{"_id":"5aef55504f1c1b390a8b8691","slug":"111525634384-rewari-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"झूठे गैंगरेप में फंसाने वाली महिला को भेजा जेल","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
झूठे गैंगरेप में फंसाने वाली महिला को भेजा जेल
Updated Mon, 07 May 2018 12:49 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सामूहिक दुष्कर्म का झूठा मामला दर्ज कराने के आरोप में महिला गिरफ्तार
अमर उजाला ब्यूरो
रेवाड़ी।
सामूहिक दुष्कर्म का झूठा मामला दर्ज कराने के आरोप में एक महिला को पुलिस ने शनिवार रात गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी महिला को महिला थाना पुलिस ने रविवार को ड्यूटी मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। इस मामले में पुलिस ने एक एएसआई के खिलाफ भी प्राथमिकी दर्ज की हुई है। पुलिस ने बताया कि राजस्थान के एक गांव निवासी महिला ने एक पुलिसकर्मी सहित पांच लोगों पर नशा देकर सामूहिक दुष्कर्म करने का आरोप लगाया था। महिला द्वारा लगाए सभी आरोप अदालत में गलत साबित हुए थे। महिला की मेडिकल जांच में भी उसके साथ गैंगरेप की पुष्टि नहीं हुई थी। न ही उसे नशीला इंजेक्शन देने की बात मेडिकल में सामने आई थी। अदालत ने सभी आरोपियों को बरी कर जांच के आदेश दिए थे। जांच के बाद महिला थाना पुलिस ने एएसआई अमलेश की शिकायत पर उक्त महिला और पुलिस के एक एएसआई के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी। जांच अधिकारी एएसआई प्रियंका ने बताया कि आरोपी महिला को अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
रेवाड़ी।
सामूहिक दुष्कर्म का झूठा मामला दर्ज कराने के आरोप में एक महिला को पुलिस ने शनिवार रात गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी महिला को महिला थाना पुलिस ने रविवार को ड्यूटी मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। इस मामले में पुलिस ने एक एएसआई के खिलाफ भी प्राथमिकी दर्ज की हुई है। पुलिस ने बताया कि राजस्थान के एक गांव निवासी महिला ने एक पुलिसकर्मी सहित पांच लोगों पर नशा देकर सामूहिक दुष्कर्म करने का आरोप लगाया था। महिला द्वारा लगाए सभी आरोप अदालत में गलत साबित हुए थे। महिला की मेडिकल जांच में भी उसके साथ गैंगरेप की पुष्टि नहीं हुई थी। न ही उसे नशीला इंजेक्शन देने की बात मेडिकल में सामने आई थी। अदालत ने सभी आरोपियों को बरी कर जांच के आदेश दिए थे। जांच के बाद महिला थाना पुलिस ने एएसआई अमलेश की शिकायत पर उक्त महिला और पुलिस के एक एएसआई के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी। जांच अधिकारी एएसआई प्रियंका ने बताया कि आरोपी महिला को अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।