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शहर में नहीं लग सके सीसीटीवी, राम भरोसे सुरक्षा व्यवस्था
Updated Fri, 01 Dec 2017 12:18 AM IST
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शहर में नहीं लग सके सीसीटीवी, राम भरोसे सुरक्षा व्यवस्था
अमर उजाला ब्यूरो
पानीपत। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद भी औद्योगिक नगरी तीसरी आंख के दायरे में नहीं आ सकी है। पहले पुलिस विभाग का शहर के मुख्य चौक चौराहों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने का प्रस्ताव बजट को लेकर मुख्यालय तक जाकर अटक गया, अब नगर निगम हाउस की मीटिंग में भी मुद्दा पास होने के बाद शहर में सीसीटीवी नहीं लग सके। ऐसे में करोड़ों का बाजार दिन और रात के वक्त राम भरोसे है। वहीं शोरूम और घरों के बाहर निजी तौर पर लोगों ने कुछ जगह सीसीटीवी लगवाए भी हैं तो गुणवत्ता खराब होने से कोई फायदा नहीं मिल रहा है। वारदात के बाद भी अपराधी पकड़ में नहीं आ रहे हैं।
पानीपत एक औद्योगिक नगरी है। यहां पर प्रदेश समेत आसपास के लोग भी आकर काम कर रहे हैं। वहीं पानीपत में इंडियन ऑयल की रिफाइनरी, नेशनल फर्टिलाइजर लिमिटेड और पानीपत थर्मल पावर स्टेशन जैसे प्रमुख संस्थान हैं। ऐसे में यहां की सुरक्षा अहम स्थान रखती है। पानीपत से सरकार के राजस्व में हर साल करोड़ों रुपये जाते हैं, लेकिन सुरक्षा की दृष्टि से शहर में सीसीटीवी कैमरे भी नहीं लगवाए जा सके हैं। प्रशासन सुप्रीम कोर्ट के आदेशों के बाद भी इनको लेकर जिम्मेदार गंभीर नहीं हुए हैं।
पुलिस ने सीसीटीवी की मदद से चोरी सुलझाने का किया था दावा
सीआईए-थ्री ने पिछले दिनों आधा दर्जन आरोपियों से चोरी की 14 वारदातों को सुलझाने का दावा किया था। सीआईए-तीन प्रभारी प्रवीण कुमार ने मीडिया के सामने बताया था कि चोर फैक्ट्रियों के बाहर लगे सीसीटीवी की फुटेज के चलते पकड़े गए। वहीं संजय चौक निवासी एक उद्यमी के घर लूट की वारदात देने के आरोपियों की पहचान भी सीसीटीवी के सहारे की गई थी।
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शोरुम व दुकानों में लगे सीसीटीवी की नहीं क्वालिटी
शोरुम और दुकानों के अंदर, बाहर सीसीटीवी लगाने के आदेश हैं। पुलिस अधिकारी समय-समय पर इसको लेकर एसोसिएशन के साथ मीटिंग भी करते हैं। यहां पर दो बड़ी कमियां सामने आ रहीं हैं। एक तो इनकी क्वालिटी इतनी बेहतर नहीं है और दूसरी दुकानदार शाम को घर जाते समय दुकान और शोरूम की बिजली सप्लाई बंद कर देते हैं। ऐसे में दुकानों में रात के वक्त किसी तरह की वारदात की रिकॉर्डिंग नहीं मिल पाती। वहीं एटीएम में लगे सीसीटीवी की क्वालिटी भी इतनी बेहतर नहीं है। फुटेज को क्लोज-अप करते ही पिक्सल फट जाते हैं और कुछ भी साफ तौर पर दिखाई नहीं दे पाता।
कुछ ही लोग क्वालिटी के लगवाना चाहते हैं कैमरे
श्री कृष्णा कंप्यूटर एंड सिक्योरिटी सिस्टम के संचालक कपिल शर्मा ने बताया कि शोरूम व दुकानों के अंदर व बाहर सीसीटीवी कैमरे लगवाए जा रहे हैं। कुछ ही लोग अच्छी क्वालिटी के सीसीटीवी लगवाने की बात करते हैं। कुछ कंपनी तो केवल दिखावे के लिए सीसीटीवी कैमरे लगवाती हैं। वे लोग केवल बजट सीमित मिलने की बात कहते हैं। ऐसे में उनकी क्वालिटी इतनी बेहतर नहीं मिल पाती।
बाजारों के प्रधान, दुकानदार बोले होने चाहिए सीसीटीवी
