांव में किस समाज की ज्यादा दुकानें हैं। किस मंडी में जाट समाज के कितने आढ़ती हैं। सर्वे को ध्यान में रखकर नए दुकानदार व आढ़ती तैयार किए जाएंगे। ट्रेनिंग देकर कारोबार को स्थापित कराने का प्रयास किया जाएगा। साथ ही विदेशों में बसे जाट समाज के युवाओं से पूछा जाएगा कि जाट समाज के बेरोजगार युवाओं को कैसे विदेशों में नौकरी दिलवाई जा सकती है। मलिक ने कहा कि जब सिख समाज के 25 लाख लोग विदेशों में जा सकते हैं, तो जाट समाज के क्यों नहीं। इसके साथ-साथ जसिया के कौशल विकास केंद्र की पूरे देश के 600 जिलों में शाखाएं खोली जाएंगी। वहां से होनहार युवाओं को जसिया के अंदर मुफ्त में ट्रेनिंग दी जाएगी।
जसिया में बनेंगी 12 शाखाएं
मीटिंग के अंदर जसिया में बन रहे सर छोटूराम प्रतियोगी परीक्षा एवं कौशल विकास केंद्र का पूरा खाका रखा गया। साथ ही बताया गया कि केंद्र में जाट बलिदान स्थल, एकेडमिक हाल, लाइब्रेरी, ऑडिटोरियम, मीडिया सेंटर, प्रशासनिक भवन, लड़कों का हास्टल, लड़कियों का हास्टल, कैंटीन व मैस, खेल का मैदान और अस्पताल बनाया जाएगा।
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22 कोर्स की दी जाएगी ट्रेनिंग
मीटिंग में बताया गया कि कौशल विकास केंद्र के अंदर 22 कोर्स की ट्रेनिंग दी जाएगी। इसमें आईआईटी, इंजीनियरिंग व मेडिकल प्रवेश परीक्षा, आईएस, आईपीएस, आईआरएस, आईएएस-आईएफएस, बैंकिंग व इंशोरेंस परीक्षा, बैक क्लर्क, इनकम टैक्स, एक्साइज व पुलिस इंस्पेक्टर भर्ती परीक्षा, एनडीए व सीडीएस सर्विस, न्यायिक सेवाएं, अर्ध सैनिक फोर्स, आर्म्ज फोर्स, स्टेट पुलिस व दिल्ली पुलिस, शिक्षक भर्ती परीक्षा, गेट व पीएसयू सर्विस, स्किल डेवलेपमेंट कोर्स, बिजनेस इंकूबेसन सेंटर, विदेशी भाषा, विदेशी में पढ़ाई के लिए प्रवेश परीक्षा की तैयारी, एमबीए में एडमीशन, खेल प्रशिक्षण, रेलवे सर्विस कोचिंग, लॉ एडमीशन और सीएसीएस की तैयारी करवाई जाएगी।
8 श्रेणियों में बांटे दानदाता
जसिया में बन रहे कौशल विकास केंद्र के लिए दान देने वालों को आठ श्रेणी में बांटा गया है। इसमें गांव, कालोनी, सरकारी या गैर सरकारी कर्मचारियों का समूह, आढ़ती, व्यापारी, शिक्षक व डॉक्टर एकत्रित होकर दान देंगे, उन्हें सामूहिक दानदाता की श्रेणी में शामिल किया जाएगा। 21 हजार रुपये दान देने वाले व्यक्ति को व्यक्तिगत दानदाता, हर माह या साल में दान देने वालों को वार्षिक दानदाता, अनाज देने वालोें को अन्नदाता, कंपनियां समूह में दान देती हैं तो उन्हें कारपोरेट दानदाता, सर्विस कर रहा व्यक्ति या सेवानिवृत्ति अधिकारी या कर्मचारी सहयोग करता है तो उसे सेवा दानदाता, विदेश में रहकर सहयोग करने वालों को एनआरआई दानदाता और श्रम करने वालों को श्रमिक दानदाता की श्रेणी में शामिल किया जाएगा।
गैर राजनीतिक होगा ट्रस्ट
