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खरीदारों की मंदी बोली से फीकी हुई बासमती की चमक
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पानीपत। खरीदारों की मंदी बोली से बासमती धान की चमक फीकी पड़ती जा रही है। बासमती धान के खरीदार तो मिल रहे हैं लेकिन अपेक्षानुरूप भाव नहीं मिल पा रहे। विदेशों में अपनी खुशबू बिखरने वाली भारतीय चावल की पहचान परंपरागत बासमती की कीमतों के 4500 से 5500 रुपये तक प्रति क्विंटल रहने की उम्मीदों को झटका लगा है। यह अधिकतम 3900 रुपये प्रति क्विंटल तक बिक रही है।
बासमती श्रेणी की किस्में 1718 व 1121 के भावों में तेजी को देखते हुए किसान उम्मीद कर रहे थे कि बासमती के भाव पांच हजार रुपये से अधिक रहेंगे लेकिन खरीदारों ने बोली 3800-3900 रुपये तक लगाई। इससे किसानों में नाराजगी है। सूत्रों की मानें तो विदेशों में बासमती चावल की मांग घटी है जिसकी वजह से खरीदार बासमती धान की खरीद में रुचि नहीं दिखा रहे। जानकारों की मानें तो यदि बासमती की मांग विदेशों में कम हुई है तो यह शुभ संकेत नहीं हैं।
5000 रुपये प्रति क्विंटल बिकने की थी उम्मीद
किसानों सुभाष चंद, गणपत, भीम सिंह, प्रदीप कुमार आदि ने बताया कि जिस तरह से धान की बाकी किस्मों की कीमतें मिल रही थीं, उसे देखते हुए बासमती के 4500 से 5500 रुपये प्रति क्विंटल तक बिकने की उम्मीदें थी। किसान भीम सिंह रोजड़ा ने कहा कि पिछले साल बासमती 4500 रुपये प्रति क्विंटल बिकी थी। इस बार जिस तरह से 1121 व अन्य किस्मों की कीमतें मिली हैं, उसे देखते हुए परंपरागत बासमती की कीमतें 5000 रुपये प्रति क्विंटल तक रहने की उम्मीदें थीं, लेकिन यह इस बार 1121 के बराबर बिक रही है। 1121 अधिकतम 3800 रुपये बिक चुकी है जबकि परंपरागत बासमती महज 3900 रुपये प्रति क्विंटल बिकी है।
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शुरुआती चरण में रहती हैं मंदी
सूत्रों की मानें तो खरीद के शुरुआती चरण में धान के भाव में मंदी रहती है। इस दौरान खरीदार के मन में एक ही सवाल होता है कि उसकी गाड़ी पूरी लोड होगी या नहीं। यदि खरीदार को लगता है कि धान की खरीद कम है तो भाव मंदा रखते हैं। आवक तेज होने और लोडिंग क्षमता पूरी होने के बाद ही खरीदार धान के भाव लगाता है। सूत्रों की मानें तो आगामी दिनों में बासमती के भाव पांच से साढे़ पांच हजार रुपये प्रति क्विंटल तक भी पहुंच सकते हैं। खरीदार व आवक दोनों की कम होने के कारण बासमती धान के भाव कम हैं।
वर्तमान में धान के भावों की स्थिति-
धान कंबाइन मजदूर
बासमती 3600-3700 3800-3900
1121 3300-3400 3500-3650
1718 3000-3200 3300-3450
किसानों को बासमती के भाव 4000 रुपये से अधिक कीमत मिलने की थी। बासमती धान एक्सपोर्ट होता है। विदेशों में अभी कोई बड़ी मांग नहीं है लेकिन निर्यात की दृष्टि से खरीदार बासमती की खरीद कर रहे हैं। पहले कीमतें ज्यादा रहने की उम्मीद थी लेकिन अब कीमतें अधिकतम 3900 रुपये प्रति क्विंटल तक मिल रही हैं। कंबाइन के लिए 3600 से 3700 रुपये प्रति क्विंटल ही कीमतें मिल रही हैं। इस धान की स्थानीय डिमांड न के बराबर है। जो है, वह विदेशों में है। विदेशों में निर्यात के लिए भी गिने-चुने खरीदार हैं। फिलहाल आवक कम होने से बासमती के भाव कम हैं। - धर्मवीर मलिक, प्रधान, आढ़ती एसोसिएशन, पानीपत।
