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जाट आरक्षण के दोषियों की जेब हो नुकसान की भरपाई
नारनाैल ब्यूरो
Updated Fri, 26 Feb 2016 11:43 PM IST
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नारनौल। जाट आरक्षण आंदोलन के नाम पर उपद्रवियों द्वारा हरियाणा में मचाई लूटपाट व आगजनी के विरोध में बार एसोसिएशन नारनौल के अधिवक्ताओं ने शुक्रवार को वर्क सस्पेंड कर अपना रोष जताया। अधिवक्ताओं ने सर्वसम्मति से प्रस्ताव पास कर पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट, चंडीगढ़ के मुख्य न्यायाधीश और हरियाणा के मुख्यमंत्री को आरक्षण की आड़ में लूटपाट व आगजनी करने वाले दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर दोषियों के जेब से ही नुकसान की भरपाई करवाए जाने की मांग की है। बार एसोसिएशन के प्रधान बीएस राव ने कहा कि जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान उपद्रवियों ने प्रदेश के कई जिलों में सरेआम सड़कों पर लाठी और डंडे लहराकर व्यापारिक प्रतिष्ठानों, दुकानों, ढाबों, होटलों में जमकर लूटपाट मचाई है। लूटपाट के बाद उपद्रवियों ने प्रतिष्ठानों, दुकानों, होटलों को आग के हवाले कर दिया। इतना ही नहीं उपद्रवियों ने सरकारी संपत्ति, घरों, पेट्रोल पंपों, बस अड्डों पर भी आग लगा दी। इस घटना के चलते प्रदेश को हजारों करोड़ का नुकसान पहुंचा है। उन्होंने बताया कि इस पूरे जाट आंदोलन में पुलिस प्रशासन ने भी उपद्रवियों का साथ दिया है। सरकार उपद्रवी व उनका साथ देने वाले लोगों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई करे।
बार एसोसिएशन के प्रधान बीएस राव ने बताया कि लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए वर्क सस्पेंड के बावजूद आम लोगों के छोटे-छोटे कार्य निपटाए गए, लेकिन वर्क सस्पेंड के चलते कोई भी अधिवक्ता अदालत में उपस्थित नहीं हुए।
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बार एसोसिएशन के प्रधान बीएस राव ने बताया कि लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए वर्क सस्पेंड के बावजूद आम लोगों के छोटे-छोटे कार्य निपटाए गए, लेकिन वर्क सस्पेंड के चलते कोई भी अधिवक्ता अदालत में उपस्थित नहीं हुए।
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