फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Rewari News ›   Neither hydraulic machines nor tall ladders are available to extinguish fires; high-rise buildings face a major risk.

Rewari News: आग बुझाने के लिए न हाइड्रोलिक मशीन, न ऊंची सीढ़ी, बहुमंजिला इमारतों में बड़ा खतरा

Thu, 11 Jun 2026 11:14 PM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी Updated Thu, 11 Jun 2026 11:14 PM IST
विज्ञापन
Neither hydraulic machines nor tall ladders are available to extinguish fires; high-rise buildings face a major risk.
रेवाड़ी फायर स्टेशन पर खड़ी गाड़ियां। संवाद
रेवाड़ी। अग्निशमन विभाग संसाधनों और कर्मचारियों की कमी से जूझ रहा है। विभाग के पास न तो हाइड्रोलिक मशीन है और न ही ऊंची सीढ़ी। ऐसे में आग की बड़ी घटना हुई तो उसे बुझाना मुश्किल होगा। 137 कर्मचारियों के स्वीकृत पदों में 54 पद रिक्त पड़े हैं। स्थायी कर्मचारियों की संख्या 29 है।
विज्ञापन

रेवाड़ी, बावल आईएमटी, बावल शहर, धारूहेड़ा और कोसली सहित कुल पांच फायर स्टेशन संचालित हैं। इनके पास केवल 18 दमकल वाहन उपलब्ध हैं। इनमें पांच वाटर टेंडर, तीन वाटर बाउजर, एक रेस्क्यू टेंडर और चार बाइक शामिल हैं।
विज्ञापन

किसी बड़े हादसे के दौरान यह संख्या नाकाफी साबित होती है। कई बार अन्य स्टेशनों से गाड़ियां पहुंचने तक आग विकराल रूप ले चुकी होती है और भारी नुकसान हो जाता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रेवाड़ी में लगातार ऊंची इमारतें, होटल, अस्पताल और व्यावसायिक कॉम्प्लेक्स बन रहे हैं, लेकिन दमकल विभाग के पास न हाइड्रोलिक प्लेटफॉर्म है और न ही 40 फीट से ऊंची सीढ़ी।
ऐसे में 10 से 12 मंजिल तक की इमारतों में आग लगने पर राहत एवं बचाव कार्य करना बड़ी चुनौती बन सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि आधुनिक अग्निशमन उपकरणों के बिना किसी बड़े हादसे में जान-माल का नुकसान बढ़ सकता है।
शहर में संचालित कई होटल, निजी अस्पताल, कोचिंग सेंटर और व्यापारिक प्रतिष्ठानों में फायर सेफ्टी मानकों का पालन संतोषजनक नहीं है। अधिकांश भवनों में पर्याप्त अग्निशमन उपकरण, आपातकालीन निकास और सुरक्षा व्यवस्था का अभाव है। ऐसे में यदि किसी बहुमंजिला या भीड़भाड़ वाले परिसर में आग लगती है तो हालात गंभीर हो सकते हैं।
-----------------

दो माह में चार बड़ी घटनाएं
पिछले दो महीनों के दौरान दो औद्योगिक इकाइयों और दो बार झुग्गी बस्तियों में भीषण आग लग चुकी है। 19 अप्रैल को कोनसीवास रोड स्थित झुग्गी-झोपड़ियों में लगी आग के दौरान शहर में पर्याप्त बड़ी गाड़ियां उपलब्ध नहीं थीं। स्थिति संभालने के लिए बावल और धारूहेड़ा से दमकल वाहन बुलाने पड़े।
-

शहर को चाहिए दो फायर स्टेशन, मौजूद है एक
रेवाड़ी शहर की आबादी और विस्तार को देखते हुए कम से कम दो फायर स्टेशनों की आवश्यकता महसूस की जा रही है, लेकिन वर्तमान में केवल नाई चौक स्थित एक फायर स्टेशन ही शहर की जिम्मेदारी संभाल रहा है। यह स्टेशन व्यस्त बाजार क्षेत्र में स्थित होने के कारण कई बार दमकल गाड़ियों को जाम का सामना करना पड़ता है। विभाग ने नए फायर स्टेशन के लिए एचएसवीपी से दोबारा भूमि उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है।

-----------------
वर्जन:
विभाग ने नई बड़ी गाड़ियों, हाइड्रोलिक मशीन और लंबी सीढ़ियों की मांग का प्रस्ताव उच्चाधिकारियों को भेजा हुआ है। बहुमंजिला इमारतों में आग से निपटने के लिए आधुनिक संसाधनों की आवश्यकता है। साथ ही नए फायर स्टेशन और अतिरिक्त वाहनों की जरूरत को भी विभागीय स्तर पर उठाया गया है। - नीतिश भारद्वाज, फायर अधिकारी, रेवाड़ी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed