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Rewari News: जर्जर हो चुके सरकारी स्कूलों की होगी मरम्मत
Mon, 24 Jun 2024 01:52 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Mon, 24 Jun 2024 01:52 AM IST
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रेवाड़ी। स्कूल की छत से उखड़ा हुआ प्लास्तर
संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। जिले के सरकारी विद्यालयों के जर्जर भवनों की जल्द ही मरम्मत की जाएगी। जिला शिक्षा अधिकारी ने भवनों की मरम्मत के लिए 9 करोड़ रुपये का एस्टीमेट बनाकर मुख्यालय को भेजा है। अनुमति मिलने के बाद मरम्मत कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
जिले में कई सरकारी स्कूल ऐसे हैं जिनके भवन जर्जर हो चुके हैं। ऐसे स्कूल भवनों की मरम्मत की जरूरत महसूस की जा रही थी। वर्तमान में राजकीय मिडिल स्कूल हरिनगर, राजकीय प्राथमिक पाठशाला बाधोज व राजकीय कन्या प्राथमिक विद्यालय बावल का भवन पूरी तरह से जर्जर हो चुका है। इसलिए तीनों ही विद्यालय में नया भवन बनाया जाएगा। राजकीय मिडिल स्कूल मंगलेश्वर में मरम्मत कराई जाएगी। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय नांगल शहबाजपुर में दीवार, नांगल बावल का भवन पूरी तरह से जर्जर हो चुका था। इस भवन में बच्चे नहीं बैठ सकते हैं। इसलिए तीनों ही विद्यालय में नए भवन बनाए जाएंगे। राजकीय मिडल स्कूल मंगलेश्वर में मरम्मत कराई जाएगी।
विद्यालयों के भवनों की मरम्मत की मांग लंबे समय से की जा रही थी। इसके देखते हुए समग्र शिक्षा कार्यालय की तरफ से डीईओ ने मुख्यालय को अनुमति के लिए करीब नौ करोड़ रुपये का एस्टिमेट भेजा है। इससे पहले विभाग ने यह पता किया था कि जिले के किस स्कूल भवन की स्थिति ज्यादा खराब है। कहां मरम्मत और कहां नए भवन बनाने की जरूरत है। अधिकारियों का कहना है कि अनुमति मिलने के बाद विद्यालय भवनों की मरम्मत का कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
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रेवाड़ी। जिले के सरकारी विद्यालयों के जर्जर भवनों की जल्द ही मरम्मत की जाएगी। जिला शिक्षा अधिकारी ने भवनों की मरम्मत के लिए 9 करोड़ रुपये का एस्टीमेट बनाकर मुख्यालय को भेजा है। अनुमति मिलने के बाद मरम्मत कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
जिले में कई सरकारी स्कूल ऐसे हैं जिनके भवन जर्जर हो चुके हैं। ऐसे स्कूल भवनों की मरम्मत की जरूरत महसूस की जा रही थी। वर्तमान में राजकीय मिडिल स्कूल हरिनगर, राजकीय प्राथमिक पाठशाला बाधोज व राजकीय कन्या प्राथमिक विद्यालय बावल का भवन पूरी तरह से जर्जर हो चुका है। इसलिए तीनों ही विद्यालय में नया भवन बनाया जाएगा। राजकीय मिडिल स्कूल मंगलेश्वर में मरम्मत कराई जाएगी। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय नांगल शहबाजपुर में दीवार, नांगल बावल का भवन पूरी तरह से जर्जर हो चुका था। इस भवन में बच्चे नहीं बैठ सकते हैं। इसलिए तीनों ही विद्यालय में नए भवन बनाए जाएंगे। राजकीय मिडल स्कूल मंगलेश्वर में मरम्मत कराई जाएगी।
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विद्यालयों के भवनों की मरम्मत की मांग लंबे समय से की जा रही थी। इसके देखते हुए समग्र शिक्षा कार्यालय की तरफ से डीईओ ने मुख्यालय को अनुमति के लिए करीब नौ करोड़ रुपये का एस्टिमेट भेजा है। इससे पहले विभाग ने यह पता किया था कि जिले के किस स्कूल भवन की स्थिति ज्यादा खराब है। कहां मरम्मत और कहां नए भवन बनाने की जरूरत है। अधिकारियों का कहना है कि अनुमति मिलने के बाद विद्यालय भवनों की मरम्मत का कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
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