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बासमती श्रेणी की किस्में 1718 व 1121 के भावों में तेजी को देखते हुए किसान उम्मीद कर रहे थे कि बासमती के भाव पांच हजार रुपये से अधिक रहेंगे लेकिन खरीदारों ने बोली 3800-3900 रुपये तक लगाई। इससे किसानों में नाराजगी है। सूत्रों की मानें तो विदेशों में बासमती चावल की मांग घटी है जिसकी वजह से खरीदार बासमती धान की खरीद में रुचि नहीं दिखा रहे। जानकारों की मानें तो यदि बासमती की मांग विदेशों में कम हुई है तो यह शुभ संकेत नहीं हैं।
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5000 रुपये प्रति क्विंटल बिकने की थी उम्मीद
किसानों सुभाष चंद, गणपत, भीम सिंह, प्रदीप कुमार आदि ने बताया कि जिस तरह से धान की बाकी किस्मों की कीमतें मिल रही थीं, उसे देखते हुए बासमती के 4500 से 5500 रुपये प्रति क्विंटल तक बिकने की उम्मीदें थी। किसान भीम सिंह रोजड़ा ने कहा कि पिछले साल बासमती 4500 रुपये प्रति क्विंटल बिकी थी। इस बार जिस तरह से 1121 व अन्य किस्मों की कीमतें मिली हैं, उसे देखते हुए परंपरागत बासमती की कीमतें 5000 रुपये प्रति क्विंटल तक रहने की उम्मीदें थीं, लेकिन यह इस बार 1121 के बराबर बिक रही है। 1121 अधिकतम 3800 रुपये बिक चुकी है जबकि परंपरागत बासमती महज 3900 रुपये प्रति क्विंटल बिकी है।
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शुरुआती चरण में रहती हैं मंदी
सूत्रों की मानें तो खरीद के शुरुआती चरण में धान के भाव में मंदी रहती है। इस दौरान खरीदार के मन में एक ही सवाल होता है कि उसकी गाड़ी पूरी लोड होगी या नहीं। यदि खरीदार को लगता है कि धान की खरीद कम है तो भाव मंदा रखते हैं। आवक तेज होने और लोडिंग क्षमता पूरी होने के बाद ही खरीदार धान के भाव लगाता है। सूत्रों की मानें तो आगामी दिनों में बासमती के भाव पांच से साढे़ पांच हजार रुपये प्रति क्विंटल तक भी पहुंच सकते हैं। खरीदार व आवक दोनों की कम होने के कारण बासमती धान के भाव कम हैं।
वर्तमान में धान के भावों की स्थिति-
धान कंबाइन मजदूर
बासमती 3600-3700 3800-3900
1121 3300-3400 3500-3650
1718 3000-3200 3300-3450
किसानों को बासमती के भाव 4000 रुपये से अधिक कीमत मिलने की थी। बासमती धान एक्सपोर्ट होता है। विदेशों में अभी कोई बड़ी मांग नहीं है लेकिन निर्यात की दृष्टि से खरीदार बासमती की खरीद कर रहे हैं। पहले कीमतें ज्यादा रहने की उम्मीद थी लेकिन अब कीमतें अधिकतम 3900 रुपये प्रति क्विंटल तक मिल रही हैं। कंबाइन के लिए 3600 से 3700 रुपये प्रति क्विंटल ही कीमतें मिल रही हैं। इस धान की स्थानीय डिमांड न के बराबर है। जो है, वह विदेशों में है। विदेशों में निर्यात के लिए भी गिने-चुने खरीदार हैं। फिलहाल आवक कम होने से बासमती के भाव कम हैं। - धर्मवीर मलिक, प्रधान, आढ़ती एसोसिएशन, पानीपत।