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Mahendragarh-Narnaul News: मारपीट-अपहरण के आरोपी की अग्रिम जमानत अर्जी फिर खारिज
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नारनौल। मारपीट और अपहरण के मामले में एडीजे नितिन राज की अदालत ने आरोपी प्रदीप की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी। इससे पहले भी उसकी जमानत याचिका अदालत से खारिज हो चुकी थी। यह मामला 18 मई को अटेली थाना में दर्ज किया गया था।
शिकायतकर्ता नीलेश के अनुसार, 17 मई की रात करीब 10:30 बजे वह अपने दोस्तों कृष्ण, राजपाल और संजीत के साथ खेत में मौजूद था। तभी काले रंग की कार में आए दो लोगों ने वहां होने का कारण पूछा और गाली-गलौज शुरू कर दी। बाद में उन्होंने अंकित, आरडी और साहिल को बुला लिया जिसके बाद सभी ने मिलकर मारपीट की।
शिकायत में बताया गया कि रात करीब 1:30 बजे आरोपी दोबारा मौके पर पहुंचे। बातचीत के बहाने नीलेश को बुलाया गया और प्रदीप ने कार से उसे कुचलने की कोशिश की। इसके बाद प्रदीप, अंकित, अमित और दो अन्य लोगों ने उसकी पिटाई की, उसे जबरन कार में बैठाया और कुछ दूरी पर ले जाकर फेंक दिया।
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अदालत ने कहा कि वारदात में इस्तेमाल कार की बरामदगी और आरोपी से हिरासत में पूछताछ जरूरी है। अदालत ने यह भी माना कि आरोपी के खिलाफ पहले से 21 एफआईआर दर्ज हैं। ऐसे में जमानत मिलने पर वह जांच को प्रभावित कर सकता है या कानूनी प्रक्रिया से बचने की कोशिश कर सकता है। याचिका खारिज कर दी गई। संवाद
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शिकायतकर्ता नीलेश के अनुसार, 17 मई की रात करीब 10:30 बजे वह अपने दोस्तों कृष्ण, राजपाल और संजीत के साथ खेत में मौजूद था। तभी काले रंग की कार में आए दो लोगों ने वहां होने का कारण पूछा और गाली-गलौज शुरू कर दी। बाद में उन्होंने अंकित, आरडी और साहिल को बुला लिया जिसके बाद सभी ने मिलकर मारपीट की।
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शिकायत में बताया गया कि रात करीब 1:30 बजे आरोपी दोबारा मौके पर पहुंचे। बातचीत के बहाने नीलेश को बुलाया गया और प्रदीप ने कार से उसे कुचलने की कोशिश की। इसके बाद प्रदीप, अंकित, अमित और दो अन्य लोगों ने उसकी पिटाई की, उसे जबरन कार में बैठाया और कुछ दूरी पर ले जाकर फेंक दिया।
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अदालत ने कहा कि वारदात में इस्तेमाल कार की बरामदगी और आरोपी से हिरासत में पूछताछ जरूरी है। अदालत ने यह भी माना कि आरोपी के खिलाफ पहले से 21 एफआईआर दर्ज हैं। ऐसे में जमानत मिलने पर वह जांच को प्रभावित कर सकता है या कानूनी प्रक्रिया से बचने की कोशिश कर सकता है। याचिका खारिज कर दी गई। संवाद