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दसवीं परीक्षा में फेल होने से आहत छात्र ने ट्रेन के आगे कूद कर दी जान

Sat, 26 May 2018 01:16 AM IST
Updated Sat, 26 May 2018 01:16 AM IST
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दसवीं परीक्षा में फेल होने से आहत छात्र ने ट्रेन के आगे कूद कर दी जान
दसवीं परीक्षा में फेल होने से आहत छात्र ने ट्रेन के आगे कूद कर दी जान
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अमर उजाला ब्यूरो
पानीपत। राज नगर के पास छात्र ने ट्रेन के आगे कूदकर जान दे दी। छात्र दसवीं में फेल होने से काफी आहत था। परीक्षा परिणाम आने के बाद से ही वह काफी दुखी था। तीन दिन पहले ही परीक्षा का परिणाम आया था। स्थानीय लोगों ने इसकी सूचना जीआरपी को दी। जीआरपी ने मौके पर पहुंचकर स्थानीय लोगों से पूछताछ कर शव को सिविल अस्पताल में भिजवाया, जहां जीआरपी ने परिजनों के बयान दर्ज कर पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों सौंप दिया है। बेटे की मौत के बाद परिवार में मातम छाया हुआ है। जीआरपी मामले की जांच कर रही है।
मूल रूप से सिवान, बिहार के रहने वाले भरत सिंह पिछले 22 साल से किशनपुरा में रह रहे है। वो पावरलूम फैक्ट्री में काम करते है। उनके 3 लड़के व 1 लड़की है। 19 वर्षीय अंकित ने दसवीं की ओपन से परीक्षा दी थी। जिसका परिणाम 23 मई को आया था। परिणाम में वो एक पेपर में फेल हो गया था। इससे वो मानसिक रूप से परेशान था। वीरवार दोपहर अंकित धूमने गया था। शाम को जीआरपी का उनके पास फोन आया। पुलिस ने उनको अंकित की मौत के बारे में बताया। परिजन मौके पर पहुंचे। पुलिस व परिजन शव को सामान्य अस्पताल में ले कर आए। जहां शुक्रवार को पोस्टमार्टम करवा कर शव परिजनों को सौंप दिया गया।
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बेटे के मरने के बाद फेल होने का पता लगा:
भरत सिंह ने बताया कि पुलिस ने जब हादसे की बात बताई, उसके बाद पता लगा कि हादसे का कारण उसका परीक्षा परिणाम में फेल होना है। पुलिस पूछताछ में पता लगा कि उसका 10 वीं कक्षा का रिजल्ट आया था। इसमें वो फेल हो गया था। 3 दिनों से अंकित काफी परेशान था। लेकिन उसकी परेशानी का कारण नहीं पता लग पा रहा था।
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शव के पास से मिली डायरी व पर्स
जीआरपी पुलिस को शव के पास से डायरी व पर्स मिला। डायरी में काफी मोबाइल नंबर लिखे हुए थे। जिनमें से उन्होंने परिजनों का नंबर निकाल कर उन्हें सूचना दी।
ट्रेन की टिकट करवाई कैंसिल
पिता भरतसिंह ने बताया कि वो 4 साल बाद अपने गांव सिवान जाने के लिए ट्रेन की टिकट पहले ही बुक करवाई थी। पूरा परिवार आगामी 12 जून को गांव जाने की तैयारी में था। गांव जाने की बात से अंकित काफी खुश था। गुरूवार को हुए हादसे के बाद शुक्रवार को पिता ने ट्रेन की टिकट कैंसिल करवाई।
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