{"_id":"6a3d86d49ea2a51a0005657c","slug":"scorching-heat-farmers-transplanting-paddy-are-worried-kurukshetra-news-c-45-1-kur1001-156903-2026-06-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kurukshetra News: सता रही गर्मी... धान की रोपाई करने वाले किसान चिंतित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kurukshetra News: सता रही गर्मी... धान की रोपाई करने वाले किसान चिंतित
विज्ञापन
कुरुक्षेत्र। तपती दोपहर के बीच ब्रह्मसरोवर की मुख्य सड़क से गुजरता बुजुर्ग पर्यटक। संवाद
कुरुक्षेत्र। पिछले तीन दिन से गर्मी फिर से झुलसाने लगी है। वीरवार को फिर से तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की गई, जिसके चलते अधिकतम तापमान 38 डिग्री तक दर्ज किया गया तो वहीं न्यूनतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस रहा।
अगले तीन दिन तक मौसम ऐसे ही रहने व तापमान 39 डिग्री सेल्सियस से भी अधिक तक पहुंचने की उम्मीद जताई जा रही है। बढ़ती गर्मी के बीच किसान चिंतित होने लगे हैं। रोपाई किए जा चुके खेत सूख रहे हैं। किसानों को बारिश का इंतजार है।
वहीं बारिश न होने व गर्मी बढ़ने का असर अब रोपाई कार्य पर भी दिखाई देने लगा है। किसानों ने रोपाई काय से हाथ खींचने शुरू कर दिए हैं। पहले ही रोपाई किए गए खेतों में पानी का संकट दिखाई पड़ने लगा है। अमीन के राजीव कुमार, सुरजीत सिंह का कहना है कि अभी तक रोपाई किए जा चुके खेतों में पानी सूख रहा है, ऐसे में आगे धान की रोपाई करना चिंता का विषय बन रहा है। बारिश हुई तो बड़ी राहत मिल पाएगी।
विज्ञापन
कृषि विशेषज्ञ डॉ. कर्मचंद का कहना है कि अभी कई दिन तक गर्मी व तेज धूप रहने की संभावना है। किसानों को मौसम के अनुसार ही धान रोपाई का कार्य करना चाहिए। रोपी गई धान में तेज गर्म पानी नुकसान पहुंचा सकता है। हर रोज कुछ पानी अवश्य दें। उधर, बागवानी विशेषज्ञ डॉ. सीबी सिंह का कहना है कि तेज गर्मी का सब्जी की फसलों पर विपरीत असर पड़ने की संभावना है। ऐसे में किसानों को अधिक सतर्क रहते हुए विशेषज्ञों के संपर्क में रहना चाहिए।
विज्ञापन
अगले तीन दिन तक मौसम ऐसे ही रहने व तापमान 39 डिग्री सेल्सियस से भी अधिक तक पहुंचने की उम्मीद जताई जा रही है। बढ़ती गर्मी के बीच किसान चिंतित होने लगे हैं। रोपाई किए जा चुके खेत सूख रहे हैं। किसानों को बारिश का इंतजार है।
विज्ञापन
वहीं बारिश न होने व गर्मी बढ़ने का असर अब रोपाई कार्य पर भी दिखाई देने लगा है। किसानों ने रोपाई काय से हाथ खींचने शुरू कर दिए हैं। पहले ही रोपाई किए गए खेतों में पानी का संकट दिखाई पड़ने लगा है। अमीन के राजीव कुमार, सुरजीत सिंह का कहना है कि अभी तक रोपाई किए जा चुके खेतों में पानी सूख रहा है, ऐसे में आगे धान की रोपाई करना चिंता का विषय बन रहा है। बारिश हुई तो बड़ी राहत मिल पाएगी।
विज्ञापन
कृषि विशेषज्ञ डॉ. कर्मचंद का कहना है कि अभी कई दिन तक गर्मी व तेज धूप रहने की संभावना है। किसानों को मौसम के अनुसार ही धान रोपाई का कार्य करना चाहिए। रोपी गई धान में तेज गर्म पानी नुकसान पहुंचा सकता है। हर रोज कुछ पानी अवश्य दें। उधर, बागवानी विशेषज्ञ डॉ. सीबी सिंह का कहना है कि तेज गर्मी का सब्जी की फसलों पर विपरीत असर पड़ने की संभावना है। ऐसे में किसानों को अधिक सतर्क रहते हुए विशेषज्ञों के संपर्क में रहना चाहिए।