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Rewari News: गांव सीहा में धूमधाम से मनाई महर्षि वाल्मीकि जयंती
Mon, 26 Oct 2026 11:44 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Mon, 26 Oct 2026 11:44 PM IST
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डहीना। गांव सीहा में महर्षि वाल्मीकि जयंती धूमधाम से मनाई गई। इस अवसर पर महर्षि वाल्मीकि को पुष्प अर्पित कर उनके जीवन व शिक्षाओं पर प्रकाश डाला गया। कार्यक्रम का शुभारंभ सरपंच प्रतिनिधि दीपक यादव और इंस्पेक्टर रवि मोरध्वज ने दीप प्रज्वलित कर किया।
इस मौके पर दीपक यादव ने कहा कि महर्षि वाल्मीकि द्वारा हजारों वर्ष पहले रचित रामायण विश्व प्रसिद्ध महाकाव्य है। यह ग्रंथ आज भी समाज को आदर्श जीवन, मर्यादा और नैतिक मूल्यों की प्रेरणा देता है। रामायण की शिक्षाएं आज भी प्रासंगिक हैं और पीढ़ियों का मार्गदर्शन कर रही हैं।
इंस्पेक्टर रवि मोरध्वज ने कहा कि महर्षि वाल्मीकि भारत के आदि कवि माने जाते हैं। उनकी जीवन यात्रा से वर्तमान पीढ़ी को मेहनत करने और शिक्षा ग्रहण करने की प्रेरणा लेनी चाहिए।
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उन्होंने कहा कि महर्षि वाल्मीकि ने संस्कृत भाषा में रामायण की रचना कर साहित्य जगत को अमूल्य धरोहर दी। ऐसे आयोजन महापुरुषों के आदर्शों को अपनाने का संदेश देते हैं।
कार्यक्रम के अंत में सुमित सारवान ने सभी आगंतुकों का आभार जताया। इस मौके पर श्यामलाल, प्रदीप, होशियार, विजय, मुकेश, बिट्टू, धर्मेंद्र, सुरेश, संजय, सूरज, चरण सिंह, अंकेश, जतिन, कार्तिक, राहुल, हर्ष, अक्षय और रमेश सहित अन्य ग्रामीण मौजूद रहे।
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इस मौके पर दीपक यादव ने कहा कि महर्षि वाल्मीकि द्वारा हजारों वर्ष पहले रचित रामायण विश्व प्रसिद्ध महाकाव्य है। यह ग्रंथ आज भी समाज को आदर्श जीवन, मर्यादा और नैतिक मूल्यों की प्रेरणा देता है। रामायण की शिक्षाएं आज भी प्रासंगिक हैं और पीढ़ियों का मार्गदर्शन कर रही हैं।
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इंस्पेक्टर रवि मोरध्वज ने कहा कि महर्षि वाल्मीकि भारत के आदि कवि माने जाते हैं। उनकी जीवन यात्रा से वर्तमान पीढ़ी को मेहनत करने और शिक्षा ग्रहण करने की प्रेरणा लेनी चाहिए।
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उन्होंने कहा कि महर्षि वाल्मीकि ने संस्कृत भाषा में रामायण की रचना कर साहित्य जगत को अमूल्य धरोहर दी। ऐसे आयोजन महापुरुषों के आदर्शों को अपनाने का संदेश देते हैं।
कार्यक्रम के अंत में सुमित सारवान ने सभी आगंतुकों का आभार जताया। इस मौके पर श्यामलाल, प्रदीप, होशियार, विजय, मुकेश, बिट्टू, धर्मेंद्र, सुरेश, संजय, सूरज, चरण सिंह, अंकेश, जतिन, कार्तिक, राहुल, हर्ष, अक्षय और रमेश सहित अन्य ग्रामीण मौजूद रहे।