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शुगर मिल के एमई प्लांट निर्माण कार्य में पकड़ी खामी, जेई को नोटिस
panipat beuro
Updated Fri, 10 Feb 2017 12:03 AM IST
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cd
- फोटो : amar ujala,panipat
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शुगर फेड के चेयरमैन ने पानीपत शुगर मिल का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं को जांचा और डिस्टलरी में चल रहे एमई प्लांट के निर्माण व सामाग्री में खामियां पकड़ी। चेयरमैन ने जेई को कारण बताओ नोटिस जारी किया है और सेंपलों को कुरुक्षेत्र लैब में जांच को भेज दिए हैं। इससे पहले किसानों से मिल में आने वाली समस्याओं के बारे में जानकारी ली। किसानों ने नया शुगर मिल जल्द चालू कराने की मांग की। वहीं पिछले साल मिल में करोड़ों रुपये की गड़बड़ी के आरोपों के बारे में जांच के बाद उचित कार्रवाई करने का दावा किया है।
शुगर फेड के चेयरमैन चंद्रप्रकाश कथूरिया वीरवार सायं करीब सवा चार बजे अचानक शुगर मिल में पहुंच गए। एमडी शुगर मिल बीर सिंह ने उनका स्वागत किया। चेयरमैन चंद्रप्रकाश कथूरिया स्वागत की औपचारिकता पूरी होते ही मिल के निरीक्षण को निकल पड़े। वे सीधे कैन पर पहुंचे। यहां पर सब सामान्य मिलने के बाद तोल सेंटर पर पहुंचे। उन्होंने यहां पर खुद खाली ट्राली और पचास किलोग्राम का बाट रखवाकर वजन चैक किया। सेंटर पर तोल सामान्य मिलने के बाद उन्होंने किसानों से बात की और मिल में आने वाली किसी तरह की समस्या के बारे में पूछा। किसानों ने बताया कि मिल में सब कुछ सामान्य चल रहा है, लेकिन उनको अपनी जान जोखिम में डालकर दूसरे शहरों व जिलों में गन्ना लेकर जाना पड़ता है। डाहर गांव में नया मिल समय पर लग जाएं तो किसानों की आधी परेशानी कम हो जाएगी और गन्ने का उत्पादन भी बढ़ाया जा सकता है। चेयरमैन ने किसानों को अगले साल नया मिल डाहर में चलाने का भरोसा दिया। चेयरमैन ने इसके बाद चीनी बनाने का प्रोसेस देखा और चीनी के कट्टों का वजन कराया। वे इसके बाद सीधे डिस्टलरी में पहुंचे। उन्होंने डिस्टलरी में वाइन बनाने के प्रोसेस को बारीकी से जाना और फिर डिस्टलरी में बनने वाले एमई प्लांट पर पहुंचे। यहां पर प्लांट की नींव भरकर डीपीसी डाली गई थी। उन्होंने डीपीसी में लगाए गए मैटीरियल पर आपत्ति जताई और ड्राइंग की जांच की। उन्होंने क्यूब जांचने को लेकर डीपीसी को तुड़वाया, लेकिन इसमें क्यूब नहीं मिले। उन्होंने जेई को फटकार लगाई और इसके सैंपल भरवाकर कुरुक्षेत्र लैब में जांच कराने के आदेश दिए। चेयरमैन ने इस मामले को गंभीर माना और जेई को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया।
डाहर में पीपी मोड़ पर लगाया जाएगा मिल
शुगर फेड चेयरमैन चंद्रप्रकाश कथूरिया ने अमर उजाला को बताया कि डाहर गांव में शुगर मिल पीपी मोड़ पर लगाया जाएगा। इसको लेकर गत माह दिल्ली में प्राइवेट मिलरों की बैठक भी ली गई है। उनकी शर्तों का अध्ययन किया जा रहा है। इसको लेकर किसानों व कर्मचारियों की भावनाओं को भी समझा जाएगा और अच्छी व्यवस्था स्थापित की जाएगी। सरकार इसको अगले सीजन में चालू करने का पूरा प्रयास करेगी। इसको लेकर प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री मनोहर लाल सबको साथ लेकर विकास कार्य कर रहे हैं। धरना प्रदर्शन करने वालों को शांति बनाकर रखनी चाहिए।
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मिल में गड़बड़ी की कराई जाएगी जांच
शुगर फेड चेयरमैन चंद्रप्रकाश कथूरिया ने शुगर मिल में पिछले साल करोड़ों रुपये की गड़बड़ी के आरोपों के सवाल का जवाब देते हुए कहा कि इसकी जांच की जा रही है। इसमें दोषी अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। वहीं शुगर मिल डायरेक्टर जितेंद्र भापरा ने भी भ्रष्टाचार के मामलों को गंभीर बताया।
