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बुजुर्ग युवाओं ने ऑपन नेशनल में दिखाया जोश,जीते पदक

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 22 Jun 2022 02:30 AM IST
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Attack twice and even Corona could not stop the spirit of winning gold
पानीपत। दो बार हार्ट अटैक और कोरोना भी इंद्र सिंह मलिक को सोना जीतने से नहीं रोक सका। 65 वर्षीय खिलाड़ी मलिक ने खेलने का जज्बा नहीं छोड़ा और गुजरात में आयोजित पहली नेशनल ओपन एथलेटिक्स में शॉटपुट इवेंट में स्वर्ण पदक जीत कर लौटे।
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उन्होंने बताया कि स्कूल और कॉलेज के समय कबड्डी खेलते थे। उस समय खेल में प्रोत्साहन नहीं मिला तो खेलना छोड़ दिया। 35 साल बाद गांव वासी बल्लभ के कहने पर दोबारा खेलना शुरू किया। इस बार शॉटपुट थ्रो में हाथ आजमाया। इस बीच वह काफी बीमार भी हुए लेकिन खेलना नहीं छोड़ा। इंद्र सिंह मलिक की तरह ही छह और खिलाड़ियों ने उम्रदराज होते हुए भी प्रतियोगिता में हिस्सा लिया और पदक जीतकर वापस लौटे हैं।
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70 वर्षीय इंद्र सिंह ने ऊंची कूद में जीता स्वर्ण
70 वर्षीय इंद्र सिंह ने बचपन से आज तक कभी खेलना बंद नहीं किया, जिसकी बदौलत उन्होंने 70 साल की उम्र में ऊंची कूद में स्वर्ण पदक जीता। इंद्र सिंह पहले शुगर मिल में सिक्योरिटी ऑफिसर थे। रिटायर होने के बाद भी वह खेलते रहे। इंद्र अब भी चार बजे सुबह उठकर दौड़ लगाते हैं और योग करते हैं।
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40 साल की उम्र में खेलना किया शुरू, पांच साल बाद जीता पदक
40 साल की उम्र में सुरेश जागलान ने खेलना शुरू किया और अब 50 वर्ष की उम्र में राष्ट्रीय एथलेटिक्स चैंपियनशिप में पांच हजार मीटर और 1500 मीटर दौड़ में रजत पदक जीता। इसराना के रहने वाले सुरेश ने बताया कि उन्होंने 40 साल की उम्र में 10 साल पहले खेलना शुरू किया। शुरुआत के पांच साल में उन्होंने कई पदक जीते। इसके बाद उन्होंने खेलना बंद कर अपने कार मैकेनिक के काम को प्राथमिकता दी। पांच साल बाद जब उन्होंने दोबारा नेशनल चैंपियनशिप में दौड़ लगाई तो दो रजत पदक जीते।
रिटायर होने के बाद 75 साल की उम्र में खेलना किया शुरू
दर्शना देवी ने 80 साल की उम्र में जेवलिन थ्रो कर नेशनल चैंपियनशिप में रजत पदक जीता। दर्शना देवी जेबीटी टीचर थीं। रिटायर होने के 15 साल बाद 2017 में उन्होंने फिट होने के लिए दौड़ लगाना और खेलना शुरू किया। 2018 में उन्होंने जेवलिन थ्रो खेल को चुना और पिछले चार साल तक अभ्यास के बाद नेशनल में रजत पदक जीता। दर्शना ने बताया कि वह खुद को स्वस्थ रखने के लिए खेलती है।

दिलबाग ने रजत और ओमप्रकाश ने जीता स्वर्ण
कुश्ती संघ के सरंक्षक 45 वर्षीय दिलबाग सिंह खर्ब ने शॉटपुट में ओपन नेशनल चैंपियनशिप में भाग लेकर रजत पदक जीता। दिलबाग सिंह बचपन से ही अलग-अलग खेल खेलते हैं। साथ ही युवाओं को खेलने के लिए भी प्रोत्साहित करते हैं। 62 वर्षीय ओमप्रकाश यादव ने उम्र को दरकिनार कर नेशनल एथलेटिक्स चैंपियनशिप में ट्रिपल जंप में भाग लिया। इसमें उन्होंने लंबी कूद में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर स्वर्ण पदक जीता। ओमप्रकाश रोजाना दो से तीन घंटे अलग-अलग खेल का अभ्यास करते हैं और युवाओं को खेलने के लिए प्रोत्साहित करते हैं।
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