इंसार बाजार के प्रधान गौरव लिखा ने बताया कि दुकानदारों द्वारा बिजली सप्लाई बंद करना मजबूरी होती है। उनको बिजली चालू रखने पर शॉर्ट सर्किट होने का डर रहता है। प्रशासन व सरकार अपने स्तर पर सीसीटीवी को लगवाए तो उनकी क्वालिटी बेहतर होने के साथ रख रखाव भी होगा। नगर निगम ने भी इस दिशा में काम किया था, लेकिन यह सब अधर में लटक गया।
गुरुद्वारा रोड के प्रधान सुरेश बवेजा ने बताया कि बाजार में प्रशासन की तरफ से कोई भी सीसीटीवी नहीं लगाया गया है। पहले गुरुद्वारा प्रबंधन द्वारा सीसीटीवी लगवाए गए थे, लेकिन गुरुद्वारा धंसने के बाद कैमरे भी हटा लिए गए हैं। अब बाजारों की सुरक्षा चौकीदार के सहारे चल रही है। प्रशासन और सरकार को इस दिशा में भी काम करना चाहिए।
शहर में सीसीटीवी लगाने का प्रपोजल पुलिस विभाग द्वारा भी बनाया गया था। इसको आला अफसरों के पास परमिशन के लिए भेजा गया है। इसकी परमिशन मिलते ही शहर में जरूरत के हिसाब से सीसीटीवी कैमरे लगवा दिए जाएंगे। पुलिस अपने स्तर पर गश्त कर रही है। शोरूम व दुकानदारों को सीसीटीवी लगवाए जा रहे हैं।
राहुल शर्मा, एसपी पानीपत।
नगर निगम खासकर कुछ चौक चौराहों पर सीसीटीवी लगाए जाने हैं। वे इसको लेकर लगातार प्रयास कर रहे हैं। इसका प्रस्ताव उच्चाधिकारियों को भेजा गया है। इसकी मंजूरी मिलते ही सीसीटीवी लगा दिए जाएंगे।
शिवप्रसाद शर्मा, कमिश्नर, नगर निगम पानीपत।
शहर में सीसीटीवी लगाने का प्रस्ताव पास किया गया है। शहर में अब तक सीसीटीवी कैमरे नहीं लगाए जा सके हैं। यह अधिकारियों के स्तर पर बरती गई लापरवाही है। हाउस की इस बार की मीटिंग में अधिकारियों से इसका कारण पूछा जाएगा।
सुरेश वर्मा, मेयर, नगर निगम, पानीपत।
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अमर उजाला ब्यूरो
पानीपत। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद भी औद्योगिक नगरी तीसरी आंख के दायरे में नहीं आ सकी है। पहले पुलिस विभाग का शहर के मुख्य चौक चौराहों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने का प्रस्ताव बजट को लेकर मुख्यालय तक जाकर अटक गया, अब नगर निगम हाउस की मीटिंग में भी मुद्दा पास होने के बाद शहर में सीसीटीवी नहीं लग सके। ऐसे में करोड़ों का बाजार दिन और रात के वक्त राम भरोसे है। वहीं शोरूम और घरों के बाहर निजी तौर पर लोगों ने कुछ जगह सीसीटीवी लगवाए भी हैं तो गुणवत्ता खराब होने से कोई फायदा नहीं मिल रहा है। वारदात के बाद भी अपराधी पकड़ में नहीं आ रहे हैं।
पानीपत एक औद्योगिक नगरी है। यहां पर प्रदेश समेत आसपास के लोग भी आकर काम कर रहे हैं। वहीं पानीपत में इंडियन ऑयल की रिफाइनरी, नेशनल फर्टिलाइजर लिमिटेड और पानीपत थर्मल पावर स्टेशन जैसे प्रमुख संस्थान हैं। ऐसे में यहां की सुरक्षा अहम स्थान रखती है। पानीपत से सरकार के राजस्व में हर साल करोड़ों रुपये जाते हैं, लेकिन सुरक्षा की दृष्टि से शहर में सीसीटीवी कैमरे भी नहीं लगवाए जा सके हैं। प्रशासन सुप्रीम कोर्ट के आदेशों के बाद भी इनको लेकर जिम्मेदार गंभीर नहीं हुए हैं।
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पुलिस ने सीसीटीवी की मदद से चोरी सुलझाने का किया था दावा