पानीपत शुगर मिल का औचक निरीक्षण किया गया। एमई प्लांट के निर्माण में कुछ खामियां मिली हैं। जेई को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया गया है और निर्माण सामग्री के सैंपल जांच को भेज दिए गए हैं। मिल में अनदेखी बरतने वाले अधिकारियों या कर्मियों को बख्शा नहीं जाएगा।
चंद्रप्रकाश कथूरिया, चेयरमैन, शुगर फेड, हरियाणा।
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शुगर फेड के चेयरमैन चंद्रप्रकाश कथूरिया वीरवार सायं करीब सवा चार बजे अचानक शुगर मिल में पहुंच गए। एमडी शुगर मिल बीर सिंह ने उनका स्वागत किया। चेयरमैन चंद्रप्रकाश कथूरिया स्वागत की औपचारिकता पूरी होते ही मिल के निरीक्षण को निकल पड़े। वे सीधे कैन पर पहुंचे। यहां पर सब सामान्य मिलने के बाद तोल सेंटर पर पहुंचे। उन्होंने यहां पर खुद खाली ट्राली और पचास किलोग्राम का बाट रखवाकर वजन चैक किया। सेंटर पर तोल सामान्य मिलने के बाद उन्होंने किसानों से बात की और मिल में आने वाली किसी तरह की समस्या के बारे में पूछा। किसानों ने बताया कि मिल में सब कुछ सामान्य चल रहा है, लेकिन उनको अपनी जान जोखिम में डालकर दूसरे शहरों व जिलों में गन्ना लेकर जाना पड़ता है। डाहर गांव में नया मिल समय पर लग जाएं तो किसानों की आधी परेशानी कम हो जाएगी और गन्ने का उत्पादन भी बढ़ाया जा सकता है। चेयरमैन ने किसानों को अगले साल नया मिल डाहर में चलाने का भरोसा दिया। चेयरमैन ने इसके बाद चीनी बनाने का प्रोसेस देखा और चीनी के कट्टों का वजन कराया। वे इसके बाद सीधे डिस्टलरी में पहुंचे। उन्होंने डिस्टलरी में वाइन बनाने के प्रोसेस को बारीकी से जाना और फिर डिस्टलरी में बनने वाले एमई प्लांट पर पहुंचे। यहां पर प्लांट की नींव भरकर डीपीसी डाली गई थी। उन्होंने डीपीसी में लगाए गए मैटीरियल पर आपत्ति जताई और ड्राइंग की जांच की। उन्होंने क्यूब जांचने को लेकर डीपीसी को तुड़वाया, लेकिन इसमें क्यूब नहीं मिले। उन्होंने जेई को फटकार लगाई और इसके सैंपल भरवाकर कुरुक्षेत्र लैब में जांच कराने के आदेश दिए। चेयरमैन ने इस मामले को गंभीर माना और जेई को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया।
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डाहर में पीपी मोड़ पर लगाया जाएगा मिल
शुगर फेड चेयरमैन चंद्रप्रकाश कथूरिया ने अमर उजाला को बताया कि डाहर गांव में शुगर मिल पीपी मोड़ पर लगाया जाएगा। इसको लेकर गत माह दिल्ली में प्राइवेट मिलरों की बैठक भी ली गई है। उनकी शर्तों का अध्ययन किया जा रहा है। इसको लेकर किसानों व कर्मचारियों की भावनाओं को भी समझा जाएगा और अच्छी व्यवस्था स्थापित की जाएगी। सरकार इसको अगले सीजन में चालू करने का पूरा प्रयास करेगी। इसको लेकर प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री मनोहर लाल सबको साथ लेकर विकास कार्य कर रहे हैं। धरना प्रदर्शन करने वालों को शांति बनाकर रखनी चाहिए।
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मिल में गड़बड़ी की कराई जाएगी जांच
शुगर फेड चेयरमैन चंद्रप्रकाश कथूरिया ने शुगर मिल में पिछले साल करोड़ों रुपये की गड़बड़ी के आरोपों के सवाल का जवाब देते हुए कहा कि इसकी जांच की जा रही है। इसमें दोषी अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। वहीं शुगर मिल डायरेक्टर जितेंद्र भापरा ने भी भ्रष्टाचार के मामलों को गंभीर बताया।
पानीपत शुगर मिल का औचक निरीक्षण किया गया। एमई प्लांट के निर्माण में कुछ खामियां मिली हैं। जेई को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया गया है और निर्माण सामग्री के सैंपल जांच को भेज दिए गए हैं। मिल में अनदेखी बरतने वाले अधिकारियों या कर्मियों को बख्शा नहीं जाएगा।
चंद्रप्रकाश कथूरिया, चेयरमैन, शुगर फेड, हरियाणा।