{"_id":"5a1728ca4f1c1b686a8b53f5","slug":"121511467210-rewari-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मामला दर्ज होने के बाद","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
मामला दर्ज होने के बाद
Updated Fri, 24 Nov 2017 01:30 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विधायक की शरण में पहुंचे सैनी सभा के प्रधान
रेवाड़ी। सैनी सभा के रिकॉर्ड में छेड़छाड़ एवं उपप्रधान को मनमाने तरीके से हटाने की शिकायत पर प्रधान चेतराम सैनी पर मामला दर्ज होने के बाद सैनी वीरवार को रेवाड़ी विधायक रणधीर कापड़ीवास के दरबार में पहुंचे। प्रधान ने विधायक से निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। उनका आरोप है कि रसूख के चलते उनके खिलाफ मामला दर्ज कराया गया है।
सैनी सभी के उप-प्रधान हरिसिंह सैनी ने पुलिस को दी गई शिकायत में कहा कि सभा के प्रधान ने निजी फायदे के लिए रिकॉर्ड से छेड़छाड़ की है। इसी के 22 मई 2016 को बुलाई गई कॉलेजियम की मीटिंग में तत्कालीन महासचिव ने दयाराम सैनी के इस्तीफे के बाद आशीष सैनी को इस पद पर नियुक्त कर दिया गया था। आरोप है कि इस दौरान रजिस्टर में कुछ जगह खाली छोड़ दी। बाद में मनमानी से हरिसिंह सैनी की जगह बहादुर सैनी को उपप्रधान बना दिया गया। इतना ही प्रधान पर पांच साल तक सोसायटी में रिकॉर्ड नहीं जमा कराने का आरोप है।
प्रबंधक ने राजनीतिक रसूख का इस्तेमाल कर कराया झूठा मामला दर्ज: सैनी
विधायक को दिए गए ज्ञापन में सभा प्रधान चेतराम सैनी एवं अन्य सदस्यों ने आरोप लगाया है कि सभा के प्रबंधक ने पुलिस एवं प्रशासन पर राजनीतिक दबाव बनवाकर झूठा मुकदमा दर्ज करवाया है। जबकि मामले की सुनवाई फर्म एवं सोसायटी रजिस्ट्रार के यहां पर चल रही है। उन्होंने कहा कि उनके समय में सैनी सभी ने काफी तरक्की की है। अगले साल सभा के चुनाव होने के चलते छवि धूमिल करने के लिए ऐसे आरोप लगाए जा रहे हैं। विधायक को ज्ञापन सौंपने वालों में प्रधान के साथ अनेक कॉलेजियम सदस्य भी मौजूद थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
रेवाड़ी। सैनी सभा के रिकॉर्ड में छेड़छाड़ एवं उपप्रधान को मनमाने तरीके से हटाने की शिकायत पर प्रधान चेतराम सैनी पर मामला दर्ज होने के बाद सैनी वीरवार को रेवाड़ी विधायक रणधीर कापड़ीवास के दरबार में पहुंचे। प्रधान ने विधायक से निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। उनका आरोप है कि रसूख के चलते उनके खिलाफ मामला दर्ज कराया गया है।
सैनी सभी के उप-प्रधान हरिसिंह सैनी ने पुलिस को दी गई शिकायत में कहा कि सभा के प्रधान ने निजी फायदे के लिए रिकॉर्ड से छेड़छाड़ की है। इसी के 22 मई 2016 को बुलाई गई कॉलेजियम की मीटिंग में तत्कालीन महासचिव ने दयाराम सैनी के इस्तीफे के बाद आशीष सैनी को इस पद पर नियुक्त कर दिया गया था। आरोप है कि इस दौरान रजिस्टर में कुछ जगह खाली छोड़ दी। बाद में मनमानी से हरिसिंह सैनी की जगह बहादुर सैनी को उपप्रधान बना दिया गया। इतना ही प्रधान पर पांच साल तक सोसायटी में रिकॉर्ड नहीं जमा कराने का आरोप है।
विज्ञापन
प्रबंधक ने राजनीतिक रसूख का इस्तेमाल कर कराया झूठा मामला दर्ज: सैनी
विधायक को दिए गए ज्ञापन में सभा प्रधान चेतराम सैनी एवं अन्य सदस्यों ने आरोप लगाया है कि सभा के प्रबंधक ने पुलिस एवं प्रशासन पर राजनीतिक दबाव बनवाकर झूठा मुकदमा दर्ज करवाया है। जबकि मामले की सुनवाई फर्म एवं सोसायटी रजिस्ट्रार के यहां पर चल रही है। उन्होंने कहा कि उनके समय में सैनी सभी ने काफी तरक्की की है। अगले साल सभा के चुनाव होने के चलते छवि धूमिल करने के लिए ऐसे आरोप लगाए जा रहे हैं। विधायक को ज्ञापन सौंपने वालों में प्रधान के साथ अनेक कॉलेजियम सदस्य भी मौजूद थे।
विज्ञापन