फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Mahendragarh/Narnaul News ›   Security guard committed suicide by hanging himself due to mental harassment

महेंद्रगढ़-नारनौल: मानसिक रूप से परेशान करने पर सिक्योरिटी गार्ड ने फंदा लगाकर की आत्महत्या

Sat, 18 Feb 2023 11:02 PM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल Updated Sat, 18 Feb 2023 11:02 PM IST
विज्ञापन
Security guard committed suicide by hanging himself due to mental harassment
मंडी अटेली। मंडी अटेली के गांव भोडी की बणी में गांव दुलोठ जाट निवासी एक व्यक्ति ने फंदा लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। मृतक के पास सुसाइड नोट भी मिला है। मृतक राजस्थान के शहर भिवाड़ी में सिक्योरिटी गार्ड के पद पर कार्यरत था। पुलिस ने परिजनों के बयान के आधार पर कार्रवाई कर शव का नारनौल के नागरिक अस्पताल से पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया। मृतक के पास मिले सुसाइड नोट में उसने कुछ लोगों द्वारा उसे मानसिक रूप परेशान करने का आरोप लगाया है। साथ ही उसका सामान बरामद करने की मांग की है।
विज्ञापन

पुलिस को दी शिकायत में मृतक के बेटे हरकेश ने बताया कि वे दो भाई व दो बहने हैं। दोनों बहनों की शादी हो चुकी है। उनकी माता की 2003 में बीमारी के कारण मौत हो चुकी है। उनके पिता सत्यवीर 18 व 19 साल से भिवाड़ी में सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करते थे। उनके पिता काफी समय से उनकी ताई चंद्रकला के साथ भिवाड़ी के गांव मिलकपुर में रह रहे थे। 15 फरवरी को सुबह उनके पिता घर पर आए थे और शाम को बिना बताए चले गए। गत वीरवार को उसे सूचना मिली कि उनके पिता ने गांव भोडी की बणी में फंदा लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली है। उनके पिता के पास एक सुसाइड नोट भी मिला है। सुसाइड नोट के अनुसार उसके पिता की मौत के जिम्मेदार चंद्रकला निवासी दुलोठ जाट, कैलाश देवी गांव मिलकपुर (भिवाड़ी) राजस्थान, चंद्रकला की बहन का पति व बल्लो गुजर निवासी मिलकपुर हैं, क्योंकि उनके पिता ने इन्हीं लोगों से तंग आकर सुसाइड किया है। पुलिस ने बेटे की शिकायत पर इन लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
विज्ञापन


मुझे माफ करने देना, बच्चों मैं तुम्हें प्यार नहीं दे सका
सुसाइड नोट में मृतक ने लिखा है कि मैं चारों बच्चों का गुनहगार हूं, जोकि मैं आपको अपना प्यार नहीं दे सका। मुझे माफ कर देना। शायद इतने दिन की जिंदगी थी मेरी। आप चिंता मत करना। मेरे बच्चों और गांवों वालों में से किसी को परेशान न किया जाए। दोषियों के नाम मैंने लिख रखे हैं। उनके खिलाफ मामला दर्ज किया जाए और चंद्रकला को जल्द उनके चंगुल से छुड़वाया जाए। मेरी आखिरी इच्छा पूरी की जाए ताकि मेरी आत्मा को शांति मिल सके। मैं आखिरी बार रोते हुए लिख रहा हूं कि भिवाड़ी के गांव मिलकपुर में मुझे बहुत ज्यादा टाॅर्चर किया गया। इससे मैं मानसिक रूप से परेशान रहने लगा। इसके चलते मैं यहां आया हूं। चंद्रकला को जल्द छुड़वाया जाए और मेरा सामान बरामद कर दोषियों के खिलाफ मामला दर्ज किया जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन

सुसाइड नोट में परिवार की जान को भी बताया खतरा
मृतक ने अपने सुसाइड नोट में अपने परिवार की जान को भी खतरा बताया है। उसने लिखा है कि मामला सामने आने के बाद अब इन लोगों से उसके परिवार को जान का खतरा हो सकता है। चंद्रकला और बाकी लोग उसके परिवार को मरवा सकते हैं। उसके दोनों लड़के कंवारे हैं।


आखिरी इच्छा पूरी करने की बात लिखी
मृतक सत्यवीर ने सुसाइड नोट में अपनी आखिरी इच्छा भी जताई है। इसमें उसने उसके शव को चंद्रकला को दिखाने की बात कही है। उसने लिखा है कि जब तक चंद्रकला उसके शव को नहीं देख ले, तब तक उसके शव का अंतिम संस्कार नहीं किया जाए। मृतक ने सुसाइड नोट में इस बात पर दुख जताया है कि जो शरीर इतनी पीड़ा से उसकी मां ने उसे दिया, वह शरीर को अब मिट्टी में मिला रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed