Panipat: संदिग्ध हालात में टेक्सटाइल कारोबारी लापता, डायरी में मिले नोट में तीन पार्टनर समेत सात पर आरोप
पुलिस को दी शिकायत में जाटल रोड कृष्णा नगर निवासी सुभाग गर्ग ने बताया कि उसका बड़ा बेटा प्रवीन गर्ग जाटल रोड स्थित अग्रवाल मंडी में बांके बिहारी टेक्सटाइल कंपनी में समीम हैदर जैदी उर्फ समीर, अजय दत्ता और अमित चोपड़ा के साथ पार्टनर है। वह रोजाना फैक्टरी जाता था, शाम को वापस आ जाता था।
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पानीपत में कृष्णा नगर निवासी एक टेक्सटाइल कारोबारी संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गया। 24 घंटे बाद वह घर नहीं लौटा तो पिता व साला फैक्टरी पहुंच गए। टेबल की तलाशी ली तो डायरी में सुसाइड नोट लिखा था। जिसमें उसके तीनों पार्टनर समेत सात के नाम थे। कारोबारी ने लिखा था कि उसने पहले पार्टनर से 27 लाख रुपये लेकर दूसरे पार्टनर को दिए थे, उसने पांच लाख रुपये अपने पास से भी दिए थे, लेकिन आरोपी उसके 32 लाख रुपये नहीं दे रहा है। पहला पार्टनर उस पर रुपयों का दबाव बना रहा है। जिस वजह वह डिप्रेशन में है और खुद को खत्म करने जा रहा है। शहर थाना पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।
पुलिस को दी शिकायत में जाटल रोड कृष्णा नगर निवासी सुभाग गर्ग ने बताया कि उसका बड़ा बेटा प्रवीन गर्ग जाटल रोड स्थित अग्रवाल मंडी में बांके बिहारी टेक्सटाइल कंपनी में समीम हैदर जैदी उर्फ समीर, अजय दत्ता और अमित चोपड़ा के साथ पार्टनर है। वह रोजाना फैक्टरी जाता था, शाम को वापस आ जाता था। सात फरवरी को प्रवीन सुबह नौ बजे फैक्टरी गया था, लेकिन शाम को नहीं लौटा। उन्होंने कॉल किए, लेकिन कॉल रिसीव नहीं किया। उन्होंने कंपनी के पार्टनर समीम हैछर, अजय और अमित से पूछताछ की तो तीनों ने बताया कि वह सुबह फैक्टरी आया था, लेकिन 11 बजे निकल गया था, उन्हें नहीं पता वह कहां पर गया। आठ फरवरी को भी बेटा घर नहीं आया तो वह बेटे के साले विनोद सिंगला के साथ बेटे की फैक्टरी गए। उन्होंने टेबल की दराज चेक की तो उसमें रखी डायरी में प्रवीन गर्ग के हाथ का लिखा हुआ सुसाइड नोट मिला और एक चेक बुक, पांच ब्लैंक चेक, जिन पर प्रवीन के हस्ताक्षर किए हुए थे, मिले
सुसाइड नोट में क्या लिखा
पिता ने बताया कि जब उन्होंने सुसाइड नोट पढ़ा तो उसमें लिखा था कि समीम हैदर से अजय दत्ता को बेटे ने 27 लाख रुपये दिलवाए थे। जबकि बेटे ने पांच लाख रुपये अपने पास से भी अजय दत्ता व खुशी दत्ता को दिए थे। दोनों ने गारंटी के लिए बेटे को चेक भी दे रखे हैं, वह सभी बाउंस हो गए है। सुसाइड नोट में लिखा कि अजय अब न समय बता रहा है और न ही रुपये दे रहा है। जब प्रवीन अजय की ससुराल जाता है तो वह कहते है कि उनका अजय से कोई रिश्ता नहीं है। बेटे ने लिखा कि यह सब मिले हुए है। उन्होंने उसकी गाड़ी और एक्टिवा भी गिरवी रखा दी। वह अब डिप्रेशन नहीं झेल सकता, इसलिए अपने आप को खत्म करने जा रहा हूं। मेरी मौत की वजह अजय दत्ता, खुशी दत्ता और उनके ससुराल के लोग होंगे। उनकी ससुराल पक्ष के लोग उन्हें रास्ता नहीं दे रहे। सुसाइड नोट पर 5-02-2023 तारीख लिखी है और नीचे हस्ताक्षर है।
पार्टनर बोला-27 लाख दे दे, वरना अंजाम अच्छा नहीं होगा
पिता ने बताया कि पार्टनर समीम हैदर भी बेटे पर 27 लाख रुपये देने का दबाव बना रहा था, उसने धमकी दी थी कि रुपये दे दे, वरना अंजाम अच्छा नहीं होगा। बेटा अजय दत्ता और खुशी दत्ता से अपने 32 लाख रुपये मांग रहा था, लेकिन वह नहीं दे रहे थे, जिस वजह बेटा मानसिक तनाव की स्थिति से गुजर रहा था।
सुसाइड नोट में इन सातों का नाम
समीम हैदर जैदी उर्फ समीर, अजय दत्ता, खुशी दत्ता पत्नी अजय दत्ता, अमित चोपडा, प्रिंस उर्फ चिंटू, आशु पुत्र सुभाष सिंगला, सचिन पुत्र पवन कुमार