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बापौली: तेज हवाओं और बारिश ने जमीन पर बिछा दी धान की फसल
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बापौली। दो दिनों से लगातार बिगड़ रहे मौसम के मिजाज से किसानों में हाहाकार मच गया है। बिन मौसम बरसात और तेज हवाओं से पककर तैयार किसानों की छह माह की गाढ़ी कमाई खेतों में बिछ गई हैं। इससे भारी नुकसान होने की आशंका है। किसान मदन, नरेश, रामेहर, सतबीर, राजेंद्र किसानों ने बताया कि मौसम में अचानक गर्मी और ठंड का प्रकोप बढ़ रहा है। रात के समय ओस का सिलसिला भी शुरू हो चुका है, जिसका सीधा असर फसलों पर पड़ रहा है। अगर मौसम इसी प्रकार अपने मिजाज को बदलता रहा और अधिक बरसात होती रही तो किसानों की फसलों को भारी नुकसान होगा। इससे वे कर्जदार होने के लिए मजबूर हो जाएंगे। जिन किसानों ने जमीन पट्टे पर लेकर खेती की उनको इस बारिश से भारी नुकसान होगा।
मदन फौजी का कहना है कि उन्होंने 20 एकड़ जमीन पट्टे पर ले रखी है। एक तो इस वर्ष जीरी की फसल अच्छी नहीं हुई, ऊपर से बारिश ने जान को जोखिम में डाल दिया है। अब सवाल यह है कि पट्टे पर ली गई इस जमीन की भरपाई भी कैसे होगी।
भारतीय किसान यूनियन के बापौली ब्लॉक के पूर्व अध्यक्ष सुंदर रावल का कहना कि जल्द ही वो धान के समर्थक मूल्य की मांग को लेकर प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपेगे। साथ धान की फसल में हुए नुकसान के मुआवजे की भी मांग करेंगे । ताकि किसान को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
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मदन फौजी का कहना है कि उन्होंने 20 एकड़ जमीन पट्टे पर ले रखी है। एक तो इस वर्ष जीरी की फसल अच्छी नहीं हुई, ऊपर से बारिश ने जान को जोखिम में डाल दिया है। अब सवाल यह है कि पट्टे पर ली गई इस जमीन की भरपाई भी कैसे होगी।
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भारतीय किसान यूनियन के बापौली ब्लॉक के पूर्व अध्यक्ष सुंदर रावल का कहना कि जल्द ही वो धान के समर्थक मूल्य की मांग को लेकर प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपेगे। साथ धान की फसल में हुए नुकसान के मुआवजे की भी मांग करेंगे । ताकि किसान को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
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