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बनीपुर में लगा मेला संस्कृति का उदाहरण : बालकनाथ
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बनीपुर में पहुंचे बाबा बालकनाथ साथ में कार्यकर्ता। संवाद
बावल। गांव बनीपुर में बाबा अमरनाथ सेवा समिति की ओर से सदियों पुरानी परंपरा को निभाते हुए मेले का आयोजन किया गया। मेले में मुख्य अतिथि के रूप में तिजारा विधायक बाबा बालकनाथ पहुंचे।
उन्हें बाइक रैली से स्वागत के साथ आयोजन स्थल तक लाया गया।
मुख्य अतिथि बाबा बालकनाथ ने मेले को प्राचीन भारतीय संस्कृति का एक जीवंत उदाहरण बताया। उन्होंने कहा कि हजारों योनियों के बाद इंसान की योनि मिलती है। इसमें हमें सद्कर्म करने चाहिए और ऐसे धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों में बढ़-चढ़कर भाग लेना चाहिए।
उन्होंने क्षेत्रवासियों से अपील की है कि इस प्रकार के आयोजन केवल श्रद्धा का माध्यम नहीं बल्कि सामाजिक एकता और सांस्कृतिक जुड़ाव का भी स्रोत होते हैं। बाबा बालकनाथ ने आयोजन समिति को मेले के सफल संचालन के लिए बधाई दी और भविष्य में हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया।
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मेले में भंडारे का आयोजन किया गया जिसमें श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। साथ ही कुश्ती प्रतियोगिता मेले का मुख्य आकर्षण रही। पुरुष वर्ग की कुश्तियों में 61 हजार तक के इनामी दंगल कराए गए जिनमें दूर-दराज से आए नामी पहलवानों ने जोर आजमाया।
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उन्हें बाइक रैली से स्वागत के साथ आयोजन स्थल तक लाया गया।
मुख्य अतिथि बाबा बालकनाथ ने मेले को प्राचीन भारतीय संस्कृति का एक जीवंत उदाहरण बताया। उन्होंने कहा कि हजारों योनियों के बाद इंसान की योनि मिलती है। इसमें हमें सद्कर्म करने चाहिए और ऐसे धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों में बढ़-चढ़कर भाग लेना चाहिए।
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उन्होंने क्षेत्रवासियों से अपील की है कि इस प्रकार के आयोजन केवल श्रद्धा का माध्यम नहीं बल्कि सामाजिक एकता और सांस्कृतिक जुड़ाव का भी स्रोत होते हैं। बाबा बालकनाथ ने आयोजन समिति को मेले के सफल संचालन के लिए बधाई दी और भविष्य में हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया।
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मेले में भंडारे का आयोजन किया गया जिसमें श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। साथ ही कुश्ती प्रतियोगिता मेले का मुख्य आकर्षण रही। पुरुष वर्ग की कुश्तियों में 61 हजार तक के इनामी दंगल कराए गए जिनमें दूर-दराज से आए नामी पहलवानों ने जोर आजमाया।