यशपाल मलिक ने बताया कि जाट सेवा संघ के संचालन के लिए जो ट्रस्ट बनाया गया है, वह गैर राजनीतिक होगा। किसी भी पार्टी का पदाधिकारी ट्रस्ट का सदस्य नहीं बन सकता। एक बार में 100 ट्रस्टी 5 साल के लिए चुने जाएंगे। एक राज्य से 15 से अधिक ट्रस्टी नहीं होंगे। किसी भी संस्थान को चलाने के लिए जिला, प्रदेश व राष्ट्रीय स्तर पर कार्यकारिणी का गठन किया जाएगा। साथ की संस्थान के उद्देश्यों को पूरा करने के लिए 35 कमेटियों का गठन किया जाएगा। सभी समितियों के सदस्यों का चयन या चुनाव दानदाताओं के द्वारा किया जाएगा।
संस्थान के मुख्य भवन का निर्माण बसंत पंचमी से
मीटिंग में बताया गया कि भवन के निर्माण का कार्य शुरू हो गया है। गांवों से भूमि, जल और एक-एक ईंट जसिया लाई जाएगी। साथ ही कमेटी के सदस्य कार सेवा करके नींव भराने का काम शुरू कर करेंगे। बसंत पंचमी पर मुख्य भवन का निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा।
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हेडिंग : जसिया में तैयार होंगे जाट दुकानदार से लेकर कारोबारी
- होनहार युवाओं को जसिया के प्रतियोगी परीक्षा एवं कौशल विकास केंद्र में दिया जाएगा मुफ्त प्रशिक्षण
- विदेशों में बसे जाट युवाओं से पूछा जाएगा, कैसे विदेश भेजे युवाओं को
- 22 प्रतियोगी परीक्षाओं की दी जाएगी कोचिंग, आठ श्रेणियों में बांटा दान दाताओं को
- राजनीतिक दल का सदस्य नहीं बनेगा ट्रस्ट का सदस्य
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक।
जाट समाज के आर्थिक स्तर को ऊंचा उठाने के लिए जसिया में रविवार को गहन मंथन हुआ। साथ किस तरह जाट समाज के अंदर आर्थिक बदलाव लाया जाएगा, इसका जाट नेता यशपाल मलिक ने पूरा खाका जाट आरक्षण संघर्ष समिति की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की मीटिंग में रखा।
मलिक ने बताया कि जाट हर धर्म व पंथ से जुड़ा रहा है, लेकिन सबसे बड़ा रिश्ता खून का है, जिसके माध्यम से जाट एक-दूसरे से जुड़े हुए हैं। जाट समाज खासकर ग्रामीण एरिया के युवाओं को ऊपर उठाने के लिए विशेष खाका तैयार किया गया है। गांव-गांव सर्वे किया जाएगा। किस गांव में किस समाज की ज्यादा दुकानें हैं। किस मंडी में जाट समाज के कितने आढ़ती हैं। सर्वे को ध्यान में रखकर नए दुकानदार व आढ़ती तैयार किए जाएंगे। ट्रेनिंग देकर कारोबार को स्थापित कराने का प्रयास किया जाएगा। साथ ही विदेशों में बसे जाट समाज के युवाओं से पूछा जाएगा कि जाट समाज के बेरोजगार युवाओं को कैसे विदेशों में नौकरी दिलवाई जा सकती है। मलिक ने कहा कि जब सिख समाज के 25 लाख लोग विदेशों में जा सकते हैं, तो जाट समाज के क्यों नहीं। इसके साथ-साथ जसिया के कौशल विकास केंद्र की पूरे देश के 600 जिलों में शाखाएं खोली जाएंगी। वहां से होनहार युवाओं को जसिया के अंदर मुफ्त में ट्रेनिंग दी जाएगी।
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जसिया में बनेंगी 12 शाखाएं
