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आठ में से दो टैंपू कंडम, एक मरम्मत के लिए गया, शहर में नहीं हो रहा सही से कूड़े का उठान
Updated Mon, 09 Jul 2018 06:28 PM IST
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कचरा उठाने वाले आठ में से दो टैंपो कंडम, शहर में लगे कूड़े के ढेर
अमर उजाला ब्यूरो
नारनौल। शहर में इन दिनों जगह-जगह कूड़े के ढेर लगे हुए हैं। सफाई कर्मचारी तो सफाई करते हैं लेकिन कूड़ा एकत्र कर एक जगह छोड़ देते हैं। कूड़े का उठान न होने के कारण कहीं पर तीन तो कहीं पर चार दिन से पड़ा हुआ है। चार दिन पूर्व उठान न होने से मनिहारी गली के लोगों ने इसका विरोध भी किया था। वहीं कूड़े करकट का सही उठान न होने के कारण लोग परेशान हैं।
शहर में कचरा उठान के लिए नगर परिषद के पास आठ छोटे टैंपो हैं। इन सभी टैंपू की हालत कई दिनों से खराब पड़ी हुई है। कभी कोई टैंपो खराब हो जाता है तो कभी कोई। जिसके कारण शहर की सफाई व्यवस्था चरमराई हुई है। इन आठ टैंपू में से दो टैंपू तो बिल्कुल कंडम हो चुके हैं। वहीं एक टैंपू हमेशा मरम्मत के लिए खड़ा रहता है। ऐसे में शहर का कचरा उठाने का कार्य केवल पांच ही टैंपू कर पा रहे हैं। जो शहर के बाजारों व तंग गलियों में जाकर कचरा उठाते हैं। पांच ही टैंपू द्वारा शहर का कचरा उठान का कार्य करने से शहर में अनेक जगह गंदगी के ढेर लगे हुए हैं। कई गलियों में तो उठान हुए ही कई दिन हो गए।
उल्लेखनीय है कि शहर में कचरा उठान के लिए आठ छोटे टैंपू के अलावा सात ट्रैक्टर ट्राली हैं। ट्रैक्टर ट्रालियों की हालत भी खराब ही है। ये ट्रैक्टर ट्राली शहर के मुख्य मार्गों व बड़ी गलियों से कचरा उठाती हैं। लेकिन शहर के अंदर जाने के लिए टैंपो की आवश्यकता होती है, जो अभी पूरे नहीं हैं।
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शहर की करीब एक लाख की आबादी है। ऐसे में आठ टैंपो पर्याप्त नहीं हैं। हालांकि नप के अधिकारियों का कहना है कि शहर के अंदर कचरा उठान के लिए पांच पिकअप की डिमांड की हुई है।
शहर में जगह-जगह गंदगी के ढेर लगे हुए हैं। नगर परिषद इस ओर कोई ध्यान नहीं दे रही है। अगर टैंपो आदि खराब है तो उसे ठीक करवाया जाना चाहिए।
-लोकेश सैनी
बाजारों में सही साफ-सफाई नहीं हो रही है। हर ओर गंदगी फैली रहती है। रविवार को तो कोई सफाई कर्मचारी भी नहीं आता। चार-चार दिन तक उठान न होने से कचरा जमा रहता है।
-नवीन यादव, व्यापारी
शहर में कचरा उठाने के लिए अभी अन्य वाहनों की आवश्यकता है। पांच पिकअप जल्दी ही खरीदे जाएंगे। इनका एस्टीमेट बनाया हुआ है। दो टैंपू तो कंडम हो चुके हैं। अन्य को ठीक करवा जल्द ही समस्या का समाधान किया जाएगा।
आनंद मलिक, सफाई निरीक्षक, नारनौल।
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अमर उजाला ब्यूरो
नारनौल। शहर में इन दिनों जगह-जगह कूड़े के ढेर लगे हुए हैं। सफाई कर्मचारी तो सफाई करते हैं लेकिन कूड़ा एकत्र कर एक जगह छोड़ देते हैं। कूड़े का उठान न होने के कारण कहीं पर तीन तो कहीं पर चार दिन से पड़ा हुआ है। चार दिन पूर्व उठान न होने से मनिहारी गली के लोगों ने इसका विरोध भी किया था। वहीं कूड़े करकट का सही उठान न होने के कारण लोग परेशान हैं।
शहर में कचरा उठान के लिए नगर परिषद के पास आठ छोटे टैंपो हैं। इन सभी टैंपू की हालत कई दिनों से खराब पड़ी हुई है। कभी कोई टैंपो खराब हो जाता है तो कभी कोई। जिसके कारण शहर की सफाई व्यवस्था चरमराई हुई है। इन आठ टैंपू में से दो टैंपू तो बिल्कुल कंडम हो चुके हैं। वहीं एक टैंपू हमेशा मरम्मत के लिए खड़ा रहता है। ऐसे में शहर का कचरा उठाने का कार्य केवल पांच ही टैंपू कर पा रहे हैं। जो शहर के बाजारों व तंग गलियों में जाकर कचरा उठाते हैं। पांच ही टैंपू द्वारा शहर का कचरा उठान का कार्य करने से शहर में अनेक जगह गंदगी के ढेर लगे हुए हैं। कई गलियों में तो उठान हुए ही कई दिन हो गए।
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उल्लेखनीय है कि शहर में कचरा उठान के लिए आठ छोटे टैंपू के अलावा सात ट्रैक्टर ट्राली हैं। ट्रैक्टर ट्रालियों की हालत भी खराब ही है। ये ट्रैक्टर ट्राली शहर के मुख्य मार्गों व बड़ी गलियों से कचरा उठाती हैं। लेकिन शहर के अंदर जाने के लिए टैंपो की आवश्यकता होती है, जो अभी पूरे नहीं हैं।
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शहर की करीब एक लाख की आबादी है। ऐसे में आठ टैंपो पर्याप्त नहीं हैं। हालांकि नप के अधिकारियों का कहना है कि शहर के अंदर कचरा उठान के लिए पांच पिकअप की डिमांड की हुई है।
शहर में जगह-जगह गंदगी के ढेर लगे हुए हैं। नगर परिषद इस ओर कोई ध्यान नहीं दे रही है। अगर टैंपो आदि खराब है तो उसे ठीक करवाया जाना चाहिए।
-लोकेश सैनी
बाजारों में सही साफ-सफाई नहीं हो रही है। हर ओर गंदगी फैली रहती है। रविवार को तो कोई सफाई कर्मचारी भी नहीं आता। चार-चार दिन तक उठान न होने से कचरा जमा रहता है।
-नवीन यादव, व्यापारी
शहर में कचरा उठाने के लिए अभी अन्य वाहनों की आवश्यकता है। पांच पिकअप जल्दी ही खरीदे जाएंगे। इनका एस्टीमेट बनाया हुआ है। दो टैंपू तो कंडम हो चुके हैं। अन्य को ठीक करवा जल्द ही समस्या का समाधान किया जाएगा।
आनंद मलिक, सफाई निरीक्षक, नारनौल।