फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Panipat News ›   B.Sc pass Amit took training in Kolkata, formed a gang in Patna

Panipat News: बीएससी पास अमित ने कोलकाता में ली ट्रेनिंग, पटना में बनाया गिरोह

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 16 Jan 2024 04:59 AM IST
विज्ञापन
B.Sc pass Amit took training in Kolkata, formed a gang in Patna
पानीपत। ऑनलाइन ठगी का मास्टरमाइंड बिहार के नालंदा जिले के कतरी सराय गांव का अमित कंप्यूटर साइंस में बीएससी पास है। उसको कंप्यूटर व साइट की अच्छी जानकारी है। उसने 2022 में कोलकाता में एक साइबर कंपनी में नौकरी भी की। यहीं उसको साइट बनाने व उसको सही से इस्तेमाल करने की पूरी जानकारी मिली थी। फिर इसने अपने दोस्त पटना के सूपौल गांव निवासी दीपक के साथ मिलकर लोगों से साइबर ठगी की योजना बनाई। इनके निशाने पर उद्योगपति व कारोबारी होते थे।
विज्ञापन

इन्होंने डिकैथलॉन स्पोर्ट्स कंपनी की वेबसाइट की कॉपी की। कंपनी का फर्जी लोगो तैयार किया। फर्जी वेबसाइट बनाकर उसे गूगल पर अपलोड भी कर दिया। इन्होंने कंपनी के नाम से गूगल को विज्ञापन भी दिए। इससे इनको फायदा ये हुआ कि जब भी कोई व्यक्ति डिकैथलॉन स्पोर्ट्स कंपनी की वेबसाइट को सर्च करता तो इनकी वेबसाइट सबसे ऊपर दिखाई देती थी। सब कुछ इनकी इच्छा के अनुसार ही होता था। लोग कंपनी की फ्रेंचाइजी लेने के लिए फर्जी वेबसाइट पर दिए मोबाइल नंबर पर संपर्क करते तो ये उनको विश्वास में लेकर ठगी की वारदातों को अंजाम देते थे।
विज्ञापन


बॉक्स
कंपनी से ठगी भी अमित के दिमाग की उपज

अमित को लोगों से ठगी करने का एक और आइडिया उपयोग में लाता था। उसने विकास के साथ मिलकर उपहार कूपन प्रिंट करवा लिए। बैंकों व कंपनियों की फर्जी मुहर भी बना ली। लोगों को झांसे में लेने के लिए इन्होंने पटना के लखी सराय क्षेत्र के कुलदीप व कतरी सराय के गांव चंदन को अपने पास काम पर रखा। ये लोगों को बातों में उलझाने में माहिर हैं। इनको 15-15 हजार रुपये मासिक वेतन पर नौकरी पर रखा गया। ये दोनों लोगों के पास टेलीकॉम कंपनी कर्मचारी बनकर कॉल करते थे। उन्हें टेलीकॉम कंपनियों का अच्छा ग्राहक बताकर ड्रा कूपन की स्कीम बताकर झांसे में लेते थे। ग्राहक को संतुष्ट करने के बाद उसका नाम पता पूछकर पते पर कोरियर से ड्रा कूपन के साथ फार्म भेजते। ग्राहक को कूपन को स्क्रेच करने की कहते। जैसे ही ग्राहक कूपन को स्क्रेच करता उसके नीचे कार व मोटरसाइकिल के फोटो नजर आते। इससे ग्राहकों को उन पर विश्वास हो जाता। फिर ये ठग ग्राहक को कॉल कर उन्हें कार व मोटरसाइकिल जैसे उपहारों की बधाई देते। आरोपी उपहारों का कागज कर विवरण अंकित कर एसबीआई बैंक की फर्जी मुहर लगाकर उसके पास वॉटसएप पर भेज देते। बैंक से राशि अप्रूवल होने की बात कहकर ग्राहक से 10 प्रतिशत टैक्स जमा करवाने की बात कहकर अपने खातें में पैसे डलवा लेते थे। इस प्रकार ये करोड़ों रुपये की ठगी की वारदातों को अंजाम दे चुके हैं। अब पुलिस इनसे रिमांड के दौरान जिन जिन राज्यों के लोगों के साथ ठगी की है उनके बारे में पूछताछ कर रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन



वर्जन-
एएसपी मयंक मिश्रा ने बताया कि अमित इस पूरी धोखाड़ी का मास्टर माइंड है। उसी ने ये गिरोह बनाया था। लोगों को बहकाने के लिए दो युवकों को ट्रेनिंग भी दी गई है। अब इनसे रिमांड के दौरान गहनता से पूछताछ की जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed