{"_id":"5a78ccfc4f1c1b88268b8bb7","slug":"111517866236-rohtak-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"एसएफआई ने जुलूस निकाल कर जताया कश्मीरी छात्रों की पिटाई का विरोध","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एसएफआई ने जुलूस निकाल कर जताया कश्मीरी छात्रों की पिटाई का विरोध
Updated Tue, 06 Feb 2018 03:04 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
एसएफआई ने कश्मीरी छात्रों की पिटाई के विरोध में जुलूस निकाला
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक।
स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) की एमडीयू इकाई कमेटी ने केंद्रीय विश्वविद्यालय महेंद्रगढ़ में जम्मू कश्मीर के मुस्लिम छात्रों से हुई मारपीट मामले के विरोध में मौन जुलूस निकाला। लड़कों के छात्रावास से शुरू हुए जुलूस के दौरान कार्यकर्ता कैंपस में नारेबाजी के जरिए रोष प्रकट करते हुए कुलपति कार्यालय पहुंचे। यहां राज्यपाल के नाम उन्हें ज्ञापन सौंपा। संगठन ने घटना में शामिल दोषियों की जल्द गिरफ्तारी व कार्रवाई करने की मांग की है।
विवि सचिव सुरेंद्र ने कहा कि शुक्रवार को नमाज अता के बाद विश्वविद्यालय लौट रहे छात्रों व मजदूरों पर उनकी धार्मिक पहचान के चलते हमला किया गया। इस शर्मनाक घटना में छात्र घायल हो गए। धार्मिक पहचान की वजह से अंजाम दी गई घटना सामाजिक में जहर घोलने वाली है। इसके पीछे सरकार का हाथ होने की आशंका है। अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के बजाए प्रशासन व मुख्यमंत्री का बगैर जांच किए घटना को आपसी रंजिश करार देना गलत है। इससे अपराधियों के हौसले बढ़ेंगे।
एसएफआई ने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि प्रदेश में बढ़ रही धार्मिक असहिष्णुता रोकने के लिए उचित कदम उठाए जाएं। प्रशासन ने इस मामले पर कोई कार्रवाई नहीं की गई तो धार्मिक कट्टरता व उन्माद फैलाने वाली ताकतों के खिलाफ आंदोलन छेड़ा जाएगा। इस मौके पर प्रवीन, मोनिका, गीता, गुरदीप, प्रशांत, रीना, इंदु, अनीता, सपना, पंकज, आशीष मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक।
स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) की एमडीयू इकाई कमेटी ने केंद्रीय विश्वविद्यालय महेंद्रगढ़ में जम्मू कश्मीर के मुस्लिम छात्रों से हुई मारपीट मामले के विरोध में मौन जुलूस निकाला। लड़कों के छात्रावास से शुरू हुए जुलूस के दौरान कार्यकर्ता कैंपस में नारेबाजी के जरिए रोष प्रकट करते हुए कुलपति कार्यालय पहुंचे। यहां राज्यपाल के नाम उन्हें ज्ञापन सौंपा। संगठन ने घटना में शामिल दोषियों की जल्द गिरफ्तारी व कार्रवाई करने की मांग की है।
विवि सचिव सुरेंद्र ने कहा कि शुक्रवार को नमाज अता के बाद विश्वविद्यालय लौट रहे छात्रों व मजदूरों पर उनकी धार्मिक पहचान के चलते हमला किया गया। इस शर्मनाक घटना में छात्र घायल हो गए। धार्मिक पहचान की वजह से अंजाम दी गई घटना सामाजिक में जहर घोलने वाली है। इसके पीछे सरकार का हाथ होने की आशंका है। अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के बजाए प्रशासन व मुख्यमंत्री का बगैर जांच किए घटना को आपसी रंजिश करार देना गलत है। इससे अपराधियों के हौसले बढ़ेंगे।
विज्ञापन
एसएफआई ने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि प्रदेश में बढ़ रही धार्मिक असहिष्णुता रोकने के लिए उचित कदम उठाए जाएं। प्रशासन ने इस मामले पर कोई कार्रवाई नहीं की गई तो धार्मिक कट्टरता व उन्माद फैलाने वाली ताकतों के खिलाफ आंदोलन छेड़ा जाएगा। इस मौके पर प्रवीन, मोनिका, गीता, गुरदीप, प्रशांत, रीना, इंदु, अनीता, सपना, पंकज, आशीष मौजूद रहे।
विज्ञापन