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Rewari News: आशा कार्यकर्ता यूनियन का तीसरा सम्मेलन 14 को
Thu, 11 Jul 2024 02:54 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Thu, 11 Jul 2024 02:54 AM IST
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रेवाड़ी। आशा कार्यकर्ता यूनियन हरियाणा का जिला रेवाड़ी का तीसरा जिला सम्मेलन 14 जुलाई को सुबह 10 बजे नेताजी सुभाष चंद्र बोस पार्क रेवाड़ी में आयोजित किया जाएगा। इसमें आशा कार्यकर्ताओं की समस्याओं पर विचार किया जाएगा। आंदोलन की रणनीति तय की जाएगी। सम्मेलन यूनियन की राज्य प्रधान राजबाला यादव व केन्द्रीय श्रमिक संगठन एआईयूटीयूसी के जिला अध्यक्ष कामरेड बलराम की देखरेख में सम्पन्न होगा।
यह जानकारी यूनियन की जिला सचिव संतोष यादव ने दी। बताया कि आशा कार्यकर्ता को वर्तमान में काफी समस्याओं और परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्हें रात दिन काम करने पर मजबूर किया जाता है। मानदेय के नाम पर मामूली राशि दी जाती है। उन्होंने मांग की कि आशा कार्यकर्ताओं को पक्का कर्मचारी घोषित करके कम से कम 28000 रुपये न्यूनतम वेतन दिया जाए। आशा कार्यकर्ताओं की कोई पदोन्नति नहीं है इसलिए एएनएम के 25 प्रतिशत पद आशा कार्यकर्ताओं से भरे जाएं।
जिला सचिव संतोष यादव ने बताया कि आशा कार्यकर्ताओं को दिन में विभाग के बहुत से कामों के लिए व रात को भी प्रसूता महिला के साथ अस्पताल में आना पड़ता है यहां बैठने तक की व्यवस्था नहीं होती। इसलिए आशा कार्यकर्ताओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जिला अस्पताल सहित सभी सीएचसी व पीएचसी में आशा कार्यकर्ताओं के लिए अलग से आराम गृह अलाॅट किए जाएं। उन्होंने बताया इसी तरह की अन्य बहुत सी मांगों व समस्याओं के खिलाफ इस सम्मेलन में आवाज उठाई जाएगी। सम्मेलन की तैयारियां पूरे जोर से चल रही है। सम्मेलन में जिला भर से सैकड़ों आशा कार्यकर्ता भाग लेंगी।
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यह जानकारी यूनियन की जिला सचिव संतोष यादव ने दी। बताया कि आशा कार्यकर्ता को वर्तमान में काफी समस्याओं और परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्हें रात दिन काम करने पर मजबूर किया जाता है। मानदेय के नाम पर मामूली राशि दी जाती है। उन्होंने मांग की कि आशा कार्यकर्ताओं को पक्का कर्मचारी घोषित करके कम से कम 28000 रुपये न्यूनतम वेतन दिया जाए। आशा कार्यकर्ताओं की कोई पदोन्नति नहीं है इसलिए एएनएम के 25 प्रतिशत पद आशा कार्यकर्ताओं से भरे जाएं।
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जिला सचिव संतोष यादव ने बताया कि आशा कार्यकर्ताओं को दिन में विभाग के बहुत से कामों के लिए व रात को भी प्रसूता महिला के साथ अस्पताल में आना पड़ता है यहां बैठने तक की व्यवस्था नहीं होती। इसलिए आशा कार्यकर्ताओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जिला अस्पताल सहित सभी सीएचसी व पीएचसी में आशा कार्यकर्ताओं के लिए अलग से आराम गृह अलाॅट किए जाएं। उन्होंने बताया इसी तरह की अन्य बहुत सी मांगों व समस्याओं के खिलाफ इस सम्मेलन में आवाज उठाई जाएगी। सम्मेलन की तैयारियां पूरे जोर से चल रही है। सम्मेलन में जिला भर से सैकड़ों आशा कार्यकर्ता भाग लेंगी।
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