मीटिंग के अंदर जसिया में बन रहे सर छोटूराम प्रतियोगी परीक्षा एवं कौशल विकास केंद्र का पूरा खाका रखा गया। साथ ही बताया गया कि केंद्र में जाट बलिदान स्थल, एकेडमिक हाल, लाइब्रेरी, ऑडिटोरियम, मीडिया सेंटर, प्रशासनिक भवन, लड़कों का हास्टल, लड़कियों का हास्टल, कैंटीन व मैस, खेल का मैदान और अस्पताल बनाया जाएगा।
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22 कोर्स की दी जाएगी ट्रेनिंग
मीटिंग में बताया गया कि कौशल विकास केंद्र के अंदर 22 कोर्स की ट्रेनिंग दी जाएगी। इसमें आईआईटी, इंजीनियरिंग व मेडिकल प्रवेश परीक्षा, आईएस, आईपीएस, आईआरएस, आईएएस-आईएफएस, बैंकिंग व इंशोरेंस परीक्षा, बैक क्लर्क, इनकम टैक्स, एक्साइज व पुलिस इंस्पेक्टर भर्ती परीक्षा, एनडीए व सीडीएस सर्विस, न्यायिक सेवाएं, अर्ध सैनिक फोर्स, आर्म्ज फोर्स, स्टेट पुलिस व दिल्ली पुलिस, शिक्षक भर्ती परीक्षा, गेट व पीएसयू सर्विस, स्किल डेवलेपमेंट कोर्स, बिजनेस इंकूबेसन सेंटर, विदेशी भाषा, विदेशी में पढ़ाई के लिए प्रवेश परीक्षा की तैयारी, एमबीए में एडमीशन, खेल प्रशिक्षण, रेलवे सर्विस कोचिंग, लॉ एडमीशन और सीएसीएस की तैयारी करवाई जाएगी।
8 श्रेणियों में बांटे दानदाता
जसिया में बन रहे कौशल विकास केंद्र के लिए दान देने वालों को आठ श्रेणी में बांटा गया है। इसमें गांव, कालोनी, सरकारी या गैर सरकारी कर्मचारियों का समूह, आढ़ती, व्यापारी, शिक्षक व डॉक्टर एकत्रित होकर दान देंगे, उन्हें सामूहिक दानदाता की श्रेणी में शामिल किया जाएगा। 21 हजार रुपये दान देने वाले व्यक्ति को व्यक्तिगत दानदाता, हर माह या साल में दान देने वालों को वार्षिक दानदाता, अनाज देने वालोें को अन्नदाता, कंपनियां समूह में दान देती हैं तो उन्हें कारपोरेट दानदाता, सर्विस कर रहा व्यक्ति या सेवानिवृत्ति अधिकारी या कर्मचारी सहयोग करता है तो उसे सेवा दानदाता, विदेश में रहकर सहयोग करने वालों को एनआरआई दानदाता और श्रम करने वालों को श्रमिक दानदाता की श्रेणी में शामिल किया जाएगा।
गैर राजनीतिक होगा ट्रस्ट
यशपाल मलिक ने बताया कि जाट सेवा संघ के संचालन के लिए जो ट्रस्ट बनाया गया है, वह गैर राजनीतिक होगा। किसी भी पार्टी का पदाधिकारी ट्रस्ट का सदस्य नहीं बन सकता। एक बार में 100 ट्रस्टी 5 साल के लिए चुने जाएंगे। एक राज्य से 15 से अधिक ट्रस्टी नहीं होंगे। किसी भी संस्थान को चलाने के लिए जिला, प्रदेश व राष्ट्रीय स्तर पर कार्यकारिणी का गठन किया जाएगा। साथ की संस्थान के उद्देश्यों को पूरा करने के लिए 35 कमेटियों का गठन किया जाएगा। सभी समितियों के सदस्यों का चयन या चुनाव दानदाताओं के द्वारा किया जाएगा।
संस्थान के मुख्य भवन का निर्माण बसंत पंचमी से
मीटिंग में बताया गया कि भवन के निर्माण का कार्य शुरू हो गया है। गांवों से भूमि, जल और एक-एक ईंट जसिया लाई जाएगी। साथ ही कमेटी के सदस्य कार सेवा करके नींव भराने का काम शुरू कर करेंगे। बसंत पंचमी पर मुख्य भवन का निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा।