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Panipat: ड्यूटी से घर लौटे सब इंस्पेक्टर की हृदय गति रुकने से मौत, छह माह पहले हुआ था प्रमोशन
Fri, 22 Jul 2022 02:40 PM IST
निवेदिता वर्मा
संवाद न्यूज एजेंसी, पानीपत (हरियाणा)
संवाद न्यूज एजेंसी, पानीपत (हरियाणा)
Published by: निवेदिता वर्मा
Updated Fri, 22 Jul 2022 02:40 PM IST
सार
रामचंद्र छह माह पहले एएसआई से पदोन्नति पाकर एसआई बने थे। उनके चार बच्चे है, जिनमें दो बेटे बीरू और अभिषेक व दो बेटी हैं।
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सब इंस्पेक्टर रामचंद्र
- फोटो : फाइल
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विस्तार
पानीपत की जसबीर कॉलोनी में गुरुवार रात हृदय गति रुकने से सब-इंस्पेक्टर की मौत हो गई। वह ड्यूटी से आधा घंटा पहले ही घर लौटे थे। हालत खराब होने पर परिजन सामान्य अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शुक्रवार को शव का पोस्टमार्टम कराया और शव परिजनों को सौंप दिया। मामले में 174 की कार्रवाई की गई है।
जसबीर कॉलोनी निवासी रामचंद्र (51) पुत्र हरिराम 34 साल से हरियाणा पुलिस विभाग में कार्यरत थे। वह एसपी ऑफिस पानीपत में एसआई के पद पर तैनात थे। गुरुवार रात करीब 10 बजे वे ड्यूटी से घर लौटे थे। खाना खाकर वे सोने लगे तो बेड पर ही उन्हें उल्टी लगी। हालत खराब होने पर परिजन उन्हें सामान्य अस्पताल लेकर गए, जहां डॉक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पोस्टमार्टम के दौरान खुलासा हुआ कि एसआई की मौत हृदय गति रुकने की वजह से हुई है।
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जसबीर कॉलोनी निवासी रामचंद्र (51) पुत्र हरिराम 34 साल से हरियाणा पुलिस विभाग में कार्यरत थे। वह एसपी ऑफिस पानीपत में एसआई के पद पर तैनात थे। गुरुवार रात करीब 10 बजे वे ड्यूटी से घर लौटे थे। खाना खाकर वे सोने लगे तो बेड पर ही उन्हें उल्टी लगी। हालत खराब होने पर परिजन उन्हें सामान्य अस्पताल लेकर गए, जहां डॉक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पोस्टमार्टम के दौरान खुलासा हुआ कि एसआई की मौत हृदय गति रुकने की वजह से हुई है।
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छह माह पहले हुआ था प्रमोशन
रामचंद्र के भाई सुरजीत ने बताया कि रामचंद्र छह माह पहले एएसआई से पदोन्नति पाकर एसआई बने थे। उनके चार बच्चे है, जिनमें दो बेटे बीरू और अभिषेक व दो बेटी हैं। बेटियां शादीशुदा है और बड़ा बेटा प्राइवेट कंपनी में जॉब करता है। रामचंद्र चार भाइयों में दूसरे नंबर पर थे।
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