सीआईए-थ्री ने पिछले दिनों आधा दर्जन आरोपियों से चोरी की 14 वारदातों को सुलझाने का दावा किया था। सीआईए-तीन प्रभारी प्रवीण कुमार ने मीडिया के सामने बताया था कि चोर फैक्ट्रियों के बाहर लगे सीसीटीवी की फुटेज के चलते पकड़े गए। वहीं संजय चौक निवासी एक उद्यमी के घर लूट की वारदात देने के आरोपियों की पहचान भी सीसीटीवी के सहारे की गई थी।
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शोरुम व दुकानों में लगे सीसीटीवी की नहीं क्वालिटी
शोरुम और दुकानों के अंदर, बाहर सीसीटीवी लगाने के आदेश हैं। पुलिस अधिकारी समय-समय पर इसको लेकर एसोसिएशन के साथ मीटिंग भी करते हैं। यहां पर दो बड़ी कमियां सामने आ रहीं हैं। एक तो इनकी क्वालिटी इतनी बेहतर नहीं है और दूसरी दुकानदार शाम को घर जाते समय दुकान और शोरूम की बिजली सप्लाई बंद कर देते हैं। ऐसे में दुकानों में रात के वक्त किसी तरह की वारदात की रिकॉर्डिंग नहीं मिल पाती। वहीं एटीएम में लगे सीसीटीवी की क्वालिटी भी इतनी बेहतर नहीं है। फुटेज को क्लोज-अप करते ही पिक्सल फट जाते हैं और कुछ भी साफ तौर पर दिखाई नहीं दे पाता।
कुछ ही लोग क्वालिटी के लगवाना चाहते हैं कैमरे
श्री कृष्णा कंप्यूटर एंड सिक्योरिटी सिस्टम के संचालक कपिल शर्मा ने बताया कि शोरूम व दुकानों के अंदर व बाहर सीसीटीवी कैमरे लगवाए जा रहे हैं। कुछ ही लोग अच्छी क्वालिटी के सीसीटीवी लगवाने की बात करते हैं। कुछ कंपनी तो केवल दिखावे के लिए सीसीटीवी कैमरे लगवाती हैं। वे लोग केवल बजट सीमित मिलने की बात कहते हैं। ऐसे में उनकी क्वालिटी इतनी बेहतर नहीं मिल पाती।
बाजारों के प्रधान, दुकानदार बोले होने चाहिए सीसीटीवी
इंसार बाजार के प्रधान गौरव लिखा ने बताया कि दुकानदारों द्वारा बिजली सप्लाई बंद करना मजबूरी होती है। उनको बिजली चालू रखने पर शॉर्ट सर्किट होने का डर रहता है। प्रशासन व सरकार अपने स्तर पर सीसीटीवी को लगवाए तो उनकी क्वालिटी बेहतर होने के साथ रख रखाव भी होगा। नगर निगम ने भी इस दिशा में काम किया था, लेकिन यह सब अधर में लटक गया।
गुरुद्वारा रोड के प्रधान सुरेश बवेजा ने बताया कि बाजार में प्रशासन की तरफ से कोई भी सीसीटीवी नहीं लगाया गया है। पहले गुरुद्वारा प्रबंधन द्वारा सीसीटीवी लगवाए गए थे, लेकिन गुरुद्वारा धंसने के बाद कैमरे भी हटा लिए गए हैं। अब बाजारों की सुरक्षा चौकीदार के सहारे चल रही है। प्रशासन और सरकार को इस दिशा में भी काम करना चाहिए।
शहर में सीसीटीवी लगाने का प्रपोजल पुलिस विभाग द्वारा भी बनाया गया था। इसको आला अफसरों के पास परमिशन के लिए भेजा गया है। इसकी परमिशन मिलते ही शहर में जरूरत के हिसाब से सीसीटीवी कैमरे लगवा दिए जाएंगे। पुलिस अपने स्तर पर गश्त कर रही है। शोरूम व दुकानदारों को सीसीटीवी लगवाए जा रहे हैं।
राहुल शर्मा, एसपी पानीपत।
नगर निगम खासकर कुछ चौक चौराहों पर सीसीटीवी लगाए जाने हैं। वे इसको लेकर लगातार प्रयास कर रहे हैं। इसका प्रस्ताव उच्चाधिकारियों को भेजा गया है। इसकी मंजूरी मिलते ही सीसीटीवी लगा दिए जाएंगे।
शिवप्रसाद शर्मा, कमिश्नर, नगर निगम पानीपत।
शहर में सीसीटीवी लगाने का प्रस्ताव पास किया गया है। शहर में अब तक सीसीटीवी कैमरे नहीं लगाए जा सके हैं। यह अधिकारियों के स्तर पर बरती गई लापरवाही है। हाउस की इस बार की मीटिंग में अधिकारियों से इसका कारण पूछा जाएगा।
सुरेश वर्मा, मेयर, नगर निगम, पानीपत।